{"_id":"6ac682721ab4da77b206c985","slug":"vishu-went-to-a-gurukul-in-mathura-with-the-dream-of-receiving-a-vedic-education-meerut-news-c-228-1-mwn1001-105580-2026-10-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut News: पाणिनि संस्कृत गुरुकुल का संचालक गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut News: पाणिनि संस्कृत गुरुकुल का संचालक गिरफ्तार
विज्ञापन
मेरठ के मृतक छात्र विशु शर्मा के पिता ने दर्ज कराई प्राथमिकी, आचार्यों की तलाश जारी
संवाद न्यूज एजेंसी
वृंदावन। चैतन्य विहार सेक्टर-2 स्थित पाणिनि संस्कृत गुरुकुल में पानी के टैंक की सफाई के लिए उतारे 4 छात्रों की दम घुटने से दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 1 छात्र की हालत खराब है। मामले में एक मृतक छात्र के पिता ने गुरुकुल संचालक एवं आचार्यों पर गंभीर आरोप लगाते हुए वृंदावन कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस से आरोपी गुरुकुल संचालक को गिरफ्तार कर लिया है।
मेरठ के धर्मशाला थाना क्षेत्र निवासी मृतक विशु शर्मा के पिता मोहित शर्मा ने प्राथमिकी में बताया कि मंगलवार को गुरुकुल संचालक मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर निवासी आशीष शर्मा और उनके साथ कार्यरत आचार्यों ने छात्रों पर 12 फीट गहरे पानी के टैंक की सफाई करने का दबाव बनाया और उन्हें जबरन टैंक में उतार दिया। आरोप है कि इतने गहरे टैंक में उतारते समय छात्रों की सुरक्षा के लिए कोई आवश्यक व्यवस्था उपलब्ध नहीं कराई गई थी। टैंक के अंदर गैस व ऑक्सीजन की कमी के कारण दम घुटने से छात्रों की तबीयत बिगड़ गई। हादसे में छात्र विशु शर्मा, देवांश, मनु कटारिया और आर्यन पांडे की मौत हो गई। वहीं रूद्र नामक छात्र की हालत बिगड़ गई, जिसका इलाज जिला संयुक्त चिकित्सालय कराया गया। तहरीर पर पुलिस ने आरोपी आचार्य आशीष और अन्य आचार्यों के खिलाफ बीएनएस की धारा 105 एवं धारा 110 के तहत प्राथमिकी दर्ज की है। सीओ वृंदावन संदीप सिंह ने बताया कि गुरुकुल के संचालक आशीष शर्मा को गिरफ्तार किया गया है। अन्य आचार्यों की तलाश की जा रही है। घटना के सभी पहलुओं की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
-- -- -- -- -- -- -- --
वैदिक शिक्षा का सपना लेकर मथुरा के गुरुकुल गया था विशु
संवाद न्यूज एजेंसी
हस्तिनापुर। विशु के पिता मोहित शर्मा पांडव टीले पर स्थित प्राचीन जयंती माता शक्तिपीठ मंदिर के महंत हैं। 19 साल का विशु दो भाइयों में बड़ा था। उसका छोटा भाई शिवम माता-पिता के साथ जयंती माता शक्तिपीठ मंदिर में रहता है।
विज्ञापन
पिता मोहित शर्मा ने बताया कि विशु करीब दो माह पहले संस्कृत की शिक्षा ग्रहण करने के लिए हस्तिनापुर से 18 अगस्त को मथुरा-वृंदावन स्थित पाणिनि संस्कृत गुरुकुलम गया था। उसने कक्षा 11 में प्रवेश लिया था। प्राचीन जयंती माता शक्तिपीठ मंदिर के संस्थापक अध्यक्ष सुदेश कुमार ने बताया कि विशु का इसी वर्ष गुरुकुल में दाखिला हुआ था। वहीं मंदिर के संस्थापक अध्यक्ष सुदेश कुमार, पिता पंडित दिनेश शर्मा, माता ज्योति शर्मा और अन्य परिजन रात में ही मथुरा पहुंच गए थे। हादसे के बाद जयंती माता मंदिर परिसर में शोक का माहौल है।
