{"_id":"6102be478ebc3e58571bf00e","slug":"mathura-demonstration-at-collectorate-for-removal-of-temporary-shrine-mathura-news-agr5017211157","type":"story","status":"publish","title_hn":"मथुरा: अस्थायी धर्मस्थल हटाने को लेकर कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मथुरा: अस्थायी धर्मस्थल हटाने को लेकर कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मथुरा। टाउनशिप स्थित कांशीराम कॉलोनी में मंगलवार की रात पुलिस ने एसडीएम के निर्देश पर तोड़े गए धार्मिक स्थल को लेकर बृहस्पतिवार को मुस्लिम समुदाय की महिलाओं और बच्चों ने कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। समुदाय के धर्मग्रंथों को पैरों से कुचले जाने पर आक्रोश जताते हुए धार्मिक स्थल निर्माण के लिए जमीन की मांग की।
रिफाइनरी थाना क्षेत्र के तहत कांशीराम कॉलोनी के ब्लाक संख्या 85 के पीछे खाली पड़ी जमीन पर टीन और तंबू-डेरे लगाकर तीन माह पूर्व एक आस्था धर्मस्थल का निर्माण कर लिया गया था, जिसकी जानकारी लगने पर इलाका पुलिस ने इसे ध्वस्त करा दिया था। इसे लेकर लोगों में आक्रोश बना हुआ है।
इस मामले में बच्चे और महिलाएं डीएम कार्यालय पहुंचे। यहां उनका कहना था कि छोटे बच्चों की तालीम और आसपास कोई अन्य धर्मस्थल न होने के कारण अपनी इबादत के लिए यह अस्थायी निर्माण किया गया था, जिसे स्थायी बनाने के लिए अनुमति की प्रक्रिया भी अपनाई जा रही थी, लेकिन इसी बीच कॉलोनी में रहने वाले लोगों की शिकायत पर बिना किसी पूर्व नोटिस के इस अस्थाई धर्मस्थल को तोड़ दिया गया। वहीं क्षेत्र के कुछ लोगों का कहना था कि यह जबरन जगह घेरकर बनाया गया स्थल था। जिसे प्रशासन को शिकायत के बाद हटाया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
रिफाइनरी थाना क्षेत्र के तहत कांशीराम कॉलोनी के ब्लाक संख्या 85 के पीछे खाली पड़ी जमीन पर टीन और तंबू-डेरे लगाकर तीन माह पूर्व एक आस्था धर्मस्थल का निर्माण कर लिया गया था, जिसकी जानकारी लगने पर इलाका पुलिस ने इसे ध्वस्त करा दिया था। इसे लेकर लोगों में आक्रोश बना हुआ है।
विज्ञापन
इस मामले में बच्चे और महिलाएं डीएम कार्यालय पहुंचे। यहां उनका कहना था कि छोटे बच्चों की तालीम और आसपास कोई अन्य धर्मस्थल न होने के कारण अपनी इबादत के लिए यह अस्थायी निर्माण किया गया था, जिसे स्थायी बनाने के लिए अनुमति की प्रक्रिया भी अपनाई जा रही थी, लेकिन इसी बीच कॉलोनी में रहने वाले लोगों की शिकायत पर बिना किसी पूर्व नोटिस के इस अस्थाई धर्मस्थल को तोड़ दिया गया। वहीं क्षेत्र के कुछ लोगों का कहना था कि यह जबरन जगह घेरकर बनाया गया स्थल था। जिसे प्रशासन को शिकायत के बाद हटाया गया है।
विज्ञापन