यूपी: पंचायत चुनाव में कांग्रेस को लगा तगड़ा झटका, यहां नहीं खुला खाता, किसानों के दिल में नहीं बस पाईं प्रियंका
पंचायत चुनाव से पहले पश्चिमी यूपी में किसानों को कृषि कानून के बारे में जागरूक करने वाली कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव और प्रदेश प्रभारी प्रियंका गांधी का जादू नहीं चल सका।
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पंचायत चुनाव से पहले पश्चिमी यूपी में किसानों को कृषि कानून के बारे में जागरूक करने वाली कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव और प्रदेश प्रभारी प्रियंका गांधी का जादू नहीं चल सका। कांग्रेस को आस थी कि पंचायत चुनाव में उसे प्रदेश में जमने का मौका मिलेगा लेकिन, ऐसा नहीं हो सका। सहारनपुर को छोड़कर कहीं भी पार्टी अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सकी। मेरठ में तो पार्टी को एक भी वार्ड में जीत नसीब नहीं हुई। मेरठ में पंचायत चुनाव से जमीन तलाश रही कांग्रेस ने रैली को सरधना के अकेली गांव में आयोजित किया। उन्होंने ट्रैक्टर पर बैठकर और हाथ में हल लेकर किसानों के साथ खड़े रहने का संदेश दिया था। उसके बाद भी किसानों के दिल में कांग्रेस जगह बनाने में नाकाम रही। जिले में वार्ड-27 में कांग्रेस समर्थित प्रत्याशी खड़े किए गए थे। इनमें से एक भी जीतकर नहीं आया। वार्ड-20 से जरूर कांग्रेस ने मतगणना में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए दोबारा गिनती की मांग की है।
कई राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने डाला था डेरा
जिले में लगातार कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव सहित अन्य पदाधिकारियों ने मेरठ में डेरा डाल दिया था। इसके लिए वार रूम बनाकर चुनाव में उतरने का प्लान बनाया गया। गांववार कमेटी बनाई गई, लेकिन सभी विफल साबित रहीं।
आज परिणाम पर बात करने का समय नहीं
पंचायत चुनाव के परिणाम पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि इस समय जनता को ऑक्सीजन गैस और अस्पताल में बेड को लेकर मारामारी है। यह समय परिणाम पर बात करने का नहीं है। चुनाव तो आते जाते रहेंगे लेकिन, जनता का जीवन बचाना प्राथमिकता है।
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