जिंदगी की जंग हार गया जांबाज सिपाही, एक लाख के इनामी को किया था ढेर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एक लाख के इनामी साबिर से मुठभेड़ के दौरान घायल जांबाज सिपाही अंकित तोमर ने नोएडा के फोर्टिस अस्पताल में इलाज के दौरान बुधवार की रात दम तोड़ दिया। मंगलवार की रात शामली के जंधेड़ी गांव में मुठभेड़ के दौरान बदमाशों की एक गोली उसके सिर में लगी थी, जबकि दूसरी गोली सिर को छूती हुई निकल गई थी। गांव वाजिदपुर में घायल सिपाही के घर दिनभर लोगों का आना-जाना लगा रहा। लोग उसकी जिंदगी के लिए दुआएं करते रहे, लेकिन नियति के आगे वह बेकार हो गईं। बेटे के निधन की सूचना मिलते ही मां अमरेश बेसुध हो गईं। परिवार और गांव में शोक की लहर फैल गई।
जंधेड़ी में जिस पुलिस टीम ने इनामी साबिर को मार गिराया, उसमें बागपत के वाजिदपुर का बेटा अंकित तोमर भी शामिल था। मुठभेड़ के बाद गंभीर रूप से घायल अंकित को रात में ही मेरठ के आनंद अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उसकी बेहद गंभीर स्थिति को देखते हुए यहां से ग्रीन कॉरिडोर बनाकर नोएडा के फोर्टिस अस्पताल में भर्ती कराया गया। बुधवार को अंकित के घायल होने की सूचना जैसे ही वाजिदपुर पहुंची उसके घर सैकड़ों लोग जमा हो गए। उसके पिता जयपाल सिंह अपने दूसरे बेटे के साथ मंगलवार रात ही पहले मेरठ और फिर नोएडा निकल गए थे। अंकित 2011 में बदायूं जनपद से यूपी पुलिस में भर्ती हुआ। आठ माह पहले ही उसकी शामली जनपद में तैनाती हुई। पहली पोस्टिंग भी कैराना कोतवाली में दी गई।
पढ़ें : वेस्ट यूपी में ताबड़तोड़ एनकाउंटर: एक लाख का इनामी बदमाश ढेर
पुलिस मुख्यालय ने दी श्रद्धांजलि
पुलिस मुख्यालय ने एक बयान जारी कर अंकित की शहादत को सलाम किया है। कहा गया है कि फोर्टिस में जांबाज सिपाही को सभी जरूरी उपचार देने के बाद भी उनको बचाया नहीं जा सका। पुलिस परिवार उनके जाने से बेहद मर्माहत है और अश्रुपूरित श्रद्धांजलि अर्पित करता है।
शहीद सिपाही के परिवार को 50 लाख की आर्थिक सहायता
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शामली में बदमाशों से मुठभेड़ के दौरान गोली लगने से शहीद हुए सिपाही अंकित तोमर के परिवारीजनों को 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दिए जाने की घोषणा की है। उन्होंने शहीद तोमर की वीरता की प्रशंसा की। दिवंगत की आत्मा की शांति की कामना करते हुए परिवारीजनों के प्रति हार्दिक संवेदना भी व्यक्त की। आर्थिक सहायता के तौर पर 40 लाख रुपये शहीद की पत्नी और 10 लाख रुपये उनके माता-पिता को दिए जाएंगे।
दो माह पहले पैदा हुआ था बेटा
स्थानीय पुलिस अफसर भी नोएडा अस्पताल पहुंचे थे। अंकित की पत्नी नेहा उसके साथ ही रहती थी। उसके तीन साल की बेटी और दो माह का बेटा है। अंकित का एक छोटा भाई रामबीर बीए का छात्र है।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/