{"_id":"69ac7768b49474c59e0d48aa","slug":"the-number-of-people-suffering-from-mosquito-borne-diseases-is-increasing-in-hospitals-lalitpur-news-c-131-1-ltp1020-152693-2026-03-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lalitpur News: अस्पतालों में बढ़ रही मच्छरजनित बीमारियों से पीड़ितों की संख्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lalitpur News: अस्पतालों में बढ़ रही मच्छरजनित बीमारियों से पीड़ितों की संख्या
विज्ञापन
बुखार होने पर तत्काल चिकित्सक से करें संपर्क
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। गर्मी बढ़ते ही जनपद में मच्छरों की संख्या बढ़ गई है। इसके साथ ही मेडिकल कॉलेज में मच्छरजनित बीमारियों से पीड़ितों की संख्या में इजाफा हुआ है। वहीं, नगर पालिका के इंतजाम नाकाफी साबित हो रहे हैं।
जिले में तापमान बढ़ने और जगह-जगह पानी जमा होने से मच्छरजनित बीमारियां बढ़ने लगी हैं। मेडिकल कॉलेज सहित निजी चिकित्सालयों में बुखार, डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसे लक्षण वाले मरीजों की संख्या में इजाफा हो रहा है। हालांकि, डेंगू व मलेरिया की जांच में अभी पुष्टि नहीं हो रही है। चिकित्सकों के अनुसार, मौसम में बदलाव और साफ-सफाई की कमी के कारण मच्छरों की संख्या तेजी से बढ़ रही है, जिससे संक्रमण का खतरा भी बढ़ गया है।
मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में रोजाना बुखार से पीड़ित करीब दो से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। कई मरीजों में तेज बुखार, सिर दर्द, बदन दर्द और उल्टी जैसे लक्षण पाए जा रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि समय रहते जांच और उपचार न होने पर स्थिति गंभीर हो सकती है। मेडिकल कॉलेज में तैनात चिकित्सक डॉ. पवन सूद ने बताया कि घर और आसपास कहीं भी पानी जमा न होने दें, क्योंकि यही मच्छरों के पनपने का मुख्य कारण है। रात में सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करें और पूरे शरीर को ढंकने वाले कपड़े पहनें। डॉ. विशाल जैन ने बताया कि तेज बुखार, शरीर दर्द, आंखों के पीछे दर्द या उल्टी जैसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच करानी चाहिए। बिना चिकित्सकीय सलाह के दवा लेने से बचना चाहिए।
विज्ञापन
वर्जन
घरों के आसपास साफ-सफाई रखें। कूलर, टायर, गमले और पानी की टंकियों में पानी जमा न होने दें। यदि किसी व्यक्ति में डेंगू या मलेरिया के लक्षण दिखाई दे तो तुरंत स्वास्थ्य केंद्र में संपर्क करें। समय पर सावधानी और स्वच्छता अपनाकर मच्छरजनित बीमारियों से काफी हद तक बचाव किया जा सकता है। - डॉ. इम्तियाज अहमद, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। गर्मी बढ़ते ही जनपद में मच्छरों की संख्या बढ़ गई है। इसके साथ ही मेडिकल कॉलेज में मच्छरजनित बीमारियों से पीड़ितों की संख्या में इजाफा हुआ है। वहीं, नगर पालिका के इंतजाम नाकाफी साबित हो रहे हैं।
जिले में तापमान बढ़ने और जगह-जगह पानी जमा होने से मच्छरजनित बीमारियां बढ़ने लगी हैं। मेडिकल कॉलेज सहित निजी चिकित्सालयों में बुखार, डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसे लक्षण वाले मरीजों की संख्या में इजाफा हो रहा है। हालांकि, डेंगू व मलेरिया की जांच में अभी पुष्टि नहीं हो रही है। चिकित्सकों के अनुसार, मौसम में बदलाव और साफ-सफाई की कमी के कारण मच्छरों की संख्या तेजी से बढ़ रही है, जिससे संक्रमण का खतरा भी बढ़ गया है।
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में रोजाना बुखार से पीड़ित करीब दो से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। कई मरीजों में तेज बुखार, सिर दर्द, बदन दर्द और उल्टी जैसे लक्षण पाए जा रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि समय रहते जांच और उपचार न होने पर स्थिति गंभीर हो सकती है। मेडिकल कॉलेज में तैनात चिकित्सक डॉ. पवन सूद ने बताया कि घर और आसपास कहीं भी पानी जमा न होने दें, क्योंकि यही मच्छरों के पनपने का मुख्य कारण है। रात में सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करें और पूरे शरीर को ढंकने वाले कपड़े पहनें। डॉ. विशाल जैन ने बताया कि तेज बुखार, शरीर दर्द, आंखों के पीछे दर्द या उल्टी जैसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच करानी चाहिए। बिना चिकित्सकीय सलाह के दवा लेने से बचना चाहिए।
विज्ञापन
वर्जन
घरों के आसपास साफ-सफाई रखें। कूलर, टायर, गमले और पानी की टंकियों में पानी जमा न होने दें। यदि किसी व्यक्ति में डेंगू या मलेरिया के लक्षण दिखाई दे तो तुरंत स्वास्थ्य केंद्र में संपर्क करें। समय पर सावधानी और स्वच्छता अपनाकर मच्छरजनित बीमारियों से काफी हद तक बचाव किया जा सकता है। - डॉ. इम्तियाज अहमद, मुख्य चिकित्सा अधिकारी