{"_id":"58c19ebb4f1c1bbb50dc3fa4","slug":"when-will-light-energy-from-solar-energy","type":"story","status":"publish","title_hn":"सौर ऊर्जा से कब जगमगाएंगी लाइटें?","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सौर ऊर्जा से कब जगमगाएंगी लाइटें?
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 09 Mar 2017 11:58 PM IST
विज्ञापन
सौर ऊर्जा से कब जगमगाएंगी लाइटें?
- फोटो : demo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शहर की सड़कें रात में सौर ऊर्जा से जगमगाएंगी। ये दावा नगर पालिका के अफसरों ने पिछले साल किया था। लेकिन, वर्क आर्डर जारी करने के अलावा इस दिशा में एक कदम भी नहीं बढ़ाया। 11.21 करोड़ की इस योजना में केंद्र सरकार आधी धनराशि दे चुकी है। लेकिन अभी तक काम शुरू नहीं हो सका है। यह हाल सिर्फ ललितपुर नगर पालिका का ही नहीं, जिले की पाली, तालबेहट और महरौनी नगर पंचायत का भी है।
भारत सरकार नगरीय क्षेत्रों में डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम नगरीय सौर पुंज योजना चला रही है। इसके लिए योजना के तहत नगरीय क्षेत्रों में सौर ऊर्जा प्लांट की स्थापना कराई जा रही है। लेकिन विभागीय अधिकारियों व कार्यदाई संस्था द्वारा बरती जा रही लेटलतीफी के कारण शासन की मंशा पूरी होती नहीं दिखाई पड़ रही है। सरकार द्वारा नगर पालिका को नौ माह पूर्व प्रस्तावित कुल 2.99 करोड़ रुपये में से करीब डेढ़ करोड़ रुपये की पहली किश्त जारी की जा चुकी है। सौर ऊर्जा प्लांट स्थापित कराने के लिए नगर पालिका ने बीते तीन माह पूर्व टेंडर प्रक्रिया भी पूर्ण कर ली है और आचार संहिता लागू होने से दो माह पूर्व ही कार्यदाई संस्था के लिए वर्कऑडर भी जारी किया जा चुका है। इसके बावजूद अभी तक कार्यदाई संस्था द्वारा योजना को धरातल पर शुरू नहीं किया गया है। यह स्थिति केवल नगर पालिका ही नहीं बल्कि तीनों नगर पंचायतों तालबेहट, महरौनी व पाली नगर पंचायत की भी है। उक्त तीनों नगर पंचायतों में भी प्रस्तावित कुल धनराशि की प्रथम किश्त करीब दस माह पहले उपलब्ध करा दी जा चुकी थी। शासन ने नगर पंचायत तालबेहट को भी कुल स्वीकृत 4.15 करोड़ रुपये में 2.07 करोड़ रुपये की प्रथम किश्त उपलब्ध करा दी है। इसी तरह शासन ने नगर पंचायत महरौनी को भी कुल स्वीकृत 2 करोड़ में से एक करोड़ रुपये की प्रथम किश्त और नगर पंचायत पाली को 1.94 करोड़ रुपये में से 97 लाख रुपये की प्रथम किश्त जारी की जा चुकी है और उनका भी टेंडर करके कार्यदाई संस्था को वर्क ऑडर जारी किया जा चुका है। गौरतलब है कि नगर पालिका व तीनों नगर पंचायतों में सौर ऊर्जा प्लांट की स्थापना का कार्य एक ही संस्था को दिया गया है।
ये है स्वीकृत कार्ययोजना
