फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   conflict with police on renovations of kund

कुंड के जीर्णोद्धार पर पुलिस से तकरार

Sat, 07 Feb 2015 12:02 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा Updated Sat, 07 Feb 2015 12:02 AM IST
विज्ञापन
conflict with police on renovations of kund
ब्रज के प्राचीन कुंडों को सहेजने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा तैयार की गई योजना में शामिल मांट के भद्रवन कुंड के जीर्णोद्धार पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कार्यदायी संस्था पौराणिक स्थल के बजाय कहीं और कार्य कर रही है। शुक्रवार को गांव के लोगों की इसे लेकर पुलिस तनातनी हो गई।
विज्ञापन


भद्रवन बांगर निवासी लेखराज सिंह और गांव के अन्य लोगों ने जिलाधिकारी से की शिकायत में लिखा था कि प्राचीन भद्रवन बांगर में प्राचीन भद्रवन सरोवर (सूरज कुंड) दर्ज है। यहां पहले कार्य भी कराया गया है।  राजनीतिक दबाव के चलते अब इसे बदलने का प्रयास किया जा रहा है। आरोप है कि ठेकेदार और कुछ अराजकतत्व तहसील प्रशासन की मिलीभगत से कार्य किसी दूसरी जमीन पर करा रहे हैं।
विज्ञापन


यह ग्राम सभा की बंजर भूमि में दर्ज है। शुक्रवार को नौहझील, मांट और राया थाने से पुलिस बल सूरज कुंड में खड़ी मशीन को लेने पहुंचा तो नगला लौहरे, नगला नत्था, प्रेमनगर आदि गांव के सैकड़ों लोग एकजुट हो गए। मौके पर महिलाएं भी अच्छी खासी संख्या में थी। माहौल तनावपूर्ण होने पर पुलिस बैरंग लौट गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


एक करोड़ से होना है विकास
राज्य सरकार की इस योजना में जनपद के कुल दस कुंड चयनित किए गए हैं। इसमें 9.19 करोड़ के कुल प्रस्तावित कार्यों के लिए शासन ने 5 करोड़ की धनराशि अवमुक्त भी कर दी है। इस राशि से कई प्राचीन कुंडों के जीर्णोद्धार, सीढ़ियों का निर्माण, गायों का घाट, यात्रियों के शेल्टर आदि का कार्य किया जाना है।

लेखपाल की रिपोर्ट से मिला बल
मथुरा। गांववासियों के तीखे विरोध के बाद एसडीएम ने मामले में कानूनगो और लेखपाल से रिपोर्ट मांगी थी। 15 जनवरी को लेखपाल को सौंपी गई रिपोर्ट में अवगत कराया गया है कि मौजा भद्रवन बांगर की (जहां ग्रामीण कुंड होने की बात कही जा रही है) भूमि पोखर में दर्ज है।

उसके अलावा बांगर में कोई पोखर, तालाब और कुंड नहीं है। गांववासियों का दावा है कि ये पोखर ही प्राचीन कुंड है। यहां कुंड में उतरने की सीढ़ियां भी हैं। वहीं 2 फरवरी को लेखपाल की आख्या में कहा गया है कि मौजा बांगर (जहां प्रशासन कुंड का कार्य कराने का प्रयास कर रहा है) की भूमि बंजर भूमि में दर्ज है।


‘दोनों ही स्थानों पर कुंड नहीं है। जिला स्तरीय समिति ने बेस्ट लोकेशन के आधार पर खसरा संख्या 201 के इस स्थल का चयन किया है। शुक्रवार को ठेकेदार की मशीन निकलवाने पहुंचे पुलिस बल का गांववासियों और महिलाओं ने विरोध किया। सभी के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।’
-अंजनी कुमार एसडीएम, मांट
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed