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महोबाः खरेला में तीन दिन से पेयजल आपूर्ति ठप
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पंप हाउस का फुंका मोटर।
- फोटो : MAHOBA
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खरेला (महोबा)। कस्बे की 30 हजार की आबादी तीन दिन से पानी के लिए परेशान है। मोटर फुंकने के कारण पेयजल आपूर्ति नहीं हो पा रही है। मजबूरी में लोग दूर-दराज से पानी लाकर प्यास बुझा रहे हैं।
खरेला सामूहिक पेयजल योजना के तहत चरखारी के अर्जुन बांध से आपूर्ति की जाती है। 25 किलोमीटर लंबी मुख्य पाइपलाइन से होने वाली पेयजल आपूर्ति आए दिन प्रभावित रहती है। एक माह पहले पंप हाउस का मोटर फुंक गया था, जिसे नहीं बदला गया। ट्यूबवेल से एक दिन छोड़कर आपूर्ति की जा रही है। तीन दिन पहले ट्यूबवेल की मोटर भी फुंक गई। इससे आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई। पानी के लिए महिलाएं व बच्चे एक किमी दूर हैंडपंपों से पानी लाने के लिए मजबूर हैं। कस्बे के सेवानिवृत्त शंकरलाल, रमेश कुमार, जितेंद्र तिवारी, करन सिंह का कहना है कि खराब मोटर को समय से न बदले जाने के कारण पेयजल की समस्या पैदा हो गई है। पूरे दिन पानी की जुगाड़ में ही गुजर जाता है। शिकायत के बाद भी जिम्मेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। जल संस्थान के अवर अभियंता पवन चौहान का कहना है कि जिले के सभी क्षेत्रों का प्रभार होने के चलते काम अधिक है। जल्द ही खराब मोटर को बदलवाकर पानी की आपूर्ति शुरू कराई जाएगी।
शहरी इलाकों में पेयजल आपूर्ति की जिम्मेदारी निभाने वाले जल संस्थान में एक अवर अभियंता के भरोसे व्यवस्था चलाई जा रही है। महोबा शहर के अलावा चरखारी, कुलपहाड़, खरेला की जिम्मेदारी जेई पवन कुमार पर है। जिससे पेयजल आपूर्ति बाधित होने पर कई दिन समस्या बनी रहती है।
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खरेला सामूहिक पेयजल योजना के तहत चरखारी के अर्जुन बांध से आपूर्ति की जाती है। 25 किलोमीटर लंबी मुख्य पाइपलाइन से होने वाली पेयजल आपूर्ति आए दिन प्रभावित रहती है। एक माह पहले पंप हाउस का मोटर फुंक गया था, जिसे नहीं बदला गया। ट्यूबवेल से एक दिन छोड़कर आपूर्ति की जा रही है। तीन दिन पहले ट्यूबवेल की मोटर भी फुंक गई। इससे आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई। पानी के लिए महिलाएं व बच्चे एक किमी दूर हैंडपंपों से पानी लाने के लिए मजबूर हैं। कस्बे के सेवानिवृत्त शंकरलाल, रमेश कुमार, जितेंद्र तिवारी, करन सिंह का कहना है कि खराब मोटर को समय से न बदले जाने के कारण पेयजल की समस्या पैदा हो गई है। पूरे दिन पानी की जुगाड़ में ही गुजर जाता है। शिकायत के बाद भी जिम्मेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। जल संस्थान के अवर अभियंता पवन चौहान का कहना है कि जिले के सभी क्षेत्रों का प्रभार होने के चलते काम अधिक है। जल्द ही खराब मोटर को बदलवाकर पानी की आपूर्ति शुरू कराई जाएगी।
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शहरी इलाकों में पेयजल आपूर्ति की जिम्मेदारी निभाने वाले जल संस्थान में एक अवर अभियंता के भरोसे व्यवस्था चलाई जा रही है। महोबा शहर के अलावा चरखारी, कुलपहाड़, खरेला की जिम्मेदारी जेई पवन कुमार पर है। जिससे पेयजल आपूर्ति बाधित होने पर कई दिन समस्या बनी रहती है।
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