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बीज व मिट्टी शोधन से किसानों को होगा लाभ
Updated Sun, 10 Dec 2017 12:17 AM IST
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अदलहाट (मिर्जापुर)।
क्षेत्र के गरौड़ी स्थित प्राथमिक विद्यालय में चल रहे किसान पाठशाला प्रशिक्षण शिविर के अंतिम दिन फसलों की पैदावार बढ़ाने और फसलों को कीटाणुओं से बचाने के बारे में बताया गया। शिविर के समापन पर उप निदेशक कृषि रक्षा डा. आरएन सिंह ने कहा कि बुआई से पहले कटाई के बाद तक कृषि रक्षा कार्यक्रम लागू करना अतिआवश्यक है। उन्होंने किसानों को आय दोगुना करने के उपाय में बीज और मिट्टी शोधन पर काफी बल दिया। इससे पैदावार अवश्य दोगुनी हो जाएगी। उप निदेशक कृषि अशोक उपाध्याय ने किसानों को फसल सुरक्षा एकीकृतनाशी जीव प्रबंधन, विभिन्न संसाधनों द्वारा कीट और रोग नियंत्रण योजना के तहत अनुमन्य सुविधाएं तथा सहभागी फसल निगरानी एवं निदान प्रणाली पर विस्तृत जानकारी दी। वस्तु विशेषज्ञ जटा शंकर पांडेय ने किसानों को पारदर्शी किसान सेवा योजना एवं डायरेक्ट बेनिफीट ट्रांसफर की जानकारी दी। डा. विजय शंकर सिंह ने तमाम जैविक विधियों की जानकारी किसानों को दी। इस मौके पर डा. अशोक सिंह, बजरंगी सिंह कुशवाहा, अंजनी कुमार सिंह, मनोहर मौर्या, सहेन्दर विश्वकर्मा, अनिल कुमार श्रीवास्तव, महेन्द्र सिंह चौहान, मन्नू पटेल, यश, प्रदीप कुमार सिंह, राजेंद्र पांडेय, मल्लू सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे।
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क्षेत्र के गरौड़ी स्थित प्राथमिक विद्यालय में चल रहे किसान पाठशाला प्रशिक्षण शिविर के अंतिम दिन फसलों की पैदावार बढ़ाने और फसलों को कीटाणुओं से बचाने के बारे में बताया गया। शिविर के समापन पर उप निदेशक कृषि रक्षा डा. आरएन सिंह ने कहा कि बुआई से पहले कटाई के बाद तक कृषि रक्षा कार्यक्रम लागू करना अतिआवश्यक है। उन्होंने किसानों को आय दोगुना करने के उपाय में बीज और मिट्टी शोधन पर काफी बल दिया। इससे पैदावार अवश्य दोगुनी हो जाएगी। उप निदेशक कृषि अशोक उपाध्याय ने किसानों को फसल सुरक्षा एकीकृतनाशी जीव प्रबंधन, विभिन्न संसाधनों द्वारा कीट और रोग नियंत्रण योजना के तहत अनुमन्य सुविधाएं तथा सहभागी फसल निगरानी एवं निदान प्रणाली पर विस्तृत जानकारी दी। वस्तु विशेषज्ञ जटा शंकर पांडेय ने किसानों को पारदर्शी किसान सेवा योजना एवं डायरेक्ट बेनिफीट ट्रांसफर की जानकारी दी। डा. विजय शंकर सिंह ने तमाम जैविक विधियों की जानकारी किसानों को दी। इस मौके पर डा. अशोक सिंह, बजरंगी सिंह कुशवाहा, अंजनी कुमार सिंह, मनोहर मौर्या, सहेन्दर विश्वकर्मा, अनिल कुमार श्रीवास्तव, महेन्द्र सिंह चौहान, मन्नू पटेल, यश, प्रदीप कुमार सिंह, राजेंद्र पांडेय, मल्लू सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे।