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फिर धंसी पीपा पुल की बल्ली, आवागमन बाधित
ब्यूरो मिर्जापुर
Updated Sat, 02 May 2015 01:01 AM IST
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भटौली पीपा पुल की बल्ली के एक बार फिर धंसने से गुरुवार की रात पुल पर आवागमन पूरी तरह से बाधित हो गया। जानकारी होने पर ठेकेदार के कर्मी पुल की मरम्मत करने के लिए पहुंच गए लेकिन शुक्रवार की देर रात तक कार्य पूरी नहीं हो पाने के चलते आवागमन शुरू नहीं हो सका था।
गुरुवार की शाम कछवां से लकड़ी लोड कर एक ओवरलोड पिकप भटौली पीपा पुल से गुजर रहा था इसी दौरान पुल के सपोर्ट में लगी कुुछ बल्लियां धंस र्गइं। इससे पुल टेढ़ा हो गया और पर उस पर पानी भी आ गया।
पुल की बल्ली धंसते ही आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया। इसके बावजूद लोग जान जोखिम में डाल कर आते जाते रहे।
जानकारी होने पर लोक निर्माण विभाग एवं ठेकेदार के कर्मचारी उसकी मरम्मत करने पहुंच गए लेकिन शुक्रवार की देर रात तक आवागमन शुरू नहीं हो पाया था।
बताते चलें कि भटौली पीपा पुल इस वर्ष नौ बार टूट चुका है जबकि चुनार का पीपा पुल एक बार भी क्षतिग्रस्त नहीं हुआ है। इससे आशंका जताई जा रही है कि पुल को मानक के अनुरूप नहीं बनाया गया है।
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पुल टूटने के पीछे ठेकेदार के कर्मियाें द्वारा ओवर लोड वाहनाें का पास कराया जाना भी माना जा रहा है। अवर अभियंता लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड राकेश गोयल का कहना है
कि ओवर लोड गाड़ियां छोड़ने के कारण पुल बार बार धंस जा रहा है। मामले की जानकारी होने पर ठेकेदार के कर्मियाें को किसी भी दशा में ओवरलोड वाहनाें को पास नहीं कराने का निर्देश दिया गया है।
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गुरुवार की शाम कछवां से लकड़ी लोड कर एक ओवरलोड पिकप भटौली पीपा पुल से गुजर रहा था इसी दौरान पुल के सपोर्ट में लगी कुुछ बल्लियां धंस र्गइं। इससे पुल टेढ़ा हो गया और पर उस पर पानी भी आ गया।
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पुल की बल्ली धंसते ही आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया। इसके बावजूद लोग जान जोखिम में डाल कर आते जाते रहे।
जानकारी होने पर लोक निर्माण विभाग एवं ठेकेदार के कर्मचारी उसकी मरम्मत करने पहुंच गए लेकिन शुक्रवार की देर रात तक आवागमन शुरू नहीं हो पाया था।
बताते चलें कि भटौली पीपा पुल इस वर्ष नौ बार टूट चुका है जबकि चुनार का पीपा पुल एक बार भी क्षतिग्रस्त नहीं हुआ है। इससे आशंका जताई जा रही है कि पुल को मानक के अनुरूप नहीं बनाया गया है।
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पुल टूटने के पीछे ठेकेदार के कर्मियाें द्वारा ओवर लोड वाहनाें का पास कराया जाना भी माना जा रहा है। अवर अभियंता लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड राकेश गोयल का कहना है
कि ओवर लोड गाड़ियां छोड़ने के कारण पुल बार बार धंस जा रहा है। मामले की जानकारी होने पर ठेकेदार के कर्मियाें को किसी भी दशा में ओवरलोड वाहनाें को पास नहीं कराने का निर्देश दिया गया है।