फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mainpuri News ›   Providing shelter to others, yet having no abode of one's own.

Mainpuri News: दूसरों को देते आसरा, खुद का नहीं ठिकाना

Mon, 20 Jul 2026 11:34 PM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी
संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी Updated Mon, 20 Jul 2026 11:34 PM IST
विज्ञापन
Providing shelter to others, yet having no abode of one's own.
फोटो 2 नगर पंचायत कार्यालय ज्योंती खुड़िया का पहला कार्यालय। संवा - फोटो : सिरसागंज थाना पुलिस की हिरासत में पिता की हत्या का आरोपी। स्रोतः पुलिस
मैनपुरी। जरूरतमंदों को आसरा देने वाली नगर पंचायत ज्योंती का 40 साल बाद भी खुद का ठिकाना नहीं है। वर्ष 1984 में नगर पंचायत का गठन होने के बाद से भवन के लिए लगातार पत्राचार हो रहा है। जल निगम कार्यालय परिसर में ही नगर पंचायत कार्यालय का संचालन किया जा रहा है।
विज्ञापन


ज्योंती निवासी वीरेंद्र भारती की पहल पर वर्ष 1984 में 20 दिसंबर को प्रदेश सरकार के ग्राम्य विकास मंत्री बलराम सिंह यादव ने नगर पंचायत ज्योंती खुड़िया को मंजूरी दिलाई थी। गठन के समय ज्योंंती के आसपास के गांवों को मिलाकर 10 वार्ड बनाए गए थे। आज भी 10 वार्ड ही हैं। वर्ष 1984 में नगर पंचायत की आबादी 3500 तथा मतदाता 2500 थे। वर्ष 2026 में वार्ड तो 10 ही हैं, लेकिन आबादी 6545 तथा मतदाता 4500 हो चुके हैं। वर्ष 1989 में पहली बार नगर पंचायत के लिए चुनाव हुआ था।
विज्ञापन


नगर पंचायत का पहला कार्यालय बीज गोदाम में बनाया गया था। पहले चेयरमैन अयोध्या सिंह शाक्य और दूसरे रोहन लाल शाक्य इसी कार्यालय में बैठे थे। इसके बाद तीसरी चेयरमैन मंजूदेवी के कार्यकाल में नगर पंचायत का कार्यालय जल निगम कार्यालय परिसर में स्थानांतरित कर दिया गया। प्रथम चेयरमैन से लेकर आज तक सभी चेयरमैन ने शासन में पत्राचार किया। प्रदेश में कांग्रेस, सपा, बसपा, भाजपा की सरकार बनी। जिले के जनप्रतिनिधि सरकार में मंत्री भी रहे, लेकिन नगर पंचायत का आज तक भवन नहीं बन सका।
विज्ञापन
विज्ञापन




नगर पंचायत में क्षेत्र 340 सरकारी योजना के आवास
नगर पंचायत ज्योंती खुड़िया क्षेत्र में 340 सरकारी योजना के तहत बने आवास हैं। अधिशासी अधिकारी संजय कुमार राव बताते हैं कि नगर पंचायत क्षेत्र में 120 आसरा आवास बने हैं। जो लाभार्थियों को आवंटित हो चुके हैं। पात्रता के आधार पर 220 जरूरतमंदों को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिल चुका हैं। प्रधानमंत्री आवास के लिए आवेदकों की दो सूची अभी जांच के लिए लंबित हैं।




सात चेयरमैन भी नहीं हो पाए कारगर

नगर पंचायत अध्यक्ष के लिए अभी तक सात बार मतदान हुआ है। पहले अध्यक्ष के रूप में अयोध्या सिंह शाक्य चुने गए थे। इसके बाद रोहनलाल शाक्य, नरेंद्र सिंह बाथम, मंजूदेवी, ऊषा देवी शाक्य, नवाब सिंह दिवाकर चुने गए। वर्तमान में प्रेमलता माथुर नगर पंचायत अध्यक्ष हैं। निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में जीतने के बाद वह भाजपा में शामिल हो चुकी हैं।




पहले कार्यकाल से ही नगर पंचायत का खुद का भवन बनाने के लिए लगातार पत्राचार किया गया है। शासन स्तर पर प्रभावी पहल नहीं हो पाने से आज तक नगर पंचायत का खुद का भवन नहीं बन सका है। - अयोध्या सिंह शाक्य, प्रथम अध्यक्ष नगर पंचायत




नगर पंचायत का खुद का भवन बनाने के लिए शासन में पत्राचार किया गया है। नगर पंचायत क्षेत्र में पर्याप्त जगह उपलब्ध नहीं होने के कारण नगर पंचायत का खुद का भवन आज तक नहीं बन सका है। - प्रेमलता माथुर, अध्यक्ष नगर पंचायत

फोटो 2 नगर पंचायत कार्यालय ज्योंती खुड़िया का पहला कार्यालय। संवा

फोटो 2 नगर पंचायत कार्यालय ज्योंती खुड़िया का पहला कार्यालय। संवा- फोटो : सिरसागंज थाना पुलिस की हिरासत में पिता की हत्या का आरोपी। स्रोतः पुलिस

फोटो 2 नगर पंचायत कार्यालय ज्योंती खुड़िया का पहला कार्यालय। संवा

फोटो 2 नगर पंचायत कार्यालय ज्योंती खुड़िया का पहला कार्यालय। संवा- फोटो : सिरसागंज थाना पुलिस की हिरासत में पिता की हत्या का आरोपी। स्रोतः पुलिस

फोटो 2 नगर पंचायत कार्यालय ज्योंती खुड़िया का पहला कार्यालय। संवा

फोटो 2 नगर पंचायत कार्यालय ज्योंती खुड़िया का पहला कार्यालय। संवा- फोटो : सिरसागंज थाना पुलिस की हिरासत में पिता की हत्या का आरोपी। स्रोतः पुलिस

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed