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जाफरावाला बाग में बन सकता है मेरठ कॉलेज का खेल मैदान
Updated Thu, 05 Apr 2018 02:07 AM IST
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कैंट की जमीन पर बनेगा मेरठ कॉलेज का खेल मैदान
मेरठ। कैंट इलाके में सीडीए के सामने स्थित 22 एकड़ जमीन पर मेरठ कॉलेज का खेल मैदान बनेगा। इसके लिए भारतीय सेना के मास्टर जनरल ऑफ आर्डिनेंस की तरफ से भी हरी झंडी मिल गई है। प्राचार्या ने रक्षा संपदा अधिकारी को पत्र लिखकर इस संबंध में अनुमति मांगी है।
बाउंड्री रोड पर स्थित इस भूमि को जाफरावाला बाग भी कहा जाता है। ये जमीन लीज पर मेरठ कॉलेज के पास है। अरबों रुपये कीमत की इस जमीन पर बड़ी-बड़ी झाड़ियां उग चुकी हैं। कुछ लोगों ने यहां पर कूड़ा फेंकना शुरू कर दिया। इस जमीन पर बड़ी संख्या में लोग अवैध रूप से झुग्गियां बनाकर रह रहे हैं। इनमें बांग्लादेशी भी हैं। रक्षा संपदा भूमि होने के कारण इसके इस्तेमाल में परेशान आ रही थी। पिछले महीने मेरठ कॉलेज के डिफेंस स्टडीज विभाग में आयोजित सेमिनार में भारतीय सेना के मास्टर जनरल ऑफ आर्डिनेंस लेफ्टिनेंट जनरल आरआर निंबोरकर शामिल होने के लिए आए थे। इस दौरान मेरठ कॉलेज की प्राचार्या बी कुमार ने उनसे इस जमीन पर खेल का मैदान बनाने की बात कही थी। इसको लेकर उन्होंने प्रस्ताव दिया था। इस मामले में आरआर निंबोरकर की तरफ से रक्षा संपदा अधिकारी से इस पर विचार करने के लिए पत्र लिखा गया है। इसके बाद मेरठ कॉलेज की प्राचार्या ने रक्षा संपदा अधिकारी को चिट्ठी लिखकर खेल मैदान बनाने की अनुमति मांगी है।
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मेरठ। कैंट इलाके में सीडीए के सामने स्थित 22 एकड़ जमीन पर मेरठ कॉलेज का खेल मैदान बनेगा। इसके लिए भारतीय सेना के मास्टर जनरल ऑफ आर्डिनेंस की तरफ से भी हरी झंडी मिल गई है। प्राचार्या ने रक्षा संपदा अधिकारी को पत्र लिखकर इस संबंध में अनुमति मांगी है।
बाउंड्री रोड पर स्थित इस भूमि को जाफरावाला बाग भी कहा जाता है। ये जमीन लीज पर मेरठ कॉलेज के पास है। अरबों रुपये कीमत की इस जमीन पर बड़ी-बड़ी झाड़ियां उग चुकी हैं। कुछ लोगों ने यहां पर कूड़ा फेंकना शुरू कर दिया। इस जमीन पर बड़ी संख्या में लोग अवैध रूप से झुग्गियां बनाकर रह रहे हैं। इनमें बांग्लादेशी भी हैं। रक्षा संपदा भूमि होने के कारण इसके इस्तेमाल में परेशान आ रही थी। पिछले महीने मेरठ कॉलेज के डिफेंस स्टडीज विभाग में आयोजित सेमिनार में भारतीय सेना के मास्टर जनरल ऑफ आर्डिनेंस लेफ्टिनेंट जनरल आरआर निंबोरकर शामिल होने के लिए आए थे। इस दौरान मेरठ कॉलेज की प्राचार्या बी कुमार ने उनसे इस जमीन पर खेल का मैदान बनाने की बात कही थी। इसको लेकर उन्होंने प्रस्ताव दिया था। इस मामले में आरआर निंबोरकर की तरफ से रक्षा संपदा अधिकारी से इस पर विचार करने के लिए पत्र लिखा गया है। इसके बाद मेरठ कॉलेज की प्राचार्या ने रक्षा संपदा अधिकारी को चिट्ठी लिखकर खेल मैदान बनाने की अनुमति मांगी है।
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