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सड़क बनी नहीं, करोड़ों का हुआ भुगतान
ब्यूरो/ अमर उजाला/ मिर्जापुर
Updated Tue, 03 Jan 2017 12:28 AM IST
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सड़क हादसा
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जमुई से अहरौरा तक सवा 19 किलोमीटर मार्ग के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ बनाने के काम का शिलान्यास छह महीने पहले किया गया था। छह महीने में सड़क तो सौ मीटर भी नहीं बनी लेकिन करोड़ों रुपये का भुगतान जरूर हो गया।
अहरौरा से जमुई मार्ग निर्माण के चौड़ीकरण और निर्माण के काम को शासन ने केंद्रीय मार्ग निधि योजना के तहत वर्ष 2015-16 में मंजूरी दी। इसके लिए 43 करोड़ 65 लाख रुपये से अधिक की धनराशि जारी कर कर दी गई। प्रदेश के लोक निर्माण राज्यमंत्री सुरेंद्र पटेल ने 21 जून 2016 को जमुआ बाजार में आयोजित कार्यक्रम में इसका शिलान्यास किया।
मार्ग निर्माण लोक निर्माण विभाग को सौंपा गया था। योजना के तहत जमुई से चुनार तक सड़क की चौड़ाई तीन मीटर सेे बढ़ा कर सात मीटर की जानी है जबकि जमुई से अहरौरा तक सात मीटर की सड़क तथा पटरी चौड़ीकरण किया जाना है। सिकंदरपुर के मध्य नदी पर पुल तथा सोनबरसा नहर पर आरसीसी की ढलाई भी होगी।
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शिलान्यास के छह माह बीत जाने के बाद भी इस पर काम शुरू भी नहीं हो सका है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक लगभग एक पखवारे पूर्व बिना कार्य कराए ही करोड़ाें रुपये का भुगतान कार्यदायी संस्था को कर दिया गया। लोगाें ने मामले की जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।
अहरौरा से जमुई मार्ग निर्माण के चौड़ीकरण और निर्माण के काम को शासन ने केंद्रीय मार्ग निधि योजना के तहत वर्ष 2015-16 में मंजूरी दी। इसके लिए 43 करोड़ 65 लाख रुपये से अधिक की धनराशि जारी कर कर दी गई। प्रदेश के लोक निर्माण राज्यमंत्री सुरेंद्र पटेल ने 21 जून 2016 को जमुआ बाजार में आयोजित कार्यक्रम में इसका शिलान्यास किया।
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मार्ग निर्माण लोक निर्माण विभाग को सौंपा गया था। योजना के तहत जमुई से चुनार तक सड़क की चौड़ाई तीन मीटर सेे बढ़ा कर सात मीटर की जानी है जबकि जमुई से अहरौरा तक सात मीटर की सड़क तथा पटरी चौड़ीकरण किया जाना है। सिकंदरपुर के मध्य नदी पर पुल तथा सोनबरसा नहर पर आरसीसी की ढलाई भी होगी।
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शिलान्यास के छह माह बीत जाने के बाद भी इस पर काम शुरू भी नहीं हो सका है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक लगभग एक पखवारे पूर्व बिना कार्य कराए ही करोड़ाें रुपये का भुगतान कार्यदायी संस्था को कर दिया गया। लोगाें ने मामले की जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।