फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   biowaste room meaningless

बायोवेस्ट कक्ष बेमतलब, इधर-उधर बिखरा है कूड़ा

Sat, 23 Oct 2021 12:09 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 23 Oct 2021 12:09 AM IST
विज्ञापन
biowaste room meaningless
सिसवां सीएचसी के करीब बिखरा मेडिकल बायोवेस्ट। - फोटो : MAHARAJGANJ
बायोवेस्ट कक्ष बेमतलब, इधर-उधर बिखरा है कूड़ा
विज्ञापन

महराजगंज। मेडिकल बायोवेस्ट कक्ष अब तक जिले के सीएचसी को हैंडओवर नहीं हो पाए हैं। ऐसे में सीएचसी से निकलने वाले कूड़ा-कचरा इधर-उधर बिखरे रहते हैं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार जिले के 14 सीएचसी पर मेडिकल बायोवेस्ट कक्ष बनकर तैयार हो गए हैं, लेकिन विभाग को हैंडओवर नहीं किए गए हैं। इससे मेडिकल कूड़ा निस्तारण में समस्या हो रही है। वर्ष 2019-20 में ग्रामीण अभियंत्रण विभाग और कंस्ट्रक्शन एवं डिजाइन सर्विसेज को कार्यदायी संस्था नामित करते हुए निर्माण कार्य के लिए पहली किस्त भेजी गई। इसमें ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को नौ सीएचसी पर मेडिकल बायोवेस्ट कक्ष निर्माण की जिम्मेदारी दी गई। जबकि कंस्ट्रक्शन एंड डिजाइन सर्विसेज को पांच सीएचसी पर मेडिकल बायोवेस्ट कक्ष के निर्माण की जिम्मेदारी मिली। एक कक्ष के बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से तीन लाख रुपये खर्च हुए हैं। कार्यदायी संस्था को दो किस्तों में निर्धारित रकम दी गई है, लेकिन निर्माण में कमियों को दूर नहीं किया जा सका है। स्वास्थ्य विभाग के अवर अभियंता के अनुसार मानक के तहत मेडिकल बायोवेस्ट कक्ष का निर्माण नहीं होने के कारण हैंडओवर नहीं लिया गया है।
मेडिकल वेस्ट के निस्तारण की व्यवस्था नहीं
अस्पतालों में रोजाना निकलने वाले मेडिकल वेस्ट का उचित निस्तारण नहीं होने से मरीजों में संक्रमण का खतरा बना रहता है। इमरजेंसी वार्ड, दवा काउंटर, टीकाकरण केंद्र के पास मेडिकल वेस्ट फेंकने के लिए डस्टबिन रखे गए हैं, लेकिन इसका इस्तेमाल करने से लोग कतराते हैं।
विज्ञापन

स्वास्थ्य विभाग के अवर अभियंता ने मेडिकल बायोवेस्ट कक्ष निर्माण की जांच की है। कमियों के बारे में कार्यदायी संस्था के जिम्मेदारों को अवगत कराया गया है। कमियां दूर होने के बाद विभाग मेडिकल बायोवेस्ट कक्ष को हैंडओवर ले लेगा। कूडा निस्तारण का समुचित प्रबंध अस्पतालों में है।
विज्ञापन
विज्ञापन

डॉ. एके श्रीवास्तव, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed