मिर्जापुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बीजापुर में हुए नक्सली हमले में 22 जवानों के शहीद होने के बाद यूपी के भी नक्सल प्रभावित क्षेत्रों को हाई एलर्ट कर दिया गया है। मिर्जापुर के भी छह थाने नक्सल प्रभावित हैं। इसके मद्देनजर जिले में भी एलर्ट जारी कर जंगल में कांबिग शुरू है। कर सोमवार को एसपी ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में कांबिंग की। साथ ही नक्सल प्रभावित थानों के सीओ और थानाध्यक्षों ने कांबिंग की। पुलिस अधीक्षक अजय कुमार सिंह ने नक्सली हमले के एलर्ट और आगामी त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर कानून व्यवस्था बेहतर रखने के लिए अहरौरा के नक्सल प्रभावित फुलवरियां, छातो, लखनिया दरी व आसपास के क्षेत्र में पुलिस बल के साथ सघन काबिंग किया। इस दौरान एसपी ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों मेें जनता से संवाद कर उनके क्षेत्र में नक्सल गतिविधियों के बारे में जानकारी लिया। जंगल से सटे गांव में ग्रामीणों से बात करने के बाद जंगल में संदिग्ध सम्भावित स्थानों को का निरीक्षण कर संदिग्ध गतिविधियों के बारें में धरातलीय अभिसूचना संकलन किया। कांबिंग के दौरान क्षेत्राधिकारी ऑपरेशन अजय कुमार राय, थानाध्यक्ष अहरौरा अजीत श्रीवास्तव, पीआरओ एसपी आदि पुलिस फोर्स साथ रही। इसके अलावा मडि़हान में थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह, लालगंज में थानाध्यक्ष सुभाष चंद्र राय, हलिया में राजेश सिंह, अदलहाट, जमालपुर आदि थानों में नक्सल प्रभावित क्षेत्र में कांबिंग की गई। हलिया, थाना क्षेत्र के हर्रा जंगल व नक्सल प्रभावित गांव मतवार के जंगल में सीओ लालगंज उमाशंकर सिंह ने पुलिस कर्मियों संग कांबिंग किया और गांव में पहुंचकर ग्रामीणों के साथ बैठक कर भयमुक्त होकर रहने के लिए कहा। सीओ ने ग्रामीणों को त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर प्रत्याशियों द्वारा दिए जा रहे प्रलोभन में नही आने की बात कही। सीओ ने जंगल तथा गांव में किसी भी अजनबी व्यक्ति या संदिग्ध के आने पर तत्काल पुलिस को सूचना देने के लिए कहा। सीओ ने प्रभारी निरीक्षक को नक्सल प्रभावित गांवों में विशेष रूप से रात्रि गश्त बढ़ाजने पर जोर दिया। इस दौरान प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार सिंह, चौकी प्रभारी मतवार रामनगीना यादव आदि मौजूद रहे।