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हाईकोर्ट के आदेश पर गणेश शुगर मिल का गेट भी सील
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 31 Dec 2017 12:30 AM IST
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गणेश शुगर मिल के गेटट पर ताला लगाते लिक्विडेटर की टीम
- फोटो : अमर उजाला ब्यूूराो
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फरेंदा। उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेश पर गणेश शुगर मिल आनंदनगर का मेन गेट भी शनिवार को सील कर दिया गया। इलाहाबाद से आए लिक्विडेटर टीम ने दो दिन की कार्रवाई में मिल के आवास के साथ महत्वपूर्ण कमरों को भी सील कर दिया। इसको लेकर मिल के मजदूरों में नाराजगी है।
फरेंदा गणेश शुगर मिल की संपत्ति हाईकोर्ट इलाहाबाद के अधीन है। शासकीय समापक के आदेश पर लिक्विडेटर टीम के देवेंद्र श्रीवास्तव, राजन सोनकर व सुरेंद्र कन्नौजिया की टीम शुक्रवार से चीनी मिल परिसर में बने आवास पर अवैध कब्जा हटाने व कमरो में सील कर रही थी।
साथ चीनी मिल की मुख्य कारखाना, स्ट्रांग रूम, रिकॉर्ड रूम सहित अन्य कार्यालयों में शुक्रवार को ही ताला बंदी कर सील की कार्रवाई कर दी गई थी। शनिवार को भी आवास को खाली कराने की प्रक्रिया के बाद शाम चार बजे मिल के मुख्य गेट को सील कर शासकीय समापक एमके बागरी की ओर से निर्देशित नोटिस चस्पा कर दिया गया।
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मिल का मुख्य गेट सील होता देख बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। मिल पर कर्मचारियों का आज भी 22 करोड़ रुपये बकाया है। इसको लेकर विरोध के स्वर भी देखने को मिला। मजदूर अपने बकाया को लेकर चिंतित हैं।
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फरेंदा गणेश शुगर मिल की संपत्ति हाईकोर्ट इलाहाबाद के अधीन है। शासकीय समापक के आदेश पर लिक्विडेटर टीम के देवेंद्र श्रीवास्तव, राजन सोनकर व सुरेंद्र कन्नौजिया की टीम शुक्रवार से चीनी मिल परिसर में बने आवास पर अवैध कब्जा हटाने व कमरो में सील कर रही थी।
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साथ चीनी मिल की मुख्य कारखाना, स्ट्रांग रूम, रिकॉर्ड रूम सहित अन्य कार्यालयों में शुक्रवार को ही ताला बंदी कर सील की कार्रवाई कर दी गई थी। शनिवार को भी आवास को खाली कराने की प्रक्रिया के बाद शाम चार बजे मिल के मुख्य गेट को सील कर शासकीय समापक एमके बागरी की ओर से निर्देशित नोटिस चस्पा कर दिया गया।
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मिल का मुख्य गेट सील होता देख बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। मिल पर कर्मचारियों का आज भी 22 करोड़ रुपये बकाया है। इसको लेकर विरोध के स्वर भी देखने को मिला। मजदूर अपने बकाया को लेकर चिंतित हैं।