गोताखोरों ने मिर्जापुर से चुनार तक लगाए गोते, नहीं मिले डॉक्टर त्रिपाठी
- दो दिन पहले भटौली पुल के पास से लापता हुए डाक्टर की खोज में लगी है पुलिस
- तीन दिनों से गोताखोर और दो दिनों से एनडीआएफ की टीम कर रही खोजबीन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मिर्जापुर देहात कोतवाली के भटौली पुल के पास से लापता मंडलीय अस्पताल के डाक्टर जेपी त्रिपाठी का तीसरे दिन सोमवार को भी पता नहीं चला। दोपहर में पुलिस अधीक्षक, एएसपी, सीएमओ ने घाट पर पहुंच कर खोजबीन अभियान का जायजा लिया। इसके बाद एएसपी सिटी ने उनकी पत्नी, पुत्र और चालक से पूछताछ की। गंगा में तलाश के साथ ही पुलिस आसपास के गांवों में भी जानकारी ले रही।
मंडलीय अस्पताल में तैनात डॉ. जेपी त्रिपाठी शनिवार को मिर्जापुर मंडलीय अस्पताल ड्यूटी करने आ रहे थे। भटौली पुल पर कार खड़ी कराकर शौच के लिए उतरे और लापता हो गए। सोमवार की सुबह से ही एनडीआरएफ और पीएसी के गोताखोर मिर्जापुर से चुनार तक खोजबीन की, पर डाक्टर का पता नहीं चल सका। पुलिस अधीक्षक अजय कुमार सिंह, एएसपी सिटी संजय कुमार और सीएमओ डॉ. ओपी तिवारी सोमवार को भटौली घाट पर पहुंचे।
अधिकारियों ने खोजबीन अभियान का जायजा लिया। एएसपी सिटी ने बताया कि गंगा में डूबने की आशंका पर खोजबीन की जा रही है। पीएसी और एनडीआरएफ की टीमें ती स्टीमर से चुनार तक खोजबीन किया। नरायनपुर में गंगा मुड़ी है। कई बार लोग वहां पर फंसे मिले है।
टीम ने वहां तक खोजबीन किया। गंगा नदी के अलावा गांव में भी कांबिंग कर खोजबीन की गई। इसके अलावा डाक्टर की पत्नी, पुत्र और चालक से भी पूछताछ किया। पत्नी ने बताया कि वे मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे। शांति के लिए कहीं गए होंगे।
मंदिर और मठों में हो रही खोजबीन
एएसपी सिटी संजय कुमार ने बताया कि परिवार से पूछताछ के बाद पता चला कि वे मानसिक रूप से परेशान थे। मानसिक रूप से परेशान व्यक्ति मंदिर और मठों में जाता है। पूछताछ में पत्नी ने भी बताया कि वे मानसिक रूप से परेशान थे।
शांति के लिए कहीं गए होंगे। इसे देखते हुए जिले के सक्तेशगढ़ के अंगड़ानंद आश्रम से विंध्याचल के देवरहा आश्रम में खोजबीन कराया गया। इसके विंध्याचल मंदिर और अन्य मंदिर और मठों में खोजबीन कराया गया।
चालक का भी पता कराया जा रहा इतिहास
डाक्टर के साथ अंतिम बार उनका चालक पवन ही उनके साथ था। उसने ही पुलिस और परिवार को बताया कि वह शौच के लिए नीचे उतरे और लापता हो गए। आशंका वश पुलिस गंगा में तीन दिनों से खोजबीन कर रही है, पर डाक्टर के पता नहीं चल सका। इसके बाद पुलिस ने सोमवार को चालक पवन से पूछताछ किया।
साथ ही उसके पैतृक गांव से भी उसका इतिहास पता कराया जा रहा है। एएसपी सिटी संजय ने बताया कि चालक रायबरेली जिले के लालगंज बैसवारा के सरैनी का निवासी है। वहां की पुलिस से उसके बारे में पता कराया जा रहा है। जिससे उसके बारे में पता चल सके। डाक्टर के बारे में कोई सुराग मिल सके।