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30 करोड़ का नुकसान
mau
Updated Mon, 04 Apr 2016 11:49 PM IST
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नगर क्षेत्र के घास बाजार में सोमवार को बंद स्वर्ण आभूषणों की दूकानें।
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केंद्र सरकार द्वारा एक्साइज ड्यूटी लगाने के विरोध में सराफा व्यवसायियों की एक माह से ज्यादा लंबी हड़ताल जारी है। दो मार्च से चली आ रही हड़ताल के चलते अब तक करीब 30 करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ है।
अब सरकार की बेरुखी से नाराज जिले के हजारों सराफा व्यवसायी मंगलवार को बनारस स्थित पीएम कार्यालय कूच करेंगे। जहां मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन होगा। सराफा व्यवसायी संघ के नेता मनीष सर्राफ सहित तमाम कारोबारियों का तर्क है कि वर्ष 2012 में जब केंद्र की तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने एक्साईज ड्युटी लगाई थी।
उस समय भी हड़ताल 21 दिन तक चली थी। तब उस समय गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री और वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने इसका पुरजोर विरोध किया था। सराफा कारोबारी अजय सर्राफ का दावा है कि एक्साइज ड्युटी के विरोध में पूरे पूर्वांचल में सबसे प्रभावी और सफल बंदी जिले में हो रही है।
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कहा कि अगर केंद्र ने यह काला कानून वापस नहीं लिया तो कारोबारी कोर्ट की शरण लेंगे। कहा कि अब कारोबारी आरपार की लड़ाई के मूड में हैं।
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अब सरकार की बेरुखी से नाराज जिले के हजारों सराफा व्यवसायी मंगलवार को बनारस स्थित पीएम कार्यालय कूच करेंगे। जहां मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन होगा। सराफा व्यवसायी संघ के नेता मनीष सर्राफ सहित तमाम कारोबारियों का तर्क है कि वर्ष 2012 में जब केंद्र की तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने एक्साईज ड्युटी लगाई थी।
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उस समय भी हड़ताल 21 दिन तक चली थी। तब उस समय गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री और वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने इसका पुरजोर विरोध किया था। सराफा कारोबारी अजय सर्राफ का दावा है कि एक्साइज ड्युटी के विरोध में पूरे पूर्वांचल में सबसे प्रभावी और सफल बंदी जिले में हो रही है।
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कहा कि अगर केंद्र ने यह काला कानून वापस नहीं लिया तो कारोबारी कोर्ट की शरण लेंगे। कहा कि अब कारोबारी आरपार की लड़ाई के मूड में हैं।