नगर पालिका द्वारा प्रस्तावित कुल 2.99 करोड़ रुपये की योजना के तहत शहर में 30 किलोवाट व 15 किलोवाट के दो सौर ऊर्जा पावन प्लांट स्थापित किए जाने हैं। वहीं, इन प्लांट से 24 वाट की 94 डबल आर्म स्ट्रीट लाइटें शहर की मुख्य सड़कों व मुख्य स्थलों पर लगाई जाएंगी। इसके अलावा शहर के प्रमुख चौराहों, धार्मिक स्थलों, सार्वजनिक स्थलों, श्मशान घाटों व कब्रिस्तानों पर 300-300 वाट की कुल 50 सोलर हाईमास्ट लाइट लगाई जानी हैै। इसी तरह नगर पंचायत तालबेहट द्वारा प्रस्तावित कुल 4.15 करोड़ रुपये की लागत से नगर में 30 किलोवाट और 16 किलोवाट के दो-दो सौर ऊर्जा पावर प्लांट, 15 किलोवाट का एक प्लांट और दो यूनिट 5 एचपी आरओ सिस्टम की स्थापना कराई जानी है और 300 वाट की 40 हाईमास्ट लाइटें नगर के प्रमुख चौराहों, सार्वजनिक स्थलों पर लगाई जानी है, जो सौर ऊर्जा से चार्ज होने वाली बैटरी से चलेगी। वहीं नगर पंचायत महरौनी द्वारा प्रस्तावित कुल 02 करोड़ रुपए की लागत से नगर में 30 किलोवाट व 10 किलोवाट के एक-एक सौर ऊर्जा पावर प्लांट स्थापित किए जाने हैं और इनसे चलने वालीं 24 वाट की कुल 40 यूनिट डबल आर्म लाइट लगाई जाएगी और 300 वाट की 30 सोलर हाईमास्ट लाइटें लगाई जानी है। इसी तरह नगर पंचायत पाली द्वारा प्रस्तावित कुल 1.94 करोड़ रुपये की लागत से 30 किलोवाट व 10 किलोवाट वाले एक-एक सौर ऊर्जा पावर प्लांट स्थापित कराए जाने हैं। वहीं इनसे चलने वाली 24 वाट की 35 डबल आर्म लाइटें लगाई जानी हैं और 300 वाट की 40 यूनिट हाईमास्ट लाइटें लगाई जानी है।
विज्ञापन
कंपनी मांग रही एडवांस भुगतान
नगर पालिका व तीनों नगर पंचायत का कार्य एक ही कंपनी व कार्यदायी संस्था के पास है। इसके अलावा भी प्रदेश के अन्य नगर निकायों में भी इसी कंपनी का ठेका हुआ है। मंत्रियों व उच्चाधिकारियों का संरक्षण इस कंपनी को प्राप्त है, जिस कारण स्थानीय अधिकारियों का दबाव इस कंपनी पर नहीं चल पा रहा है। वहीं, कंपनी भी नगर निकायों से एडवांस भुगतान की मांग कर ही है।
सोलर ऊर्जा पॉवर प्लांट की स्थापना व उपकरणों की खरीद के लिए कार्रवाई पूर्ण कर ली गई है। कार्यदायी संस्था द्वारा कहां लेटलतीफी बरती जा रही है, इसकी जानकारी ली जाएगी और जल्द से जल्द योजना को धरातल पर लाने का प्रयास किया जाएगा।
सुभाष जायसवाल
अध्यक्ष, नगर पालिका ललितपुर।
विज्ञापन
भारत सरकार नगरीय क्षेत्रों में डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम नगरीय सौर पुंज योजना चला रही है। इसके लिए योजना के तहत नगरीय क्षेत्रों में सौर ऊर्जा प्लांट की स्थापना कराई जा रही है। लेकिन विभागीय अधिकारियों व कार्यदाई संस्था द्वारा बरती जा रही लेटलतीफी के कारण शासन की मंशा पूरी होती नहीं दिखाई पड़ रही है। सरकार द्वारा नगर पालिका को नौ माह पूर्व प्रस्तावित कुल 2.99 करोड़ रुपये में से करीब डेढ़ करोड़ रुपये की पहली किश्त जारी की जा चुकी है। सौर ऊर्जा प्लांट स्थापित कराने के लिए नगर पालिका ने बीते तीन माह पूर्व टेंडर प्रक्रिया भी पूर्ण कर ली है और आचार संहिता लागू होने से दो माह पूर्व ही कार्यदाई संस्था के लिए वर्कऑडर भी जारी किया जा चुका है। इसके बावजूद अभी तक कार्यदाई संस्था द्वारा योजना को धरातल पर शुरू नहीं किया गया है। यह स्थिति केवल नगर पालिका ही नहीं बल्कि तीनों नगर पंचायतों तालबेहट, महरौनी व पाली नगर पंचायत की भी है। उक्त तीनों नगर पंचायतों में भी प्रस्तावित कुल धनराशि की प्रथम किश्त करीब दस माह पहले उपलब्ध करा दी जा चुकी थी। शासन ने नगर पंचायत तालबेहट को भी कुल स्वीकृत 4.15 करोड़ रुपये में 2.07 करोड़ रुपये की प्रथम किश्त उपलब्ध करा दी है। इसी तरह शासन ने नगर पंचायत महरौनी को भी कुल स्वीकृत 2 करोड़ में से एक करोड़ रुपये की प्रथम किश्त और नगर पंचायत पाली को 1.94 करोड़ रुपये में से 97 लाख रुपये की प्रथम किश्त जारी की जा चुकी है और उनका भी टेंडर करके कार्यदाई संस्था को वर्क ऑडर जारी किया जा चुका है। गौरतलब है कि नगर पालिका व तीनों नगर पंचायतों में सौर ऊर्जा प्लांट की स्थापना का कार्य एक ही संस्था को दिया गया है।
विज्ञापन
ये है स्वीकृत कार्ययोजना
नगर पालिका द्वारा प्रस्तावित कुल 2.99 करोड़ रुपये की योजना के तहत शहर में 30 किलोवाट व 15 किलोवाट के दो सौर ऊर्जा पावन प्लांट स्थापित किए जाने हैं। वहीं, इन प्लांट से 24 वाट की 94 डबल आर्म स्ट्रीट लाइटें शहर की मुख्य सड़कों व मुख्य स्थलों पर लगाई जाएंगी। इसके अलावा शहर के प्रमुख चौराहों, धार्मिक स्थलों, सार्वजनिक स्थलों, श्मशान घाटों व कब्रिस्तानों पर 300-300 वाट की कुल 50 सोलर हाईमास्ट लाइट लगाई जानी हैै। इसी तरह नगर पंचायत तालबेहट द्वारा प्रस्तावित कुल 4.15 करोड़ रुपये की लागत से नगर में 30 किलोवाट और 16 किलोवाट के दो-दो सौर ऊर्जा पावर प्लांट, 15 किलोवाट का एक प्लांट और दो यूनिट 5 एचपी आरओ सिस्टम की स्थापना कराई जानी है और 300 वाट की 40 हाईमास्ट लाइटें नगर के प्रमुख चौराहों, सार्वजनिक स्थलों पर लगाई जानी है, जो सौर ऊर्जा से चार्ज होने वाली बैटरी से चलेगी। वहीं नगर पंचायत महरौनी द्वारा प्रस्तावित कुल 02 करोड़ रुपए की लागत से नगर में 30 किलोवाट व 10 किलोवाट के एक-एक सौर ऊर्जा पावर प्लांट स्थापित किए जाने हैं और इनसे चलने वालीं 24 वाट की कुल 40 यूनिट डबल आर्म लाइट लगाई जाएगी और 300 वाट की 30 सोलर हाईमास्ट लाइटें लगाई जानी है। इसी तरह नगर पंचायत पाली द्वारा प्रस्तावित कुल 1.94 करोड़ रुपये की लागत से 30 किलोवाट व 10 किलोवाट वाले एक-एक सौर ऊर्जा पावर प्लांट स्थापित कराए जाने हैं। वहीं इनसे चलने वाली 24 वाट की 35 डबल आर्म लाइटें लगाई जानी हैं और 300 वाट की 40 यूनिट हाईमास्ट लाइटें लगाई जानी है।
विज्ञापन
कंपनी मांग रही एडवांस भुगतान
नगर पालिका व तीनों नगर पंचायत का कार्य एक ही कंपनी व कार्यदायी संस्था के पास है। इसके अलावा भी प्रदेश के अन्य नगर निकायों में भी इसी कंपनी का ठेका हुआ है। मंत्रियों व उच्चाधिकारियों का संरक्षण इस कंपनी को प्राप्त है, जिस कारण स्थानीय अधिकारियों का दबाव इस कंपनी पर नहीं चल पा रहा है। वहीं, कंपनी भी नगर निकायों से एडवांस भुगतान की मांग कर ही है।
सोलर ऊर्जा पॉवर प्लांट की स्थापना व उपकरणों की खरीद के लिए कार्रवाई पूर्ण कर ली गई है। कार्यदायी संस्था द्वारा कहां लेटलतीफी बरती जा रही है, इसकी जानकारी ली जाएगी और जल्द से जल्द योजना को धरातल पर लाने का प्रयास किया जाएगा।
सुभाष जायसवाल
अध्यक्ष, नगर पालिका ललितपुर।