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मां की डांट से क्षुब्ध किशोरी ट्रेन से पहुंची मऊ
Updated Tue, 18 Sep 2018 12:28 AM IST
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मां के डांटने पर एक किशोरी सोमवार सुबह अपने घर से भाग कर देवरिया से लिच्छवी एक्सप्रेस ट्रेन पर सवार हो गई। लेकिन कुछ देर बाद ही उसे मां की याद सताने लगी और किशोरी रोने लगी। ट्रेन में मौजूद टीटीई की नजर उस किशोरी पर पड़ी, तो टीटीई ने इसकी जानकारी आरपीएफ को दी। ट्रेन के मऊ जंक्शन पर रुकते ही आरपीएफ ने किशोरी को ट्रेन से उतारा और उसके परिवार वालों को जानकारी दी।
आरपीएफ प्रभारी डीके राय ने बताया कि किशोरी ने पूछताछ में बताया कि वह देवरिया जिले के बरकटा थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली है। सोमवार की सुबह किसी बात को लेकर उसकी मां ने उसे फटकार लगा दी। जिससे नाराज होकर वह देवरिया स्टेशन पहुंच गई। वहां सीतामढ़ी से आनंद विहार जाने वाली अप लिच्छवी एक्सप्रेस में रिर्जेवेशन कोच में सवार हो गई। बेल्थरा रोड स्टेशन के आगे ट्रेन के पहुंचने पर अचानक किशोरी को अपनी गलती का अहसास हुआ और रोने लगी। इसी दौरान कोच में टिकट चेक कर रहे टीटीई राजेश उपाध्याय की नजर उस पर पड़ी। उन्होंने आरपीएफ एस्कार्ट को सूचित किया। जहां मऊ स्टेशन पर ट्रेन रुकने पर आरपीएफ उसे अपने साथ पोस्ट पर ले आई। आरपीएफ की सूचना पर किशोरी के परिजन उसे लेने के लिए घर से रवाना हो गए।
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आरपीएफ प्रभारी डीके राय ने बताया कि किशोरी ने पूछताछ में बताया कि वह देवरिया जिले के बरकटा थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली है। सोमवार की सुबह किसी बात को लेकर उसकी मां ने उसे फटकार लगा दी। जिससे नाराज होकर वह देवरिया स्टेशन पहुंच गई। वहां सीतामढ़ी से आनंद विहार जाने वाली अप लिच्छवी एक्सप्रेस में रिर्जेवेशन कोच में सवार हो गई। बेल्थरा रोड स्टेशन के आगे ट्रेन के पहुंचने पर अचानक किशोरी को अपनी गलती का अहसास हुआ और रोने लगी। इसी दौरान कोच में टिकट चेक कर रहे टीटीई राजेश उपाध्याय की नजर उस पर पड़ी। उन्होंने आरपीएफ एस्कार्ट को सूचित किया। जहां मऊ स्टेशन पर ट्रेन रुकने पर आरपीएफ उसे अपने साथ पोस्ट पर ले आई। आरपीएफ की सूचना पर किशोरी के परिजन उसे लेने के लिए घर से रवाना हो गए।
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