ललितपुर। जिला बार एसोसिएशन ने शहर में बढ़ते कोरोना के प्रकोप को देखते हुए छह अप्रैल से नौ अप्रैल यानी तीन दिन तक आवश्यक कार्य को छोड़कर अधिवक्ताओं द्वारा अन्य कार्य नहीं करने का निर्णय लिया गया है, ताकि न्यायालयों में भीड़ एकत्र न हो। प्रस्ताव में बताया गया है कि यह आवश्यक है कि न्यायालयों में कोरोनो के नियमों का पालन करते हुए सिर्फ अति आवश्यक कार्य ही किया जाए, शेष कार्यों को स्थगित किया जाए और साक्ष्य हेतु पेश होने वाले साक्षियों को बिना कोविड जांच रिपोर्ट के न्यायालयों में पेश न किए जाएं। बताया कि न्यायालयों और न्यायालय परिसर व कचहरी परिसर को प्रत्येक दिन सैनेटाइजर की व्यवस्था कराई जाए और न्यायालय के मुख्य गेट पर पुलिस बल तैनात किया जाए, जो किसी भी वादकारी/न्यायालय कर्मचारी एवं अधिवक्ता को तब तक अंदर प्रवेश नहीं करने दें, जब तक वह मास्क लगाकर नहीं आता है। मुख्य चिकित्साधिकारी को भी प्रस्ताव की प्रति भेजी गई और वह न्यायालय परिसर में छह अप्रैल से नौ अप्रैल तक कोरोना वैक्सीन का टीकाकरण का कैंप स्थापित कराएं, जिससे अधिवक्ता कोरोना वैक्सीन के टीके लगवा सकें। प्रस्ताव के दौरान अध्यक्ष ओमप्रकाश घोष, महामंत्री शंकरलाल कुशवाहा, सत्येंद्र श्रीवास्तव, प्रदीप कुमार अगरिया, राजेश कुमार श्रीवास, छोटेलाल कुशवाहा, विवेक श्रीवास्तव, कुलदीप श्रीवास्तव, विजय कुमार सिंह, जमील अहमद उपस्थित रहे।