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महोबा : बिजली जाने के बाद सीएचसी में फिर नहीं चला जनरेटर
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मंगलवार की रात बिजली जाने के बाद टॉर्च की रोशनी में होता उपचार।
- फोटो : MAHOBA
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चरखारी (महोबा)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चरखारी में तीन दिन बाद एक बार फिर बिजली व्यवस्था लड़खड़ा गई। मंगलवार रात बिजली पर जनरेटर नहीं चलाया गया। इससे आधे घंटे अंधेरा छाया रहा। बिजली आने पर मरीजों ने राहत की सांस ली। बुधवार सुबह सीएचसी पहुंचकर एसडीएम स्वेता पांडेय ने प्रभारी को व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
सीएचसी चरखारी में सात अक्तूबर को ट्रांसफॉर्मर फुंकने और इमरजेंसी वार्ड में जनरेटर से आपूर्ति न किए जाने से अस्पताल की बिजली 16 घंटे गुल रही थी। मोबाइल फोन की टॉर्च से मरीजों का उपचार किया गया था। अमर उजाला में खबर छपने के बाद नौ अक्तूबर को जनरेटर से इमरजेंसी वार्ड की लाइन जोड़ी गई थी।
मंगलवार की रात करीब दस बजे एक बार फिर बिजली चली गई। इनवर्टर व जनरेटर से आपूर्ति न होने पर अंधेरा छा गया। जिससे भर्ती मरीज व तीमारदार परेशान रहे। इस दौरान इलाज कराने पहुंचे मोहम्मद इलियास ने बताया कि बिजली न होने पर उनकी पत्नी का मोबाइल की रोशनी में उपचार किया गया।
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अस्पताल की बिजली अक्सर गुल रहने की सूचना पर बुधवार की सुबह उप जिलाधिकारी सीएचसी पहुंची। उन्होंने प्रभारी अधीक्षक से समस्या की जानकारी ली। जनरेटर और इनवर्टर दुरुस्त कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अस्पताल में गंदगी मिलने पर उन्होंने सफाई के निर्देश दिए। उधर सीएचसी के प्रभारी अधीक्षक डॉ. राजेश वर्मा का कहना है कि रात में दस मिनट के लिए बिजली गुल हुई थी। जनरेटर में कमी आने से परेशानी हुई। जिसे दुरुस्त कराया गया। इनवर्टर की नई बैटरियां भी बदलवा दी गई हैं।
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सीएचसी चरखारी में सात अक्तूबर को ट्रांसफॉर्मर फुंकने और इमरजेंसी वार्ड में जनरेटर से आपूर्ति न किए जाने से अस्पताल की बिजली 16 घंटे गुल रही थी। मोबाइल फोन की टॉर्च से मरीजों का उपचार किया गया था। अमर उजाला में खबर छपने के बाद नौ अक्तूबर को जनरेटर से इमरजेंसी वार्ड की लाइन जोड़ी गई थी।
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मंगलवार की रात करीब दस बजे एक बार फिर बिजली चली गई। इनवर्टर व जनरेटर से आपूर्ति न होने पर अंधेरा छा गया। जिससे भर्ती मरीज व तीमारदार परेशान रहे। इस दौरान इलाज कराने पहुंचे मोहम्मद इलियास ने बताया कि बिजली न होने पर उनकी पत्नी का मोबाइल की रोशनी में उपचार किया गया।
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अस्पताल की बिजली अक्सर गुल रहने की सूचना पर बुधवार की सुबह उप जिलाधिकारी सीएचसी पहुंची। उन्होंने प्रभारी अधीक्षक से समस्या की जानकारी ली। जनरेटर और इनवर्टर दुरुस्त कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अस्पताल में गंदगी मिलने पर उन्होंने सफाई के निर्देश दिए। उधर सीएचसी के प्रभारी अधीक्षक डॉ. राजेश वर्मा का कहना है कि रात में दस मिनट के लिए बिजली गुल हुई थी। जनरेटर में कमी आने से परेशानी हुई। जिसे दुरुस्त कराया गया। इनवर्टर की नई बैटरियां भी बदलवा दी गई हैं।