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लापता पति के गम में महिला ने फांसी लगाकर दी जान
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पाली। थाना पाली अंतर्गत ग्राम पिपरियाजागीर में एक महिला ने लापता पति के मिलने की आस खत्म होने के गम में फांसी लगाकर जान दे दी। जानकारी मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृृतका का पति करीब 10 साल से लापता चल रहा है। ग्राम पिपरियाजागीर निवासी कमलरानी (55) पत्नी दयाराम लोधी गांव में अपने दो पुत्रों के साथ रहती थी। उसका पति करीब दस वर्ष से लापता है, जिसकी खोजबीन के बाद भी कोई पता नहीं चल सका। इसके गम में महिला कमलरानी परेशान रहती थी और पति के आने की राह ताकती रहती थी। अक्सर वह बच्चों से पति को खोजने की कहती थी, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लग सका।
शनिवार की रात को जब सभी सोने चले गए तो वह बिना बताए गांव में स्थित खाली पड़े दूसरे मकान में चली गई और एक कमरे में बल्ली के सहारे साड़ी का फंदा गले में कसकर फांसी लगा ली, जिससे उसकी मौत हो गई। अगले दिन रविवार की सुबह छह बजे जब उसका पुत्र गजराज मकान में पहुंचा तो उसने मां को फांसी के फंदे पर लटकता पाया। उसने जानकारी अपने चाचा रामा लोधी को दी और उन्होंने इसकी जानकारी ग्राम प्रधान को दी। जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंच गई और मृतका के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका के पांच पुत्र हैं, जिनमें तीन पुत्र अहमदाबाद में काम करते हैं।
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शनिवार की रात को जब सभी सोने चले गए तो वह बिना बताए गांव में स्थित खाली पड़े दूसरे मकान में चली गई और एक कमरे में बल्ली के सहारे साड़ी का फंदा गले में कसकर फांसी लगा ली, जिससे उसकी मौत हो गई। अगले दिन रविवार की सुबह छह बजे जब उसका पुत्र गजराज मकान में पहुंचा तो उसने मां को फांसी के फंदे पर लटकता पाया। उसने जानकारी अपने चाचा रामा लोधी को दी और उन्होंने इसकी जानकारी ग्राम प्रधान को दी। जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंच गई और मृतका के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका के पांच पुत्र हैं, जिनमें तीन पुत्र अहमदाबाद में काम करते हैं।
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