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हल्की धूप भी ठंड दूर करने में नाकाफी
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मऊ। जिले में शीतलहर का प्रकोप जारी है। हालांकि कोहरे के बाद हल्की धूप निकली। लेकिन वह ठंड को दूर करने में नाकाफी रही। लोग दिनभर गर्म कपड़ों में रहे। उधर, बदल रहे मौसम को गेहूं की फसल के लिए फायदेमंद माना जा रहा है। जबकि दलहनी तथा आलू की फसल पर विपरीत असर पड़ सकता है।
सुबह सात बजे तक कोहरा छाया रहा। ऐसे में भोर में चलने वाली रोडवेज बसों का संचालन प्रभावित हुआ। धुंध के चलते वाहन रेंगते रहे। सोमवार को अधिकतम तापमान 21 और न्यूनतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस रहा। जबकि छह किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलती रही। उधर, दिन में निकली हल्की धूप भी लोगों को ठंड से कोई खास राहत नहीं दे सकी।
नेफोर्ड के जिला प्रभारी तथा कृषि विशेषज्ञ संतोष कुमार मिश्र ने बताया कि ठंड और कोहरे से गेहूं की फसल को फायदा होगा। लेकिन दलहनी, तिलहनी फसलों पर कीटों का प्रकोप हो सकता है। ऐसे में रासायनिक दवा का छिड़काव करना होगा।
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मधुबन : क्षेत्र के ज्यादातर गांव सब्जी उत्पादन के लिए जाने जाते हैं। बदल रहा मौसम मटर, सरसों और अरहर की फसलों को नुकसान पहुंच रहा है। क्षेत्र के चंद्रभान मल्ल, हरिनारायण मल्ल, सोहन राजभर, राजपति साहनी का कहना था कि आलू में झुलसा रोग लगने के कारण पत्तियां पीली हो गई है। फूल से फल नहीं बन रहा है। किसान कीटनाशक दवाओं का छिड़काव कर रहे हैं। लेकिन अपेक्षित लाभ नहीं मिल पा रहा है।
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सुबह सात बजे तक कोहरा छाया रहा। ऐसे में भोर में चलने वाली रोडवेज बसों का संचालन प्रभावित हुआ। धुंध के चलते वाहन रेंगते रहे। सोमवार को अधिकतम तापमान 21 और न्यूनतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस रहा। जबकि छह किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलती रही। उधर, दिन में निकली हल्की धूप भी लोगों को ठंड से कोई खास राहत नहीं दे सकी।
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नेफोर्ड के जिला प्रभारी तथा कृषि विशेषज्ञ संतोष कुमार मिश्र ने बताया कि ठंड और कोहरे से गेहूं की फसल को फायदा होगा। लेकिन दलहनी, तिलहनी फसलों पर कीटों का प्रकोप हो सकता है। ऐसे में रासायनिक दवा का छिड़काव करना होगा।
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मधुबन : क्षेत्र के ज्यादातर गांव सब्जी उत्पादन के लिए जाने जाते हैं। बदल रहा मौसम मटर, सरसों और अरहर की फसलों को नुकसान पहुंच रहा है। क्षेत्र के चंद्रभान मल्ल, हरिनारायण मल्ल, सोहन राजभर, राजपति साहनी का कहना था कि आलू में झुलसा रोग लगने के कारण पत्तियां पीली हो गई है। फूल से फल नहीं बन रहा है। किसान कीटनाशक दवाओं का छिड़काव कर रहे हैं। लेकिन अपेक्षित लाभ नहीं मिल पा रहा है।