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बिजली पानी को लेकर ग्रामीणों ने सड़क किया जाम
Updated Fri, 22 Jun 2018 11:36 PM IST
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पानी के लिए जाम लगाते ग्रामीण
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मड़िहान। बिजली और पेयजल की मांग को लेकर ग्रामीणों ने कलवारी के पास शुक्रवार को मड़िहान-घोरावल मार्ग पर बाल्टी डिब्बा रखकर जाम लगा दिया। नाराज ग्रामीणों ने कहा कि क्षेत्र में न बिजली आ रही है न ही जलापूर्ति हो रही है। ग्रामीण पेयजल के लिए भटक रहे हैं। मौके पर पहुंची मड़िहान पुलिस ने लोगों को समझाने का प्रयास किया लेकिन लोग नहीं माने और एसडीएम को बुलाने की जिद पर अड़े रहे। जानकारी होने पर एसडीएम मड़िहान सविता यादव ने नायब तहसीलदार उमेश चंद्र को मौके पर भेजा। नायब तहसीलदार ने तीन दिन के अंदर इलाके में टैंकर से पानी सप्लाई कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया।
जाम सुबह आठ बजे से 12 बजे तक चला जिसके चलते वाहनों की लंबी कतार लग गई थी। ग्रामीणों का आरोप है कि महीनों से बिजली व्यवस्था चरमराई है। तीन दिनों से तो बिजली आ ही नहीं रही है। इससे इलाके में पेयजल की समस्या खड़ी हो गई। अघोषित बिजली कटौती से पानी नसीब नहीं हो रहा है। शिकायत के बावजूद अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। जनप्रतिनिधि भी चुप्पी साधे हुए हैं। जनप्रतिनिधि जनता की समस्याओं का निदान नहीं कर रहे हैं। गुरुवार को लोगों को पीने के लिए एक बूंद पानी तक नहीं था। इससे लोगों को सब्र का बांध टूट पड़ा। नाराज ग्रामीणों ने शुक्रवार को कलवारी चौराहे पर इकट्ठा होकर सड़क पर बाल्टी डिब्बा रखकर सड़क को जाम कर दिया। जाम की सूचना पर पहुंचे नायब तहसीलदार उमेश चंद्र ने तीन दिन के अंदर टैंकर की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया तब ग्रामीण हटे। इस दौरान फुलवा देवी, मनोरमा, मुन्नीलाल, प्रमोद गिरी, पंकज कुमार, श्याम कुमार, अशोक सिंह, इंद्रजीत सिंह, पिंटू, दीपक गुप्ता, आलोक तिवारी, मंगरु कोल, राजेश पटेल, जिरावती, धनिया, पनपत्ति मौजूद रहे।
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जाम सुबह आठ बजे से 12 बजे तक चला जिसके चलते वाहनों की लंबी कतार लग गई थी। ग्रामीणों का आरोप है कि महीनों से बिजली व्यवस्था चरमराई है। तीन दिनों से तो बिजली आ ही नहीं रही है। इससे इलाके में पेयजल की समस्या खड़ी हो गई। अघोषित बिजली कटौती से पानी नसीब नहीं हो रहा है। शिकायत के बावजूद अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। जनप्रतिनिधि भी चुप्पी साधे हुए हैं। जनप्रतिनिधि जनता की समस्याओं का निदान नहीं कर रहे हैं। गुरुवार को लोगों को पीने के लिए एक बूंद पानी तक नहीं था। इससे लोगों को सब्र का बांध टूट पड़ा। नाराज ग्रामीणों ने शुक्रवार को कलवारी चौराहे पर इकट्ठा होकर सड़क पर बाल्टी डिब्बा रखकर सड़क को जाम कर दिया। जाम की सूचना पर पहुंचे नायब तहसीलदार उमेश चंद्र ने तीन दिन के अंदर टैंकर की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया तब ग्रामीण हटे। इस दौरान फुलवा देवी, मनोरमा, मुन्नीलाल, प्रमोद गिरी, पंकज कुमार, श्याम कुमार, अशोक सिंह, इंद्रजीत सिंह, पिंटू, दीपक गुप्ता, आलोक तिवारी, मंगरु कोल, राजेश पटेल, जिरावती, धनिया, पनपत्ति मौजूद रहे।
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