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Meerut: 12 साल से फरार दो लाख का इनामी हरीश हत्थे चढ़ा, 34 मुकदमे हैं दर्ज, एसटीएफ ने ऐसे पकड़ा
Mon, 18 Aug 2025 06:30 PM IST
मोहम्मद मुस्तकीम
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
Published by: मोहम्मद मुस्तकीम
Updated Mon, 18 Aug 2025 06:30 PM IST
सार
कुख्यात बदमाश हरीश पर हत्या, लूट, रंगदारी समेत अन्य आरोपों में मुकदमे दर्ज हैं। उसने पंजाब में अपनी फरारी काटी। मेरठ में रोडवेज बस अड्डे से एसटीएफ ने उसे पकड़ लिया।
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हरीश।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए 12 साल से फरार दो लाख के इनामी कुख्यात बदमाश हरीश को गिरफ्तार कर लिया। मेरठ के भैंसाली बस अड्डे के पास दबोचे गए हरीश पर हत्या, लूट, रंगदारी, गैंगस्टर समेत अन्य मुकदमे दर्ज हैं। मुजफ्फरनगर और बागपत जिले की पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी। उसके खिलाफ बागपत, शामली व मुजफ्फरनगर के थानों में 34 मुकदमे दर्ज हैं।
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एसटीएफ के प्रभारी बृजेश सिंह के अनुसार हरीश ब्रह्मपाल निवासी गांव भोजकला, थाना भौराकला, जिला मुजफ्फरनगर का रहने वाला है। मंगलवार दोपहर करीब 1:25 बजे एसटीएफ टीम को सूचना मिली कि बदमाश भैसाली बस स्टैंड के पास है। वहां जाकर पुलिस ने उसे धर दबोचा। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह काफी समय से पंजाब के पटियाला में अपने परिवार के साथ रह रहा था और वहीं पर एक किराना की दुकान पर मजदूरी कर रहा था।
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पारिवारिक रंजिश से बना कुख्यात
करीब 45 वर्षीय हरीश का आपराधिक सफर 1992 से शुरू हुआ। गांव के ही एक परिवार से चली रंजिश में उसके घरवालों का झगड़ा हुआ और देखते-ही-देखते यह विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। इसके बाद हत्या, रंगदारी और लूट की वारदातों से उसने अपना खौफ कायम कर लिया। पुलिस के मुताबिक, उसने अपने भाई सतीश और अन्य साथियों के साथ मिलकर कई वारदातों को अंजाम दिया।
करीब 45 वर्षीय हरीश का आपराधिक सफर 1992 से शुरू हुआ। गांव के ही एक परिवार से चली रंजिश में उसके घरवालों का झगड़ा हुआ और देखते-ही-देखते यह विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। इसके बाद हत्या, रंगदारी और लूट की वारदातों से उसने अपना खौफ कायम कर लिया। पुलिस के मुताबिक, उसने अपने भाई सतीश और अन्य साथियों के साथ मिलकर कई वारदातों को अंजाम दिया।
एक-एक कर दर्ज हुए मुकदमे
हरीश पर हत्या, हत्या का प्रयास, लूट, रंगदारी, अपहरण, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट समेत 14 से अधिक गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। 2004 से लगातार फरार चल रहे हरीश को दबोचने के लिए पुलिस और एसटीएफ लगातार प्रयास कर रही थी। एसटीएफ अधिकारियों ने बताया कि हरीश पर 2 लाख रुपये का इनाम घोषित था।
हरीश पर हत्या, हत्या का प्रयास, लूट, रंगदारी, अपहरण, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट समेत 14 से अधिक गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। 2004 से लगातार फरार चल रहे हरीश को दबोचने के लिए पुलिस और एसटीएफ लगातार प्रयास कर रही थी। एसटीएफ अधिकारियों ने बताया कि हरीश पर 2 लाख रुपये का इनाम घोषित था।