देसी गाय के गोबर से बने दीयों की धूम, एक लाख से ज्यादा मिले ऑर्डर, महिलाओं को मिला रोजगार
- आसपास के जिलों, दिल्ली में भी जा रहे हैं दीये
- दीयों की बढ़ रही मांग, महिलाओं को मिल रहा रोजगार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नगीना स्थित श्रीकृष्ण गौशाला की अध्यक्ष अलका लाहोटी गौशाला में लाल सिंधी नस्ल की देशी गायों का संरक्षण करती हैं। पिछले साल उन्होंने पहली बार देशी गाय के गोबर से राखी बनाई थी। इस राखी की काफी बिक्री हुई थी। उन्होंने इस साल भी राखी बनाई। इस प्रोजेक्ट की कामयाबी को देखते हुए अलका लाहोटी ने प्रयोग के तौर पर लाल सिंधी गाय के गोबर से दीये बनाने शुरू किए।
प्रयोग के तौर पर शुरू किए गए इस प्रोजेक्ट को जनता ने हाथों हाथ लिया। अलका लाहोटी को कुछ ही दिन में देशी गाय के गोबर से बने दीयों के एक लाख ऑर्डर मिल चुके हैं। यहां तक कि आसपास के जिलों से ही नहीं झारखंड, मध्यप्रदेश, उत्तराखंड आदि से भी गाय के गोबर के दीयों की मांग आ रही है।
यह भी पढ़ें: दिव्यांग प्रदीप के हौसले को सलाम... पहले 14 साल तक खुद से लड़े, फिर जीते 11 मेडल, तस्वीरें बयां कर रहीं दास्तां
दिल्ली में भी गौशाला में बने दीये बिक रहे हैं। पहले गौशाला में तीन से चार लाख दीये बनाने का लक्ष्य रखा गया था लेकिन शुरुआत में ही एक लाख रुपये का ऑर्डर मिल चुका है। अब सात से आठ लाख दीये बनाने की तैयारी की जा रही है। एक दीये की कीमत तीन रुपये रखी गई है।
गिफ्ट पैक में भी उपलब्ध हैं दीये
गौशाला में अब रंग बिरंगे दीये भी बनाए जा रहे हैं। ये दीये गिफ्ट पैक में दिए जा रहे हैं। इस पैक में पांच दीये कलर व एक दीया बिना रंग का होगा। इस एक दीये की कीमत 3.65 रुपये रखी गई है। इन गिफ्ट पैक की भी खूब मांग है।
महिलाओं को मिला रोजगार
गौशाला में नौ महिलाएं रोज दीये बना रही हैं। एक महिला एक दिन में 250 तक दीये बनाती है। इन सभी महिलाओं को वेतन दिया जा रहा है। दीये बेचकर गौशाला की रखरखाव के लिए पैसा तो आ ही रहा है साथ ही महिलाओं को भी रोजगार मिल रहा है।
काफी संख्या में बन रहे दीये
श्रीकृष्ण गौशाला की अध्यक्ष अलका लाहोटी का कहना है कि गोबर के दीये काफी संख्या में बनाए जा रहे हैं। और महिलाओं को भी इससे जोड़ने के बारे में सोचा जा रहा है। जिले के उपभोक्ता गोवंश संरक्षण के लिए शुरू किए गए इस काम में सहयोग दें।
नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/