{"_id":"58012fff4f1c1b762b28fb9a","slug":"classroom-me","type":"story","status":"publish","title_hn":"क्लासरूम में चुनाव प्रचार बैन ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
क्लासरूम में चुनाव प्रचार बैन
अमर उजाला ब्यूरों
Updated Sat, 15 Oct 2016 01:40 AM IST
विज्ञापन
फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
सीसीएसयू प्रशासन ने शुक्रवार को छात्रसंघ चुनाव को लेकर बड़ा फैसला लिया। क्लासरूम में चुनाव प्रचार पर रोक लगा दी है। अगर कोई छात्रनेता कक्षा में प्रचार करते पाया गया तो उसे चुनाव के अयोग्य समझा जाएगा। चुनाव की तिथि 26 अक्तूबर तय है। मतगणना भी उसी दिन होगी। 21 अक्तूबर को नामांक, 22 को स्क्रूटनी और नाम वापसी होगी।
शुक्रवार को कुलपति प्रोफेसर एनके तनेजा की अध्यक्षता में सभी विभागाध्यक्षों की बैठक हुई। इसमें चुनाव प्रचार को लेकर अनेक बिंदुओं पर चर्चा की गई। वीसी ने कहा कि दावेदार छात्र कक्षाओं में प्रचार नहीं कर सकेंगे। इससे छात्रों की पढ़ाई प्रभावित होती है। अगर कोई भी छात्रनेता प्रचार करते मिला तो उसके खिलाफ लिंगदोह समिति की सिफारिशों के मुताबिक कार्रवाई होगी। उसे चुनाव लड़ने से वंचित कर दिया जाएगा। विश्वविद्यालय ने चुनाव अभियान के लिए समय और स्थान निश्चित कर दिया है। सभी छात्रनेताओं को नियमानुसार प्रचार करने की छूट दी जाएगी। बैठक में आशीष सिंह को चुनाव आयुक्त नियुक्त किया गया है।
17 तक ठीक होगी वोटर लिस्ट की गलती
वीसी ने बताया कि 2016-17 में संचालित समस्त पाठ्यक्रमों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं के नाम, पिता, विभाग की पूरी जानकारी विवि की वेबसाइट पर अपलोड कर दी है। छात्र-छात्राएं लिस्ट चेक कर सकते हैं। अगर कहीं कोई गलती रह गई है तो 17 अक्तूबर दोपहर एक बजे तक इसे ठीक करवा सकते हैं। इसकी जानकारी छात्र को अपने विभागाध्यक्ष को देनी होगी। इसके बाद कोई गलती ठीक नहीं की जाएगी।
विज्ञापन
हॉस्टल में नहीं ठहर सकेंगे बाहरी
विवि चुनाव की अधिसूचना सोमवार शाम तक जारी करेगा। इसे लागू होते ही हॉस्टलों में बाहरी छात्र-छात्राएं नहीं ठहर सकेंगे। अभिभावक एवं अतिथियों को भी विवि के किसी भी छात्रावास और अतिथि गृह में ठहरने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
चुनाव प्रचार ने भी पकड़ी तेजी
जैसे-जैसे समय नजदीक आता जा रहा है, वैसे ही चुनाव प्रचार ने भी तेजी पकड़ ली है। शुक्रवार को भी छात्रनेताओं ने कैंपस में जमकर प्रचार किया। कक्षाओं में भी छात्रों से बात की। हालांकि अब विवि की रोक के बाद छात्र कक्षाओं में नहीं जा सकेंगे। वहीं संभावित दावेदार एक-दूसरे की मुखबिरी का काम भी कर रहे हैं। समर्थकों में छात्राओं को जोड़ने पर सबका अधिक जोर है। हॉस्टल में पैठ बनाने के लिए रणनीति बनाई जा रही है।
विज्ञापन
शुक्रवार को कुलपति प्रोफेसर एनके तनेजा की अध्यक्षता में सभी विभागाध्यक्षों की बैठक हुई। इसमें चुनाव प्रचार को लेकर अनेक बिंदुओं पर चर्चा की गई। वीसी ने कहा कि दावेदार छात्र कक्षाओं में प्रचार नहीं कर सकेंगे। इससे छात्रों की पढ़ाई प्रभावित होती है। अगर कोई भी छात्रनेता प्रचार करते मिला तो उसके खिलाफ लिंगदोह समिति की सिफारिशों के मुताबिक कार्रवाई होगी। उसे चुनाव लड़ने से वंचित कर दिया जाएगा। विश्वविद्यालय ने चुनाव अभियान के लिए समय और स्थान निश्चित कर दिया है। सभी छात्रनेताओं को नियमानुसार प्रचार करने की छूट दी जाएगी। बैठक में आशीष सिंह को चुनाव आयुक्त नियुक्त किया गया है।
विज्ञापन
17 तक ठीक होगी वोटर लिस्ट की गलती
वीसी ने बताया कि 2016-17 में संचालित समस्त पाठ्यक्रमों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं के नाम, पिता, विभाग की पूरी जानकारी विवि की वेबसाइट पर अपलोड कर दी है। छात्र-छात्राएं लिस्ट चेक कर सकते हैं। अगर कहीं कोई गलती रह गई है तो 17 अक्तूबर दोपहर एक बजे तक इसे ठीक करवा सकते हैं। इसकी जानकारी छात्र को अपने विभागाध्यक्ष को देनी होगी। इसके बाद कोई गलती ठीक नहीं की जाएगी।
विज्ञापन
हॉस्टल में नहीं ठहर सकेंगे बाहरी
विवि चुनाव की अधिसूचना सोमवार शाम तक जारी करेगा। इसे लागू होते ही हॉस्टलों में बाहरी छात्र-छात्राएं नहीं ठहर सकेंगे। अभिभावक एवं अतिथियों को भी विवि के किसी भी छात्रावास और अतिथि गृह में ठहरने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
चुनाव प्रचार ने भी पकड़ी तेजी
जैसे-जैसे समय नजदीक आता जा रहा है, वैसे ही चुनाव प्रचार ने भी तेजी पकड़ ली है। शुक्रवार को भी छात्रनेताओं ने कैंपस में जमकर प्रचार किया। कक्षाओं में भी छात्रों से बात की। हालांकि अब विवि की रोक के बाद छात्र कक्षाओं में नहीं जा सकेंगे। वहीं संभावित दावेदार एक-दूसरे की मुखबिरी का काम भी कर रहे हैं। समर्थकों में छात्राओं को जोड़ने पर सबका अधिक जोर है। हॉस्टल में पैठ बनाने के लिए रणनीति बनाई जा रही है।