{"_id":"595a8d024f1c1b76698b45fc","slug":"51499106562-mau-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अक्षरों संग चित्रों को देखकर छात्रों के चेहरे खिले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अक्षरों संग चित्रों को देखकर छात्रों के चेहरे खिले
Updated Mon, 03 Jul 2017 11:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सूरजपुर। दोहरीघाट ब्लाक अंतर्गत प्राथमिक विद्यालय रसूलपुर भाग एक के बच्चे प्रोजेक्टर के माध्यम से पढ़ाई कर सकेंगे। यह प्रोजेक्टर सरकारी मदद से नहीं बल्कि प्रधानाध्यापक के प्रयास से हो सका है। विद्यालय में प्रोजेक्टर का उद्घाटन खंड शिक्षा अधिकारी दोहरीघाट गोपाल शरण मिश्र ने फीता काटकर और प्रोजेक्टर के बटन को दबाकर किया। प्रोजेक्टर के स्क्रीन पर अक्षरों के साथ चित्रों को देखकर छात्रों के चेहरे खिल उठे।
दोहरीघाट ब्लाक अंतर्गत प्राथमिक विद्यालय रसूलपुर भाग एक पर छात्र छात्राओ में शिक्षण कार्य को सुगम तथा रुचिकर बनाने के लिए प्रधानाध्यापक ब्रजभूषण यादव ने बगैर किसी सरकारी अनुदान के विद्यालय में प्रोजेक्टर के माध्यम से छात्रों को शिक्षण कार्य कराने का संकल्प लिया।खंड शिक्षा अधिकारी दोहरीघाट गोपालशरण मिश्र ने कहा कि आधुनिक शिक्षण प्रक्रिया में प्रोजेक्टर का एक अलग ही महत्व होता है।शिक्षण अधिगम को सरल बनाने के लिए प्रोजेक्टर के माध्यम से इंटरनेट से बच्चे अपनी कक्षा में विषय वस्तु को सीधे स्क्रीन पर देखकर समझ सकते हैं। उन्होंने प्रधानाध्यापक ब्रजभूषण यादव की शिक्षण कार्य में लगनशीलता व् विद्यालय की व्यवस्था को देखकर काफी सराहना की।इस अवसर पर प्रधानाध्यापक रामनरायन यादव, अशोक यादव, राजेश राय, रविप्रकाश उपाध्याय, सुबोध मौर्य, गुलशन बानो, दिलीप, शिवकुमार, उर्मिला देवी, गायत्री देवी, जायसवाल आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
दोहरीघाट ब्लाक अंतर्गत प्राथमिक विद्यालय रसूलपुर भाग एक पर छात्र छात्राओ में शिक्षण कार्य को सुगम तथा रुचिकर बनाने के लिए प्रधानाध्यापक ब्रजभूषण यादव ने बगैर किसी सरकारी अनुदान के विद्यालय में प्रोजेक्टर के माध्यम से छात्रों को शिक्षण कार्य कराने का संकल्प लिया।खंड शिक्षा अधिकारी दोहरीघाट गोपालशरण मिश्र ने कहा कि आधुनिक शिक्षण प्रक्रिया में प्रोजेक्टर का एक अलग ही महत्व होता है।शिक्षण अधिगम को सरल बनाने के लिए प्रोजेक्टर के माध्यम से इंटरनेट से बच्चे अपनी कक्षा में विषय वस्तु को सीधे स्क्रीन पर देखकर समझ सकते हैं। उन्होंने प्रधानाध्यापक ब्रजभूषण यादव की शिक्षण कार्य में लगनशीलता व् विद्यालय की व्यवस्था को देखकर काफी सराहना की।इस अवसर पर प्रधानाध्यापक रामनरायन यादव, अशोक यादव, राजेश राय, रविप्रकाश उपाध्याय, सुबोध मौर्य, गुलशन बानो, दिलीप, शिवकुमार, उर्मिला देवी, गायत्री देवी, जायसवाल आदि शामिल रहे।
विज्ञापन