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गड़ौरा मिल की चीनी आज नीलाम होगी
Maharajganj
Updated Mon, 13 Jan 2014 05:44 AM IST
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निचलौल। बकाया गन्ना मूल्य भुगतान के लिए गुरुवार को जेएचबी चीनी मिल गड़ौरा की 23,994 बोरी चीनी की नीलामी गुरुवार को होगी। निचलौल तहसील प्रशासन ने इसकी तैयारी पूरी कर ली है।
गड़ौरा चीनी मिल पर गन्ना किसानों का पिछले साल के करीब 30 करोड़ एक लाख 90 हजार रुपये बकाया है। कोर्ट की सख्ती के बाद निचलौल तहसील प्रशासन ने चीनी मिल के गोदाम में रखी 23,994 बोरी चीनी को सील कर दिया था। इस पर मिल प्रबंधन ने गोदाम खुलवाने के लिए शपथ पत्र दिया था कि चीनी बेचकर किसानों को भुगतान कर देगा। इसके बाद भी न तो चीनी बेची गई और न ही किसानों को भुगतान हुआ। जांच के बाद पता चला कि शपथ पत्र पर किया गया हस्ताक्षर फर्जी है। इसके बाद बीते सोमवार को मिल मालिक के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया। अब तहसील प्रशासन ने मिल में रखी 23,994 बोरी पुरानी चीनी को नीलाम करने की कार्यवाही शुरू कर दी है।
नायब तहसीलदार रामभेज ने बताया कि चीनी मिल के गोदाम संख्या एक और दो में रखी चीनी नौ जनवरी को नीलाम की जाएगी। थोक भाव के अनुसार चीनी का बाजार मूल्य 6 करोड़ 71 लाख 83,200 रुपये आंका गया है।
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इस साल का भुगतान शुरू
गड़ौरा चीनी मिल ने 12 दिसंबर से गन्ने की पेराई शुरू की। सात जनवरी तक मिल ने सात लाख 83 हजार क्विंटल गन्ने की पेराई की। इसका मूल्य 21 करोड़ 92 लाख 40 हजार रुपये हुआ। मिल ने 15 दिसंबर तक खरीदे गए गन्ने के भुगतान के लिए एक करोड़ 17 लाख 40 हजार रुपये का एडवाइज भेज दिया है।
एक करोड़ 22 लाख का भुगतान आज
गड़ौरा चीनी मिल के लीगल एडवाइजर ने फोन से बताया कि पूर्व सांसद कुंवर अखिलेश सिंह के धरने का सम्मान किया गया है। पिछले साल के बकाया में से एक करोड़ 22 लाख रुपये का भुगतान गुरुवार से किया जाएगा। चीनी बेचकर सभी भुगतान कर दिया जाएगा। सपाइयों को चाहिए कि वे 10 जनवरी को होने वाले धरना-प्रदर्शन को स्थगित कर दें।
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गड़ौरा चीनी मिल पर गन्ना किसानों का पिछले साल के करीब 30 करोड़ एक लाख 90 हजार रुपये बकाया है। कोर्ट की सख्ती के बाद निचलौल तहसील प्रशासन ने चीनी मिल के गोदाम में रखी 23,994 बोरी चीनी को सील कर दिया था। इस पर मिल प्रबंधन ने गोदाम खुलवाने के लिए शपथ पत्र दिया था कि चीनी बेचकर किसानों को भुगतान कर देगा। इसके बाद भी न तो चीनी बेची गई और न ही किसानों को भुगतान हुआ। जांच के बाद पता चला कि शपथ पत्र पर किया गया हस्ताक्षर फर्जी है। इसके बाद बीते सोमवार को मिल मालिक के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया। अब तहसील प्रशासन ने मिल में रखी 23,994 बोरी पुरानी चीनी को नीलाम करने की कार्यवाही शुरू कर दी है।
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नायब तहसीलदार रामभेज ने बताया कि चीनी मिल के गोदाम संख्या एक और दो में रखी चीनी नौ जनवरी को नीलाम की जाएगी। थोक भाव के अनुसार चीनी का बाजार मूल्य 6 करोड़ 71 लाख 83,200 रुपये आंका गया है।
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इस साल का भुगतान शुरू
गड़ौरा चीनी मिल ने 12 दिसंबर से गन्ने की पेराई शुरू की। सात जनवरी तक मिल ने सात लाख 83 हजार क्विंटल गन्ने की पेराई की। इसका मूल्य 21 करोड़ 92 लाख 40 हजार रुपये हुआ। मिल ने 15 दिसंबर तक खरीदे गए गन्ने के भुगतान के लिए एक करोड़ 17 लाख 40 हजार रुपये का एडवाइज भेज दिया है।
एक करोड़ 22 लाख का भुगतान आज
गड़ौरा चीनी मिल के लीगल एडवाइजर ने फोन से बताया कि पूर्व सांसद कुंवर अखिलेश सिंह के धरने का सम्मान किया गया है। पिछले साल के बकाया में से एक करोड़ 22 लाख रुपये का भुगतान गुरुवार से किया जाएगा। चीनी बेचकर सभी भुगतान कर दिया जाएगा। सपाइयों को चाहिए कि वे 10 जनवरी को होने वाले धरना-प्रदर्शन को स्थगित कर दें।