फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   water supply bavdri scheme

धरी रह गई बावड़ी से जलापूर्ति करने की योजना

Sat, 01 May 2021 02:28 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Sat, 01 May 2021 02:28 AM IST
विज्ञापन
water supply bavdri scheme
ललितपुर। जल संस्थान द्वारा बावड़ी से जलापूर्ति करने को बनाई गई योजना अभी तक मूर्त रूप नहीं ले पाई है। इससे स्थानीय लोगों को बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। बावड़ी देखरेख के अभाव में कूड़ाघर में तब्दील होती जा रही हैं।
विज्ञापन

वर्षों पहले राजाओं ने विभिन्न मोहल्लों में बावड़ी व कुओं का निर्माण कराया था। तीन दशक पहले तक इन बावड़ी व सार्वजनिक कुओं का पानी उपयोग होता रहा है, लेकिन जैसे ही लोगों को सार्वजनिक हैंडपंप से पानी मिलने की सुविधा प्राप्त हुई, वैसे ही लोगों का ध्यान बावड़ी व सार्वजनिक कुओं की ओर से हट गया। नतीजा यह हुआ कि बावड़ी व कुओं की सफाई होना बंद हो गई। कई कुओं पर कब्जा हो गया और उनका नामोनिशान मिट गया। शहर में बीस से पच्चीस कुआं ही ऐसे बचे हैं, जिनमें अभी भी पानी उपलब्ध है। बाकी कई कुआं कचरा से अटे पड़े हैं। करीब डेढ़ दशक पहले जल संस्थान ने बावड़ी व कुओं के पानी से स्थानीय लोगों को पेयजल आपूर्ति की योजना बनाई।
विज्ञापन

इसके तहत रामनगर के कुआं में पंप लगाया गया, इससे पानी की आपूर्ति स्थानीय लोगों को होने लगी लेकिन यह ज्यादा दिन तक नहीं चल पाई। भीषण गर्मी से कुआं का पानी नीचे की ओर सरकने लगा, जिससे उसमें पानी की कमी हो गई। इसके बाद जल संस्थान ने इसकी ओर पलटकर नहीं देखा। कुछ लोगों ने इसका फायदा उठाकर कुआं में लगे पंप व पाइप को उखाड़ डाला। इसी तरह रावरपुरा की बावड़ी से मोहल्ला चौबयाना, रावरपुरा में पानी की आपूर्ति करने के लिए इसकी सफाई की गई और इसमें मोटर फिट कर दी गई। यहां भी दो मोहल्लों के लिए पानी पर्याप्त नहीं पाया गया। कुछ महीनों तक इसमें मोटर लगी रही, इसके बाद यहां लगी मोटर कहां गई, आज भी यह रहस्य बना हुआ। अब एक बार फिर जल संस्थान ने नगर पालिका के साथ रावरपुरा की बावड़ी का उपयोग जलापूर्ति करने की योजना बनाई है। इसमें पंद्रहवें वित्त आयोग की धनराशि लगाई जानी है। विभागीय अफसरों का मानना है कि बावड़ी के पानी से मोहल्ला रैदासपुरा, वंशीपुरा व चौबयाना के कुछ हिस्से में पानी की आपूर्ति होगी, इससे समस्याग्रस्त क्षेत्र में लोगों को पानी मिलने लगेगा लेकिन अब तक योजना फाइल से बाहर नहीं निकल पाई है। ऐसे में लोगों को पेयजल के लिए परेशान होना पड़ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

-----
इन क्षेत्रों में है पेयजल समस्या
शहर के मोहल्ला चौबयाना, मऊठाना, सरदारपुरा, रैदासपुरा, नेहरू नगर, वसुंधरा कॉलोनी सिविल लाइन, आजादपुरा प्रथम में पेयजल की समस्या बनी हुई है।
-----
जलनिगम के पास एक शासनादेश है, जिसमें कुआं व बावड़ी के पानी का प्रयोग जलापूर्ति में प्रतिबंधित है। इस वजह से योजना ठंडे बस्ते में चली गई है।
- संजय निरंजन
अधिशासी अभियंता, जल संस्थान
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed