फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   flood in yamuna

जिले के 175 गांवों में बाढ़ का खतरा, होने लगी मुनादी

Mon, 19 Aug 2019 08:33 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Mon, 19 Aug 2019 08:33 PM IST
विज्ञापन
flood in yamuna
मथुरा। ताजेवाला बांध से छोड़े गए 8.28 लाख क्यूसेक पानी को लेकर जनपद में खलबली मची हुई है। जिला प्रशासन ने यमुना के निकटवर्ती गांवों में मुनादी पिटवाने का काम शुरू कर दिया है। संभावना है कि 22-23 अगस्त को मथुरा पहुंचने वाला यह पानी यमुना के निकटवर्ती 67 गांव में बाढ़ के हालत पैदा कर देगा। इस स्थिति को लेकर प्रशासनिक तैयारियां शुरू हो गई हैं।
विज्ञापन

पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बरसात के बाद सोमवार को ताजेवाले बांध से छोड़ा गया 8.28 लाख क्यूसेक पानी इस बार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के दौरान 23-23 अगस्त को मथुरा भयावह रूप धारण करेगा। यमुना किनारे के 67 गांवों में इस पानी के पहुंचना तय माना जा रहा है। हालांकि प्रशासन ने जनपद के 175 गांवों की सूची तैयार कर ली है, जहां बाढ़ की संभावना रहती है।
विज्ञापन

बाढ़ की स्थिति से निपटने की तैयारी में जुटे प्रशासन ने सोमवार को यमुना किनारे के 67 गांवों में मुनादी पिटवाने का काम शुरू करा दिया है। लोगों को गांव छोड़कर सुरक्षित स्थान पर जाने के लिए तैयार रहने के लिए कहा जा रहा है। इसमें सदर तहसील के 20 गांव, छाता के पांच, मांट और महावन तहसील के 21-21 गांव शामिल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसके अलावा प्रभारी अधिकारी आपदा राहत एडीएम वित्त ब्रजेश कुमार ने बताया कि पशुपालन अधिकारी, जिलापूर्ति अधिकारी और मुख्य चिकित्साधिकारी को अपनी तैयारियां अभी से करने के निर्देश दिए गए हैं। तहसील कर्मी और क्षेत्रीय पुलिस बल लोगों को अलर्ट करने में जुट गए हैं। इसके अलावा यमुना किनारे की सभी 31 बाढ़ चौकियों को भी सक्रिय कर दिया गया है। यहां तैनात कर्मचारी यमुना की गतिविधियों पर नजर जमाए हुए हैं।

किसानों की बढ़ गईं धड़कनें
नौहझील (मथुरा)। इलाके में अधिकांश धान की फसल यमुना किनारे खादर क्षेत्र में ही होती है। यमुना में बढ़ते जलस्तर की जानकारी मिलते ही किसानों की धड़कनें बढ़ने लगी हैं। नौहझील के गांव रायपुर, अनरदागढ़ी, नानकपुर, तिलकागढ़ी, फरीदमपुर, मुसमुना, भैरई, अड्डा मीणा, अड्डा जाटव, फिरोजपुर, मंगलखोर, दौलतपुर, बसाऊ, छिनपारई, देदना, मरहला मुक्खा, अड्डा मल्हान, बाघर्रा, अड्डा बाघर्रा, बरौठ, भूरगढ़ी, पिथौरा सहित तीन दर्जन से ज्यादा गांवों के किसानों की फसल बाढ़ से तबाह होने की चिंता है। इन गांवों में किसानों के माथे पर चिंता की लकीर साफ देखी जा सकती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed