मेरठ के परीक्षितगढ़ में खजूरी गांव के दीपक त्यागी की हत्या के बाद आक्रोशित लोगों ने किला रोड पर करीब 24 घंटे तक जाम लगाए रखा। मंगलवार को भी पीड़ित परिवार व त्यागी समाज के लोग दीपक के कटे सिर को सड़क पर रख बैठे रहे। डीएम व एसएसपी धरनास्थल पर पहुंचे तो किसान नेता मांगेराम त्यागी और मुखिया गुर्जर ने पांच मांग रखते हुए डीएम को ज्ञापन सौंप दिया। चेतावनी भी दी कि नौ अक्तूबर तक मांग पूरी नहीं हुई तो महापंचायत कर अगली रणनीति बनाएंगे। बाद में मंत्री दिनेश खटीक और पूर्व विधायक सत्यवीर त्यागी भी पहुंचे। इसके बाद जाम खुला व खादर में खरखाली घाट पर दीपक के कटे सिर का अंतिम संस्कार किया गया।
Meerut Deepak Murder Case: बेटे का कटा सिर लेकर 24 घंटे तक धरने पर बैठा रहा परिवार, ये हैं बड़ी मांगें
वहीं मंगलवार दोपहर ही डीएम दीपक मीणा और एसएसपी रोहित सिंह सजवाण मौके पर पहुंचे। पीड़ित परिवार से दोनों अधिकारियों से बातचीत की। मांग रखी गई कि असली हत्यारों को गिरफ्तार करो। सीबीआई या एनआईए से हत्याकांड की जांच कराकर दीपक को इंसाफ दिलाया जाए। पीड़ित परिजनों के लिए एक करोड़ मुआवजे और सरकारी नौकरी की मांग की। डीएम सभी मांग को पूरा करने का आश्वासन देकर वहां से चले गए। मांगेराम त्यागी, मुखिया गुर्जर ने ग्रामीणों को समझाया कि अब सिर का अंतिम संस्कार करें। तभी मंत्री और पूर्व विधायक के आने की खबर वहां पहुंची। दोनों नेता भी कार्यकर्ताओं के साथ पहुंच गए। पीड़ित परिवार को समझाया और आश्वासन दिया कि इंसाफ दिलाने में वह उनके साथ हैं।
धरने-प्रदर्शन में चलती रही उठक-पटक
सोमवार शाम छह बजे से मंगलवार शाम छह बजे तक ग्रामीणों का धरना प्रदर्शन रहा। धरने का नेतृत्व करने वाले किसान नेता मांगेराम त्यागी, मुखिया गुर्जर व सचिन सिरोही को समझाने में एसपी देहात, एडीएम, एसडीएम समझाने में लगे थे। धरने पर मंगलवार सुबह से उठक-पटक चलती रही। कभी धरने को खत्म करना तो कभी भाजपा के खिलाफ नारेबाजी करने का विरोध होता रहा। इसके बावजूद भी मंगलवार शाम तक ग्रामीण सड़क पर दीपक के कटा शव रखकर बैठे रहे।
पुलिस ने गांव को छावनी बनाया
ग्रामीण दीपक के कटे सिर को मेरठ शहर में पुलिस अधिकारियों के ऑफिस पर लेकर जा सकते है। जिसको लेकर बखेड़ा हो सकता है। पुलिस ने गांव को छावनी बना दिया। चप्पे-चप्पे पर पुलिस का पहरा लगाया गया। धरने स्थल के आसपास भारी पुलिस बल लगाया गया। गांव के दोनों तरफ बैरिकेटिंग लगाई गई। रूट डायवर्जन किया गया और पुलिस को निर्देश दिए गए कि गांव से कोई आदमी बाहर नहीं जाना चाहिए। गांव में बाहरी लोगों को रोका जाए। हालांकि ग्रामीण धरने से नहीं हटे।
भाजपा के खिलाफ नारे, खुद बदला लेने का एलान
समाज सेवी मुखिया गुर्जर ने कहा कि पुलिस प्रशासन उनकी मांग पूरी नहीं करता तो वह खुद हत्यारों से बदला लेंगे। इस दौरान भाजपा सरकार, मंत्री दिनेश खटीक और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी हुई। दीपक को इंसाफ दिलाने के लिए 36 बिरादरी के लोग एक साथ रहेंगे। किसान नेता मांगेराम त्यागी ने कहा है कि वह पुलिस प्रशासन की गलत नीति समझ गए। पीड़ित परिवार की मांग पूरी नहीं की गई तो वह आंदोलन करेंगे। सचिन सिरोही का कहना कि छह इंच गड्ढे में कटा हुआ सिर बरामद होना बताया है। पुलिस ने गलत खुलासा किया है।