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भाकपा माले ने निकाला भूमि अधिकार मार्च
ब्यूरो, अमर उजाला, मऊ
Updated Wed, 01 Jul 2015 12:19 AM IST
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अखिल भारतीय लोकमंच और भाकपा माले के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को नगर क्षेत्र के निजामुद्दीनपुरा स्थित भाकपा माले के कार्यालय से भूमि अधिकार व श्रम अधिकार मार्च निकाला। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने सिटी मजिस्ट्रेट को राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा। कार्यकर्ताओं ने कहा कि किसानों की खुशहाली का वादा कर केंद्र की सत्ता में आई भाजपा किसान विरोधी कार्य कर रही है।
नगर क्षेत्र के निजामुद्दीनपुरा से होकर डीसीएसके मोड़, रोडवेज, सहादतपुरा, आजमगढ़ तिराहा, गाजीपुर तिराहा होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचकर मार्च धरने में तब्दील हो गया। भाकपा माले नेता बसंत ने कहा कि मजदूर किसान की खुशहाली का वादा कर सत्ता में आयी भाजपा बिल्कुल उलट कर काम कर रही है।
उसी का नतीजा है कि भूमि अधिग्रहण अध्यादेश और श्रम कानून में बदलाव की साजिश की गई। कहा कि मजदूर और किसानों को संगठित कर पार्टी आने वाले दिनों में संघर्ष और तेज करेगी।
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भाकपा माले नेता फतेह बहादुर यादव ने कहा कि अब दाल रोटी तक महंगी हो गई है। श्रीराम सिंह ने कहा कि देश के मजदूरों की हालत बद से बदतर हो चुकी है। पूरे देश में कहीं भी सरकारें न्यूनतम मजदूरी भी नहीं दिला पा रही हैं।
धरने के बाद विभिन्न मांगों को लेकर कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। धरने में मुख्य रुप से शीला, ओमप्रकाश, कल्पनाथ राजभर, रामशब्द , रामनवल, दयाशंकर सिंह, चंद्रेव, महानंद, मेवाती, सुरेंद्र आदि मौजूद रहे।
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नगर क्षेत्र के निजामुद्दीनपुरा से होकर डीसीएसके मोड़, रोडवेज, सहादतपुरा, आजमगढ़ तिराहा, गाजीपुर तिराहा होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचकर मार्च धरने में तब्दील हो गया। भाकपा माले नेता बसंत ने कहा कि मजदूर किसान की खुशहाली का वादा कर सत्ता में आयी भाजपा बिल्कुल उलट कर काम कर रही है।
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उसी का नतीजा है कि भूमि अधिग्रहण अध्यादेश और श्रम कानून में बदलाव की साजिश की गई। कहा कि मजदूर और किसानों को संगठित कर पार्टी आने वाले दिनों में संघर्ष और तेज करेगी।
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भाकपा माले नेता फतेह बहादुर यादव ने कहा कि अब दाल रोटी तक महंगी हो गई है। श्रीराम सिंह ने कहा कि देश के मजदूरों की हालत बद से बदतर हो चुकी है। पूरे देश में कहीं भी सरकारें न्यूनतम मजदूरी भी नहीं दिला पा रही हैं।
धरने के बाद विभिन्न मांगों को लेकर कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। धरने में मुख्य रुप से शीला, ओमप्रकाश, कल्पनाथ राजभर, रामशब्द , रामनवल, दयाशंकर सिंह, चंद्रेव, महानंद, मेवाती, सुरेंद्र आदि मौजूद रहे।