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निगम ने वेतन, कर्मचारियों ने रोका भोला झाल से गंगाजल
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
Updated Mon, 28 Aug 2017 09:31 AM IST
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भोला की झाल। फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
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भोला झाल स्थित जलशोधन प्लांट पर रविवार को प्रतिभा कंपनी के कर्मचारियों ने फिर ताला जड़ दिया। कारण छह माह से कर्मचारियों को वेतन न मिलना है। रविवार दोपहर से प्लांट से शहर की जलापूर्ति बंद होने से अफसरों में हड़कंप मच गया। निगम अधिकारी उन्हें मनाने पहुंचे। लेकिन कर्मचारियों ने स्पष्ट कह दिया कि जलापूर्ति वेतन मिलने पर ही बहाल होगी। ऐसे में यदि जल्द समाधान न निकला तो करीब 10 लाख लोगों को पानी की किल्लत का सामना करना पड़ सकता है।
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जिम्मेदार कौन, अभी यही तय नहीं
जल निगम ने जेएनएनयूआरएम योजना के तहत वर्ष 2010 में शहर में करीब 350 करोड़ रुपये से गंगाजल योजना शुरू की थी। पाइप लाइन डालने और भोला झाल पर जलशोधन प्लांट बनाने के साथ उसके संचालन की जिम्मेदारी प्रतिभा कंपनी को दी थी। प्लांट से शहरी क्षेत्र को 43 क्यूसेक गंगाजल की आपूर्ति होती है। लेकिन इसके संचालन की स्थायी व्यवस्था नहीं की। जल निगम जहां धन का अभाव बताकर हाथ खड़े करता रहा है तो नगर निगम भी प्लांट अपने हाथ में लेने से इंकार करता आ रहा है। अभी ये ही तय नहीं है कि
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जिम्मेदार कौन है।
व्यवस्था में नाकाम
प्लांट के संचालन पर प्रतिवर्ष करीब 1.80 करोड़ रुपये खर्च का आंकलन है। इस अत्याधुनिक प्लांट को टेक्निकल कर्मचारी ही चला सकते हैं। लेकिन जल और नगर निगम दोनों के पास ही न तो टेक्निकल कर्मचारी हैं और न ही कोई वैकल्पिक व्यवस्था। उसके बावजूद भी प्लांट के नियमित संचालन के लिए बजट का इंतजाम करने में सिस्टम नाकाम साबित हो रहा है।
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नहीं लिया था सबक
इससे पहले होली के त्योहार पर भी वेतन न मिलने पर कर्मचारियों ने तालाबंदी कर दी थी। उस समय नगर निगम ने अपने कोष से धन देकर जल निगम से कहा था कि वह शासन से बजट मांग ले। लेकिन जल निगम को शासन से न तो बजट मिला और न ही किसी आपात स्थिति से निपटने की योजना तैयार की।
इन इलाकों में जल संकट
सर्किट हाउस जलाशय : साकेत, सिविल लाइन क्षेत्र, सूर्य नगर, प्रगति नगर, ऑफिसर कालोनी, वेस्टर्न कचहरी रोड, शिवाजी रोड, नंगला बट्टू, अशोक वाटिका, प्रभातनगर, मोहनपुरी, मंगलपांडे नगर आदि सहित करीब 17 कॉलोनियों में गहराया जल संकट।
घंटाघर टाउन हॉल जलाशय : घंटाघर, पत्थरवालान, सरायलाल दास, लाला का बाजार, नील गली, शीशमहल, डालमपाड़ा, होली चौक, कागजी बाजार, जली कोठी, केसरगंज, छतरीवाला पीर, खैरनगर, शहर सराफा में नहीं पहुंचा गंगाजल। यहां दोपहर बाद निगम के ट्यूबवेल से की गई जलापूर्ति
शर्मा स्मारक जलाशय : बच्चा पार्क, ईव्ज चौराहा, छीपी टैंक, शिव चौक, बुढ़ाना गेट सहित आसपास के बड़े इलाके में रुकी गंगाजल सप्लाई।
विकासपुरी जलाशय: लिसाड़ी गेट क्षेत्र, कांच का पुल, विकासपुरी आदि क्षेत्रों से जुड़े मोहल्लों में रुकी सप्लाई।
जिम्मेदारी नगर निगम की
हमारे पास प्लांट संचालन का बजट नहीं है। पूर्व में भी प्लांट बाधित होने पर तत्कालीन नगरायुक्त ने कर्मचारियों का वेतन नगर निगम कोष से दिया था। अब सिक्योरिटी वालों का वेतन बकाया हो गया है। नगरायुक्त से बात करेंगे। हमारा काम संचालन की नहीं है। नगर निगम या तो संचालन करे या प्रतिभा कंपनी को समय पर वेतन दे। हमने भी शासन से बजट मांगा हुआ है। अभी बजट नहीं मिला है। कर्मचारियों से वार्ता चल रही है। प्लांट चलवाया जाएगा। -भारत भूषण, परियोजना प्रबंधक जल निगम
नहीं बंद होगी आपूर्ति
गंगाजल आपूर्ति बंद नहीं होने देंगे। अब से पहले भी प्लांट संचालन के लिए नगर निगम से ही धन दिया था। अब भी व्यवस्था करेंगे। शासन को भी पत्र लिखेंगे। सोमवार को दोनों निगम के अधिकारियों से वार्ता करेंगे। -हरिकांत अहलूवालिया, महापौर