मऊ। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट विनोद शर्मा ने सितमी उर्फ मधरी पुत्री उमेश चौहान की हत्या कर शव को छुपाने के मामले में पुलिस की अंतिम रिपोर्ट को निस्तारित करते हुए वादी मुकदमा की ओर से दाखिल प्रोटेस्ट प्रार्थना पत्र को स्वीकार कर लिया। साथ ही प्रभारी निरीक्षक कोपागंज को आदेश दिया कि वह मुकदमा अपराध संख्या 246/2018 धारा 302, 201 भादवि में विधि अनुसार अग्रिम विवेचना करें ।
सम्यक विवेचना के उपरांत न्यायालय के समक्ष विवेचना रिपोर्ट पांच अप्रैल तक प्रस्तुत करने का आदेश दिया। मामला कोपागंज थाना क्षेत्र सोडसर गाँव का है। मामले के अनुसार कोपागंज थाना क्षेत्र के सोडसर गांव निवासी शिव कुमार चौहान ने सीजेएम कोर्ट में धारा 156( 3) सीआरपीसी के तहत प्रार्थना पत्र दिया। इसमें गांव के ही पतिया देवी और ग्राम प्रधान सहित 14 लोगों को आरोपी बनाया । आरोप था कि आरोपीगण ने सितमी उर्फ मधरी पुत्री उमेश चौहान की हत्या कर शव को गायब कर दिया। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज कर बाद विवेचना मामले मे अंतिम रिपोर्ट लगा दिया। कोर्ट मे वादी मुकदमा शिव कुमार चौहान की ओर से पुलिस की ओर से भेजे गए अंतिम रिपोर्ट पर आपत्ति दाखिल करते हुए अंतिम रिपोर्ट को निरस्त कर मामले की अग्रिम विवेचना कराए जाने का अनुरोध किया था। सुनवाई के बाद सीजेएम ने वादी मुकदमा का प्रार्थना पत्र स्वीकार करते हुए प्रभारी निरीक्षक कोपागंज को मामले की अग्रिम विवेचना करने का आदेश दिया।