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बदलते परिवेश में रोजगारपरक शिक्षा की आवश्यकता
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कार्यशाला में मौजूद मुख्य अतिथि व अन्य
- फोटो : LALITPUR
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ललितपुर। पहलवान गुरुदीन महिला महाविद्यालय में आईक्यूएसी की कार्यशाला में प्रवक्ताओं को अनुसंधान व रिसर्च के लिए प्रेरित किया गया। मुख्य अतिथि ने कहा कि बदलते शैक्षणिक परिवेश में रोजगार परक शिक्षा की आवश्यकता है।
कार्यशाला का शुभारंभ संस्थापक डॉ. पारसनाथ यादव ने किया। मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय साइंस एंड टेक्नोलॉजी मेघालय के डॉ. आईएस सूरी ने कहा कि आप अपने अंदर नेतृत्व की क्षमता को विकसित कर समय का सदुपयोग छात्र हित एवं जनहित में कीजिए। उन्होंने सोशल मीडिया पर समय की बर्बादी ना करने का सुझाव दिया। कहा कि आपका व्यक्तित्व ही आपकी पहचान है। अपनी भूमिका का ईमानदारी से निर्वहन करें। उन्होंने प्रवक्तागणों को छात्र-छात्राओं से सकारात्मक संवाद स्थापित करने को कहा।
मेरठ से आई डॉ. मोहिनी मंजरी ने कहा कि अपने मन में नकारात्मकता को कोई स्थान न दें। सोच को सकारात्मक रखें अपनी भूमिका और छवि स्पष्ट रखें तभी आप छात्र हित व संस्थान को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने और नवीन प्रतिमान स्थापित करने में सक्षम होंगे। इस मौके पर प्रशिक्षण महाविद्यालय आईक्यूएसी कोऑर्डिनेटर महेश कुमार, प्राचार्य डॉ. सूफिया, प्रो. अलका यादव, प्रो.याग्निक यादव, प्रो. गंगाराम विश्वकर्मा, प्रो. सतीश कुमार, प्रो. भूपेंद्र पंथ, प्रो. विनोद यादव, प्रो. पुष्पेंद्र, प्रो. गौरव खैर, प्रो. सत्यम द्विवेदी, प्रो. नसीम खान, प्रो. वंदना याज्ञिक, प्रो. समरीन नाज, प्रो.राम लखन यादव, प्रो. प्रकाश नारायण साहू, प्रो. नारायण दास, डॉ कमलेश मौर्य, प्रो. अमितेंद्र सिंह चौहान, प्रो. प्रसन्न कुमार, प्रो. सरिता श्रीवास्तव, प्रो. प्रतिभा, प्रो. प्रीति शुक्ला, प्रो.संध्या नागल, प्रो. रंजना आदि उपस्थित रहे।
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कार्यशाला का शुभारंभ संस्थापक डॉ. पारसनाथ यादव ने किया। मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय साइंस एंड टेक्नोलॉजी मेघालय के डॉ. आईएस सूरी ने कहा कि आप अपने अंदर नेतृत्व की क्षमता को विकसित कर समय का सदुपयोग छात्र हित एवं जनहित में कीजिए। उन्होंने सोशल मीडिया पर समय की बर्बादी ना करने का सुझाव दिया। कहा कि आपका व्यक्तित्व ही आपकी पहचान है। अपनी भूमिका का ईमानदारी से निर्वहन करें। उन्होंने प्रवक्तागणों को छात्र-छात्राओं से सकारात्मक संवाद स्थापित करने को कहा।
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मेरठ से आई डॉ. मोहिनी मंजरी ने कहा कि अपने मन में नकारात्मकता को कोई स्थान न दें। सोच को सकारात्मक रखें अपनी भूमिका और छवि स्पष्ट रखें तभी आप छात्र हित व संस्थान को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने और नवीन प्रतिमान स्थापित करने में सक्षम होंगे। इस मौके पर प्रशिक्षण महाविद्यालय आईक्यूएसी कोऑर्डिनेटर महेश कुमार, प्राचार्य डॉ. सूफिया, प्रो. अलका यादव, प्रो.याग्निक यादव, प्रो. गंगाराम विश्वकर्मा, प्रो. सतीश कुमार, प्रो. भूपेंद्र पंथ, प्रो. विनोद यादव, प्रो. पुष्पेंद्र, प्रो. गौरव खैर, प्रो. सत्यम द्विवेदी, प्रो. नसीम खान, प्रो. वंदना याज्ञिक, प्रो. समरीन नाज, प्रो.राम लखन यादव, प्रो. प्रकाश नारायण साहू, प्रो. नारायण दास, डॉ कमलेश मौर्य, प्रो. अमितेंद्र सिंह चौहान, प्रो. प्रसन्न कुमार, प्रो. सरिता श्रीवास्तव, प्रो. प्रतिभा, प्रो. प्रीति शुक्ला, प्रो.संध्या नागल, प्रो. रंजना आदि उपस्थित रहे।
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