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गौकशी की सूचना पर पहुंची पुलिस को गांव वालों ने दौडाया।
Updated Sun, 03 Dec 2017 07:41 PM IST
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ग्राम नंगला हरेरू में शनिवार रात गोकशी की सूचना पाकर पहुंची पुलिस को आरोपी तथा समुदाय विशेष के लोगों ने दौड़ा दिया था। कब्जे में लिए गए मीट और अवशेष को भी छीन लिये थे। इस मामले में थाना प्रभारी जनक सिंह चौहान ने एक नामजद तथा 250 अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
थाना प्रभारी जनक सिंह चौहान ने बताया कि उनको सूचना मिली थी कि नंगला हरेरू गांव में गुरुद्वारा के निकट गाय काटी जा रही है। इस पर वह मयफोर्स के गांव में पहुंचे। जानकारी करने पर गुरुद्वारा के पास उस्मान के घर पहुंचे। वहां उस्मान एवं उसके परिजनों ने पुलिस कार्य में बाधा डालकर रोकने का प्रयास किया। किसी प्रकार समझा-बुझाकर उस्मान के आंगन में पहुंचे तो पाया कि वहां पर कटरा कटा हुआ था। वहीं, तराजू, बांट एवं छुरियां रखी थीं। उन्होंने मौके की वीडियोग्राफी कराई एवं मोबाइल से फोटो खींचे तो उस्मान के परिजन विरोध करने लगे। वहां पर करीब 250 लोग एकत्र हो गए। जिनके हाथों में लाठी-डंडे थे। वे जांच के लिए मांस एवं खाल के टुकड़े, छुरियां तथा तराजू लेकर चलने लगे तो भीड़ ने धक्का-मुक्की करके उक्त सामान छीन लिया। भीड़ में से कुछ लोग घर में तोड़फोड़ तथा आग लगाकर पुलिस का नाम लगाने की साजिश रच रहे थे। तहरीर में थाना प्रभारी ने कहा कि गांव के दूसरे समुदाय के लोगों ने बताया कि उस्मान के परिजन गाय और भैंस के बच्चे को लाए थे। आए दिन यहां जानवर काटे जाने से गंदगी होती है। जिससे लोगों को परेशानी होती है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी थी।
मुख्य बातें
नंगला हरेरू में गोकशी की सूचना पाकर पहुंची थी पुलिस
ग्रामीणों ने मीट और अवशेष के नमूने छीनकर की थी धक्का-मुक्की
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ग्राम नंगला हरेरू में शनिवार रात गोकशी की सूचना पाकर पहुंची पुलिस को आरोपी तथा समुदाय विशेष के लोगों ने दौड़ा दिया था। कब्जे में लिए गए मीट और अवशेष को भी छीन लिये थे। इस मामले में थाना प्रभारी जनक सिंह चौहान ने एक नामजद तथा 250 अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
थाना प्रभारी जनक सिंह चौहान ने बताया कि उनको सूचना मिली थी कि नंगला हरेरू गांव में गुरुद्वारा के निकट गाय काटी जा रही है। इस पर वह मयफोर्स के गांव में पहुंचे। जानकारी करने पर गुरुद्वारा के पास उस्मान के घर पहुंचे। वहां उस्मान एवं उसके परिजनों ने पुलिस कार्य में बाधा डालकर रोकने का प्रयास किया। किसी प्रकार समझा-बुझाकर उस्मान के आंगन में पहुंचे तो पाया कि वहां पर कटरा कटा हुआ था। वहीं, तराजू, बांट एवं छुरियां रखी थीं। उन्होंने मौके की वीडियोग्राफी कराई एवं मोबाइल से फोटो खींचे तो उस्मान के परिजन विरोध करने लगे। वहां पर करीब 250 लोग एकत्र हो गए। जिनके हाथों में लाठी-डंडे थे। वे जांच के लिए मांस एवं खाल के टुकड़े, छुरियां तथा तराजू लेकर चलने लगे तो भीड़ ने धक्का-मुक्की करके उक्त सामान छीन लिया। भीड़ में से कुछ लोग घर में तोड़फोड़ तथा आग लगाकर पुलिस का नाम लगाने की साजिश रच रहे थे। तहरीर में थाना प्रभारी ने कहा कि गांव के दूसरे समुदाय के लोगों ने बताया कि उस्मान के परिजन गाय और भैंस के बच्चे को लाए थे। आए दिन यहां जानवर काटे जाने से गंदगी होती है। जिससे लोगों को परेशानी होती है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी थी।
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नंगला हरेरू में गोकशी की सूचना पाकर पहुंची थी पुलिस
ग्रामीणों ने मीट और अवशेष के नमूने छीनकर की थी धक्का-मुक्की