मां ज्योति शर्मा ने बताया कि विशु पिछले करीब 10 वर्षों से जयंती माता दरबार में पूजा-अर्चना करता था। उसका सपना था कि आधुनिक दौर में वैदिक शिक्षा को आगे बढ़ाकर प्राचीन भारतीय सभ्यता और संस्कृति को जीवित रखा जाए। वह भविष्य में हस्तिनापुर में वैदिक शिक्षा को बढ़ावा देना चाहता था।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
वृंदावन। चैतन्य विहार सेक्टर-2 स्थित पाणिनि संस्कृत गुरुकुल में पानी के टैंक की सफाई के लिए उतारे 4 छात्रों की दम घुटने से दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 1 छात्र की हालत खराब है। मामले में एक मृतक छात्र के पिता ने गुरुकुल संचालक एवं आचार्यों पर गंभीर आरोप लगाते हुए वृंदावन कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस से आरोपी गुरुकुल संचालक को गिरफ्तार कर लिया है।
मेरठ के धर्मशाला थाना क्षेत्र निवासी मृतक विशु शर्मा के पिता मोहित शर्मा ने प्राथमिकी में बताया कि मंगलवार को गुरुकुल संचालक मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर निवासी आशीष शर्मा और उनके साथ कार्यरत आचार्यों ने छात्रों पर 12 फीट गहरे पानी के टैंक की सफाई करने का दबाव बनाया और उन्हें जबरन टैंक में उतार दिया। आरोप है कि इतने गहरे टैंक में उतारते समय छात्रों की सुरक्षा के लिए कोई आवश्यक व्यवस्था उपलब्ध नहीं कराई गई थी। टैंक के अंदर गैस व ऑक्सीजन की कमी के कारण दम घुटने से छात्रों की तबीयत बिगड़ गई। हादसे में छात्र विशु शर्मा, देवांश, मनु कटारिया और आर्यन पांडे की मौत हो गई। वहीं रूद्र नामक छात्र की हालत बिगड़ गई, जिसका इलाज जिला संयुक्त चिकित्सालय कराया गया। तहरीर पर पुलिस ने आरोपी आचार्य आशीष और अन्य आचार्यों के खिलाफ बीएनएस की धारा 105 एवं धारा 110 के तहत प्राथमिकी दर्ज की है। सीओ वृंदावन संदीप सिंह ने बताया कि गुरुकुल के संचालक आशीष शर्मा को गिरफ्तार किया गया है। अन्य आचार्यों की तलाश की जा रही है। घटना के सभी पहलुओं की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
वैदिक शिक्षा का सपना लेकर मथुरा के गुरुकुल गया था विशु
संवाद न्यूज एजेंसी
हस्तिनापुर। विशु के पिता मोहित शर्मा पांडव टीले पर स्थित प्राचीन जयंती माता शक्तिपीठ मंदिर के महंत हैं। 19 साल का विशु दो भाइयों में बड़ा था। उसका छोटा भाई शिवम माता-पिता के साथ जयंती माता शक्तिपीठ मंदिर में रहता है।
विज्ञापन
पिता मोहित शर्मा ने बताया कि विशु करीब दो माह पहले संस्कृत की शिक्षा ग्रहण करने के लिए हस्तिनापुर से 18 अगस्त को मथुरा-वृंदावन स्थित पाणिनि संस्कृत गुरुकुलम गया था। उसने कक्षा 11 में प्रवेश लिया था। प्राचीन जयंती माता शक्तिपीठ मंदिर के संस्थापक अध्यक्ष सुदेश कुमार ने बताया कि विशु का इसी वर्ष गुरुकुल में दाखिला हुआ था। वहीं मंदिर के संस्थापक अध्यक्ष सुदेश कुमार, पिता पंडित दिनेश शर्मा, माता ज्योति शर्मा और अन्य परिजन रात में ही मथुरा पहुंच गए थे। हादसे के बाद जयंती माता मंदिर परिसर में शोक का माहौल है।
मां ज्योति शर्मा ने बताया कि विशु पिछले करीब 10 वर्षों से जयंती माता दरबार में पूजा-अर्चना करता था। उसका सपना था कि आधुनिक दौर में वैदिक शिक्षा को आगे बढ़ाकर प्राचीन भारतीय सभ्यता और संस्कृति को जीवित रखा जाए। वह भविष्य में हस्तिनापुर में वैदिक शिक्षा को बढ़ावा देना चाहता था।