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Karhal By-Election Date 2024: बुलडोजर ढहा पाएगा अखिलेश का किला? या पीडीए फॉर्मूला लगाएगा छलांग; जानें सब कुछ
Tue, 15 Oct 2024 04:29 PM IST
भूपेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी
संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी
Published by: भूपेन्द्र सिंह
Updated Tue, 15 Oct 2024 04:29 PM IST
सार
UP Bypoll Election Date 2024 : करहल सीट पर उपचुनाव की घोषणा हो चुकी है। यहां बुलडोजर अखिलेश का किला ढहा पाएगा ? या पीडीए फॉर्मूला छलांग लगाएगा। इसको लेकर चुनावी पारा गर्म है। दोनों ही पार्टियां प्रदेश की इस चर्चित सीट पर जीत दर्ज के लिए जुटी हुई हैं।
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सीएम योगी आदित्यनाथ, सपा प्रमुख अखिलेश यादव
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उत्तर प्रदेश में उपचुनाव का बिगुल बज चुका है। 13 नवंबर को मतदान होगा। जबकि, 23 नवंबर को मतगणना की जाएगी। प्रदेश में मैनपुरी की करहल सीट काफी चर्चा में है। उपचुनाव में भाजपा अखिलेश के गढ़ में सेंध लगाने की भरसक कोशिश में जुटी है। वहीं सपा मुखिया भी अपनी सीट बचाने के लिए पूरी तरह से मोर्चा संभाले हुए हैं। अब देखना यह होगा कि बाबा का बुलडोजर या अखिलेश का पीडीए फॉर्मूला काम आएगा?
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मैनपुरी से सपा सांसद और सपा मुखिया की पत्नी डिंपल यादव यहां कई जनसभाएं कर चुकी हैं। वह लगातार लोगों के बीच बनी हुई हैं। वहां भाजपा ने करहल सीट पर फतह की जिम्मेदारी उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक को सौंपी है। जिम्मेदारी मिलने के बाद बृजेश पाठक यहां सभा को संबोधित करने पहुंचे थे। यहां उन्होंने जातिगत समीकरण को समझकर कार्यकर्ताओं में जोश भर गए थे।
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उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने अखिलेश को बाहरी बताकर सपा को घेरने की कोशिश की थी। उन्होंने कहा था कि अखिलेश करहल के बेटे होते तो वह इस सीट को छोड़कर नहीं जाते। इसके बाद सीएम योगी आदित्यनाथ भी यहां सभा को संबोधित करने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने प्रदेश में कानून व्यवस्था और विकास कार्यों के दम पर चुनाव जीतने का दावा भी किया था।
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वहीं डिंपल यादव के अलावा, सपा महासचिव शिवपाल सिंह यादव और रामगोपाल यादव भी करहल में बैठकें कर चुके हैं। वह यहां चुनावी बिसात बिछा चुके हैं। हालांकि अब उपचुनाव की घोषणा हो चुकी है। यहां जनता किसके भरोसे पर खरा उतरेगी, यह तो आने वाला समय ही तय कर पाएगा। लेकिन, सपा और भाजपा दोनों की पार्टियां इस सीट को जीतने के लिए अपनी-अपनी साख दांव पर लगाए हैं।
बताते चलें कि करहल से अखिलेश यादव विधायक चुने गए थे। लोकसभा चुनाव 2024 में वह कन्नौज सीट से सासंद चुने गए हैं। इसके बाद उन्होंने करहल सीट छोड़ दी है। इससे यह सीट खाली हुई थी। अब यहां उप चुनाव होना है। इसके लिए पार्टियां अपना जोर लगाए हुए हैं।