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गन्ने की बंधाई कर रहे मजदूर की करंट लगने से मौत, धरने पर बैठे परिजन
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मृतक के परिवार को आर्थिक मदद की मांग आदि को लेकर सीएचसी में धरना देते भाकियू संघर्ष मोर्चा व मृ
बहसूमा/मवाना। बहसूमा क्षेत्र के गांव कोहला के जंगल में बृहस्पतिवार को खेत में गन्ने की फसल की बंधाई करते समय करंट प्रवाहित एलटी लाइन के तार की चपेट में आने से रामराज (कुन्हेड़ा रामराज खादर) निवासी दीपक (40) गंभीर रूप से झुलस गया। उसे गंभीर हालत में मवाना स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। आर्थिक मदद और मृतक के परिजन को नौकरी की मांग को लेकर दो घंटे तक सीएचसी मवाना में शव रखकर परिजनों व भारतीय किसान यूनियन संघर्ष मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने धरना दिया। एसडीएम और विद्युत निगम के अधिशासी अभियंता के आश्वासन पर परिजन शांत हुए।
गांव कुन्हेड़ा निवासी दीपक रामराज स्थित मोहल्ला गौतम बुद्ध नगर में अपनी ससुराल में ससुर तेजपाल के पड़ोस में किराए के मकान में रहता था। वह मजदूरी कर परिवार का पालन पोषण कर रहा था। बृहस्पतिवार को वह रामराज निवासी साथी भूपेंद्र, राजेंद्र, बसंता व रामपाल के साथ क्षेत्र के गांव कोहला निवासी राजेंद्र के खेत में गन्ने की बंधाई करने गया था। खेत के ऊपर से गुजर रही जर्जर एलटी लाइन के टूटे पड़े करंट प्रवाहित तार की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गया, जबकि उसके साथी बाल-बाल बचे। साथियों ने खेत मालिक को कॉल कर विद्युत आपूर्ति बंद करवाई। गंभीर रूप से घायल दीपक को एंबुलेंस से मवाना स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
अधिकारियों से कई बार की वार्ता के बाद बनी बात
परिजनों व किसान यूनियन संघर्ष मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने शाम करीब 6:45 बजे सीएचसी में शव रखकर धरना दिया। उनकी मांग थी कि बिजली विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हो, मृतक के परिवार को आर्थिक मदद व मृतक की पत्नी को सरकारी नौकरी देने दी जाए। एसडीएम द्वारा कॉल करने के करीब एक घंटे बाद तक भी बिजली विभाग के अधिकारी सीएचसी नहीं पहुंचे। धरनारत लोगों ने शव हाईवे पर रखकर जाम लगाने की चेतावनी दी। इसके बाद विद्युत निगम की एमडी को कॉल की गई। इसके बाद अधिशासी अभियंता सतीश चंद्र, जेई सीएस मौर्य मौके पर पहुंचे। लोगों ने विद्युत विभाग के अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और जमकर खरी खोटी सुनाई। कई बार की वार्ता के बाद एक्सईएन ने ढाई लाख रुपये नकद देने, विभाग की ओर से 7.50 लाख रुपये का चेक दिलाने और मृतक की पत्नी को नगर पंचायत में नौकरी दिलाने का आश्वासन दिया। इसके बाद पौने नौ बजे शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। इस मौके पर भाकियू संघर्ष मोर्चा के जिलाध्यक्ष नवनीत चौहान, युवा संघर्ष मोर्चा के इंद्रजीत सिंह जयंत, भोला चौधरी, अमित त्यागी, ब्रजपाल फौजी, बसपा नेता सुनीत कुमार, भाकियू भानू के पुनीत त्यागी, अंकित गुर्जर रहे।
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परिजनों का रोकर बुरा हाल
पांच भाइयों में मृतक दीपक सबसे बड़ा था। परिवार में उसकी साढ़े तीन माह की गर्भवती पत्नी और दो पुत्रियां साक्षी 8 वर्ष, नंदिनी 12 वर्ष हैं। परिजनों का रोकर बुरा हाल है।
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गांव कुन्हेड़ा निवासी दीपक रामराज स्थित मोहल्ला गौतम बुद्ध नगर में अपनी ससुराल में ससुर तेजपाल के पड़ोस में किराए के मकान में रहता था। वह मजदूरी कर परिवार का पालन पोषण कर रहा था। बृहस्पतिवार को वह रामराज निवासी साथी भूपेंद्र, राजेंद्र, बसंता व रामपाल के साथ क्षेत्र के गांव कोहला निवासी राजेंद्र के खेत में गन्ने की बंधाई करने गया था। खेत के ऊपर से गुजर रही जर्जर एलटी लाइन के टूटे पड़े करंट प्रवाहित तार की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गया, जबकि उसके साथी बाल-बाल बचे। साथियों ने खेत मालिक को कॉल कर विद्युत आपूर्ति बंद करवाई। गंभीर रूप से घायल दीपक को एंबुलेंस से मवाना स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
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अधिकारियों से कई बार की वार्ता के बाद बनी बात
परिजनों व किसान यूनियन संघर्ष मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने शाम करीब 6:45 बजे सीएचसी में शव रखकर धरना दिया। उनकी मांग थी कि बिजली विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हो, मृतक के परिवार को आर्थिक मदद व मृतक की पत्नी को सरकारी नौकरी देने दी जाए। एसडीएम द्वारा कॉल करने के करीब एक घंटे बाद तक भी बिजली विभाग के अधिकारी सीएचसी नहीं पहुंचे। धरनारत लोगों ने शव हाईवे पर रखकर जाम लगाने की चेतावनी दी। इसके बाद विद्युत निगम की एमडी को कॉल की गई। इसके बाद अधिशासी अभियंता सतीश चंद्र, जेई सीएस मौर्य मौके पर पहुंचे। लोगों ने विद्युत विभाग के अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और जमकर खरी खोटी सुनाई। कई बार की वार्ता के बाद एक्सईएन ने ढाई लाख रुपये नकद देने, विभाग की ओर से 7.50 लाख रुपये का चेक दिलाने और मृतक की पत्नी को नगर पंचायत में नौकरी दिलाने का आश्वासन दिया। इसके बाद पौने नौ बजे शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। इस मौके पर भाकियू संघर्ष मोर्चा के जिलाध्यक्ष नवनीत चौहान, युवा संघर्ष मोर्चा के इंद्रजीत सिंह जयंत, भोला चौधरी, अमित त्यागी, ब्रजपाल फौजी, बसपा नेता सुनीत कुमार, भाकियू भानू के पुनीत त्यागी, अंकित गुर्जर रहे।
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परिजनों का रोकर बुरा हाल
पांच भाइयों में मृतक दीपक सबसे बड़ा था। परिवार में उसकी साढ़े तीन माह की गर्भवती पत्नी और दो पुत्रियां साक्षी 8 वर्ष, नंदिनी 12 वर्ष हैं। परिजनों का रोकर बुरा हाल है।

मृतक के परिवार को आर्थिक मदद की मांग आदि को लेकर सीएचसी में धरना देते भाकियू संघर्ष मोर्चा व मृ