फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mau News ›   शिक्षा सत्र शुरू, जर्जर भवन में पढ़ रहें छात्र

शिक्षा सत्र शुरू, जर्जर भवन में पढ़ रहें छात्र

Fri, 06 Apr 2018 11:32 PM IST
Updated Fri, 06 Apr 2018 11:32 PM IST
विज्ञापन
शिक्षा सत्र शुरू, जर्जर भवन में पढ़ रहें छात्र
मऊ। शिक्षा सत्र को शुरू हुए पांच दिन बीत चुके है,लेकिन नगर सहित जिले के विभिन्न इलाकों में चल रहे परिषदीय विद्यालयों के जर्जर भवनों को चिह्नित नहीं किया जा सका है। कई विद्यालयों के परिसर में वर्षो से निष्प्रयोज्य जर्जर कक्ष हैं, कक्ष खुला रहने से अवकाश के समय नौनिहाल बाहर चले भी जाते हैं। इससे दुर्घटना की हमेशा आशंका बनी रहती है।
विज्ञापन

जिले में 1060 प्राथमिक तथा 442 उच्च प्राथमिक विद्यालय हैं। इसमें एक सौ से ज्यादा भवन जर्जर स्थिति में है। कई परिषदीय विद्यालयों के भवनों का उचित रख रखाव न होने से बरसात के दिनों में टपकने से पठन पाठन पर विपरीत असर पड़ता है। बच्चे तथा शिक्षक दहशत में रहते हैं। नगर के मलिकताहिरपुरा, भदेसरा, रतनपुरा ब्लाक क्षेत्र के रजडीहा स्थित कई विद्यालय जर्जर भवन में संचालित हो रहे हैं। जबकि कई विद्यालय परिसर में वर्षो से जर्जर भवन बेकार पड़े हैं। ऐसे में भवनों को ढहाया नहीं जा सका है। हालत यह है कि अवकाश के समय जर्जर भवन में नौनिहाल खेलते कूदते रहते हैं।
विज्ञापन

40 परिषदीय विद्यालयों के निष्प्रयोज्य जर्जर भवनों के निर्माण और 14 विद्यालयों के भवन की मरम्मत कराने के लिए शासन से बजट की मांग की गई है। जर्जर भवनों को ढहाने के लिए विद्यालय प्रबंध समिति को पत्र जारी किया गया है। बता दें कि कोपागंज ब्लाक क्षेत्र के शहरोज गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय का भवन जर्जर हाल में है, जिसका गेट गिरने से एक बच्चे की मौत हो गई थी । घटना के बाद चेते विभाग और प्रशासन ने स्कूल प्राधानाचार्य को दोषी मानते हुए कार्रवाई की, लेकिन जर्जर भवन को गिराने की सुधी नहीं ली।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसी क्रम में क्षेत्र के अलीपुर, जयरामगढ़, रइसा स्थित परिषदीय विद्यालयों का भवन बरसात के दिनों में टपकता है। इससे पठन पाठन पर असर पड़ता है। यही नहीं इन विद्यालयों के परिसर में लंबे समय से जर्जर भवन निष्प्रयोज्य हाल में है। अवकाश में बच्चे खेलने चले जाते हैं। जर्जर भवनों को ढहाया नहीं जा सका है। रतनपुरा ब्लाक के रजडीहा स्थित प्राथमिक विद्यालय भवन का मरम्मत कार्य से वर्षो से नहीं कराया जा सका है। पिपरीडीह क्षेत्र के कहिनौर स्थित परिषदीय विद्यालय परिसर में लंबे समय से निष्प्रयोज्य जर्जर भवन को ढहाया नहीं जा सका है। इस बाबत शिक्षा विभाग के जिला समन्वयक निर्माण अजीत कुमार तिवारी का कहना है कि जर्जर भवन में विद्यालयों के संचालित होने का मामला संज्ञान में है, इसके लिए सभी खंड शिक्षा अधिकारियों से सूची मांगी गई है। 40 विद्यालयों के भवन निष्प्रयोज्य हालत में है। भवन ढहाए जाने के लिए विद्यालय प्रबंध समितियों को पत्र जारी किया गया है। 40 विद्यालयों के भवन निर्माण तथा 18 विद्यालयों के भवनों की मरम्मत कराया जाना है। इसके लिए बजट की मांग की गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed