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Maharajganj News: पोषण पुनर्वास केंद्र में आठ बेड खाली
Thu, 20 Feb 2025 12:04 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Thu, 20 Feb 2025 12:04 AM IST
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महराजगंज। कुपोषण दूर करने के लिए शासन की ओर से प्रयास किया जा रहा है। आंगनबाड़ी केंद्रों पर पोषण वाटिका लगाने के अलावा गर्भवती व छोटे बच्चों के विकास के लिए योजनाएं संचालित हैं।
कुपोषित बच्चों को सुपोषित करने के उद्देश्य से जिला अस्पताल में पोषण पुनर्वास केंद्र संचालित हैं। इसमें बच्चों को भर्ती न होने से आठ बेड खाली है। जिला अस्पताल में 10 बेड का पोषण पुनर्वास केंद्र संचालित है। समय पर बच्चों को भर्ती न होने से केंद्र के आठ बेड खाली है, जिम्मेदार इसे लेकर गंभीर नहीं हैं। पोषण पुनर्वास केंद्र में आर्यन और आर्या भर्ती हैं।
पोषण विशेषज्ञ पूजा त्रिपाठी ने बताया कि अप्रैल से 18 फरवरी तक 219 बच्चों को भर्ती कर सुपोषित बनाने का प्रयास किया गया। फरवरी माह में केवल पांच बच्चे अब तक आए हैं। पोषण पुनर्वास केंद्र में इस समय आठ बेड खाली हैं। जिले में 1081 कुपोषित व 7447 बच्चे अति कुपोषित हैं। सुपोषित बनाने का प्रयास किया जा रहा है। सीएमएस डॉ. एके द्विवेदी ने बताया कि पोषण पुनर्वास में बेहतर सुविधाएं दी जा रही हैं। ओपीडी से बच्चों को भर्ती किया जाता है। संवाद
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कुपोषित बच्चों को सुपोषित करने के उद्देश्य से जिला अस्पताल में पोषण पुनर्वास केंद्र संचालित हैं। इसमें बच्चों को भर्ती न होने से आठ बेड खाली है। जिला अस्पताल में 10 बेड का पोषण पुनर्वास केंद्र संचालित है। समय पर बच्चों को भर्ती न होने से केंद्र के आठ बेड खाली है, जिम्मेदार इसे लेकर गंभीर नहीं हैं। पोषण पुनर्वास केंद्र में आर्यन और आर्या भर्ती हैं।
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पोषण विशेषज्ञ पूजा त्रिपाठी ने बताया कि अप्रैल से 18 फरवरी तक 219 बच्चों को भर्ती कर सुपोषित बनाने का प्रयास किया गया। फरवरी माह में केवल पांच बच्चे अब तक आए हैं। पोषण पुनर्वास केंद्र में इस समय आठ बेड खाली हैं। जिले में 1081 कुपोषित व 7447 बच्चे अति कुपोषित हैं। सुपोषित बनाने का प्रयास किया जा रहा है। सीएमएस डॉ. एके द्विवेदी ने बताया कि पोषण पुनर्वास में बेहतर सुविधाएं दी जा रही हैं। ओपीडी से बच्चों को भर्ती किया जाता है। संवाद
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