{"_id":"603167458ebc3ee8f7660ed7","slug":"farmers-adopting-drip-irrigation-method-will-get-grant-money-kithor-news-mrt526388229","type":"story","status":"publish","title_hn":"टपका सिंचाई विधि अपनाने वाले किसानों को मिलेगी अनुदान राशि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टपका सिंचाई विधि अपनाने वाले किसानों को मिलेगी अनुदान राशि
विज्ञापन
टपका सिंचाई विधि अपनाने वाले किसानों को मिलेगी अनुदान राशि
माछरा। टपका सिंचाई विधि अपनाने वाले किसानों को तीन वर्षों से अनुदान राशि नहीं मिली है। लेकिन अब किसानों को थोड़ी उम्मीद जगी है। 28 फरवरी से अनुदान राशि का भुगतान किया जाएगा।
किसानों ने खेतों में टपका सिंचाई पद्धति स्थापित कराई थी, जिसमें कम पानी में ही खेतों की सिंचाई की जा सके। परंतु उद्यान विभाग द्वारा उन्हें टपक सिंचाई पद्धति पर मिलने वाला सरकारी अनुदान नहीं मिला था। परंतु प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के अंतर्गत प्राप्त होने वाला 90 फीसदी अनुदान नहीं मिला था। केवल नंगलामल शुगर मिल की ओर से 10 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर के हिसाब से अनुदान मिला था।
जिला उद्यान अधिकारी रामवीर सिंह राठौर ने बताया कि किसानों को 28 फरवरी से एक मार्च तक टपका सिंचाई पद्धति की अनुुदान राशि का भुगतान कर दिया जाएगा, क्योंकि उसका बजट आ गया है। बताया कि क्षेत्र के करीब 60 किसानों ने अपने खेेतों पर 2018 और 2019 में टपका सिंचाई पद्धति को अपनाया था। इसके लिए सरकार से 1.16 करोड़ का अनुदान मिलना था, जो नहीं मिला था। अब अनुदान राशि मिल गई है, जिसका भुगतान 28 फरवरी से शुरू कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
माछरा। टपका सिंचाई विधि अपनाने वाले किसानों को तीन वर्षों से अनुदान राशि नहीं मिली है। लेकिन अब किसानों को थोड़ी उम्मीद जगी है। 28 फरवरी से अनुदान राशि का भुगतान किया जाएगा।
किसानों ने खेतों में टपका सिंचाई पद्धति स्थापित कराई थी, जिसमें कम पानी में ही खेतों की सिंचाई की जा सके। परंतु उद्यान विभाग द्वारा उन्हें टपक सिंचाई पद्धति पर मिलने वाला सरकारी अनुदान नहीं मिला था। परंतु प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के अंतर्गत प्राप्त होने वाला 90 फीसदी अनुदान नहीं मिला था। केवल नंगलामल शुगर मिल की ओर से 10 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर के हिसाब से अनुदान मिला था।
विज्ञापन
जिला उद्यान अधिकारी रामवीर सिंह राठौर ने बताया कि किसानों को 28 फरवरी से एक मार्च तक टपका सिंचाई पद्धति की अनुुदान राशि का भुगतान कर दिया जाएगा, क्योंकि उसका बजट आ गया है। बताया कि क्षेत्र के करीब 60 किसानों ने अपने खेेतों पर 2018 और 2019 में टपका सिंचाई पद्धति को अपनाया था। इसके लिए सरकार से 1.16 करोड़ का अनुदान मिलना था, जो नहीं मिला था। अब अनुदान राशि मिल गई है, जिसका भुगतान 28 फरवरी से शुरू कर दिया जाएगा।
विज्ञापन