अधिवक्ता अंजली हत्याकांड: कोर्ट में आरोपी पर हमला, भीड़ ने जमकर की धुनाई, किसी तरह जान बचाकर ले गई पुलिस
मेरठ अधिवक्ता अंजली हत्याकांड : सोमवार को कोर्ट में आरोपी पर हमला कर दिया गया। इस दौरान भीड़ ने आरोपी की जमकर धुनाई की। वहीं, पुलिस किसी तरह आरोपी को बचाकर अपने साथ ले गई।
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महिला अधिवक्ता अंजली गर्ग के हत्यारोपी को न्यायालय में पेश करने को लेकर सुबह से ही कचहरी में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम थे। सोमवार दोपहर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के मौजूद न होने के कारण भारी सुरक्षा बल के साथ इंस्पेक्टर सिविल लाइन, चौकी इंचार्ज कचहरी की मौजूदगी में हत्यारोपी सुरेश भाटी को न्यायालय एसीजेएम पांच की अदालत में पेश किया गया। न्यायालय ने आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजने के आदेश दिए। इस मौके पर आरोपी की ओर से कोई भी जमानत प्रार्थना पत्र नहीं दिया गया।
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पुलिस ने आरोपी को 13 न्यायालय भवन के न्यायिक अधिकारियों के प्रवेश द्वार से 30-40 पुलिस वालों की सुरक्षा में पुलिस गाड़ी में ले जाने का प्रयास किया, लेकिन वहां मौजूद भीड़ ने आरोपी को दौड़ा लिया, उसकी जमकर पिटाई कर की। पुलिस ने हल्का पुलिस बल प्रयोग कर सुरेश भाटी को गाड़ी में बिठाया और ले गई। बाद में जेल में दाखिल कराया गया।
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शूटरों से कराई थी अधिवक्ता की हत्या
टीपीनगर की मेवला कॉलोनी में सात जून की सुबह महिला अधिवक्ता डॉ. अंजली गर्ग की शूटरों ने घर के गेट पर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हत्याकांड की साजिश टीपीनगर निवासी प्रॉपर्टी डीलर सुरेश भाटी, शालू बेकरी के मालिक माधवपुरम निवासी यशपाल एवं माधवपुरम निवासी ब्यूटी पार्लर संचालिका के पति नीरज शर्मा ने रची थी। दो लाख रुपये देकर शूटर लिसाड़ी गांव के अनुज उर्फ मनहर और बेरीपुरा के रोहित उर्फ काकुल से हत्या को अंजाम दिलाया था। पांच आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है। सुरेश भाटी को रविवार रात ही टीपीनगर पुलिस ने गिरफ्तार किया था।