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बांसी, तालबेहट और पूराकलां में 18 घंटे गुल रही बिजली
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कैप्सन - विघुत लाइन को ठीक करते कर्मचारी
- फोटो : TALDEHATE
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तालबेहट। तहसील क्षेत्र के बांसी गांव के निकट शनिवार रात तेज आंधी पानी के बीच पेड़ की एक डाल टूट कर हाईटेंशन लाइन पर गिरी। इस घटना में 66 और 33 केवी की लाइनें व छह खंभे क्षतिग्रस्त हो गए। इस कारण तालबेहट, पूराकलां और बांसी समेत तीन विद्युत उप केंद्रों की बिजली ठप हो गई।
शनिवार रात करीब दस बजे मौसम का मिजाज बिगड़ने के दौरान तेज आंधी और पानी के बीच बांसी गांव में गैस गोदाम के पीछे एक पेड़ की डाल टूटकर तालबेहट आने वाली 66 केवी लाइन पर गिरी तो तारों के खिंचाव से करीब छह खंभे गिर गए और उनके नीचे से निकली 33 केवी लाइन पर जा गिरे। तेज धमाके के साथ लाइनें ध्वस्त हो गई। इससे बांसी, तालबेहट और पूराकलां विद्युत सब स्टेशन की आपूर्ति ठप हो गई। रात में हो रही मूसलाधार बारिश के कारण विभागीय कर्मचारियों को काफी मुश्किल में फॉल्ट मिला। लेकिन बारिश के कारण वहां काम शुरू न हो सका।
रविवार को सुबह लाइन ठीक करने का कार्य शुरू हुआ। तब जाकर शाम चार बजे क्षेत्र की सप्लाई बहाल हो सकी। इस संबंध में विद्युत उपखंड अधिकारी अक्षय विश्वकर्मा ने बताया कि आपूर्ति ठप होने से तीनों उपकेंद्रों के करीब बीस हजार से अधिक उपभोक्ताओं के घरों की बिजली गुल रही। करीब 18 घंटे बाद लाइनें सहीं होने पर सप्लाई बहाल हो सकी। बिजली न होने से करीब 20 हजार उपभोक्ता प्रभावित हुए। लोगों को हैंडपंप और कुआं पर निर्भर रहना पड़ा।
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बीस हजार उपभोक्ता पानी के लिए रहे परेशान
तालबेहट। लगभग दो सप्ताह से नगर की जनता कभी माताटीला फिल्टर हाउस में बिजली न आने, कभी सही वोल्टेज न आने और कभी विद्युत मोटर खराब होने के कारण पेयजल के संकट का सामना करती आ रही है। दो दिन से तो माताटीला से जल आपूर्ति विद्युत के अभाव में पूरी तरह से ठप है। जिसके चलते जनता बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान है। पानी की विकराल समस्या होने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि कोई समस्या के निदान के प्रति ध्यान तक देना उचित नहीं समझ रहे है। नलों से पानी न आने और नगर पंचायत द्वारा इस बार पानी की आपूर्ति के लिए टैंकरों का कोई खास प्रबंध न किए जाने के कारण अधिकांश हैंडपंपों पर लोगों की लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। वहीं, जलस्तर कम होने के कारण अधिकांश हैंडपंप पर्याप्त पानी देने में असफल साबित हो रहे है।
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शनिवार रात करीब दस बजे मौसम का मिजाज बिगड़ने के दौरान तेज आंधी और पानी के बीच बांसी गांव में गैस गोदाम के पीछे एक पेड़ की डाल टूटकर तालबेहट आने वाली 66 केवी लाइन पर गिरी तो तारों के खिंचाव से करीब छह खंभे गिर गए और उनके नीचे से निकली 33 केवी लाइन पर जा गिरे। तेज धमाके के साथ लाइनें ध्वस्त हो गई। इससे बांसी, तालबेहट और पूराकलां विद्युत सब स्टेशन की आपूर्ति ठप हो गई। रात में हो रही मूसलाधार बारिश के कारण विभागीय कर्मचारियों को काफी मुश्किल में फॉल्ट मिला। लेकिन बारिश के कारण वहां काम शुरू न हो सका।
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रविवार को सुबह लाइन ठीक करने का कार्य शुरू हुआ। तब जाकर शाम चार बजे क्षेत्र की सप्लाई बहाल हो सकी। इस संबंध में विद्युत उपखंड अधिकारी अक्षय विश्वकर्मा ने बताया कि आपूर्ति ठप होने से तीनों उपकेंद्रों के करीब बीस हजार से अधिक उपभोक्ताओं के घरों की बिजली गुल रही। करीब 18 घंटे बाद लाइनें सहीं होने पर सप्लाई बहाल हो सकी। बिजली न होने से करीब 20 हजार उपभोक्ता प्रभावित हुए। लोगों को हैंडपंप और कुआं पर निर्भर रहना पड़ा।
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बीस हजार उपभोक्ता पानी के लिए रहे परेशान
तालबेहट। लगभग दो सप्ताह से नगर की जनता कभी माताटीला फिल्टर हाउस में बिजली न आने, कभी सही वोल्टेज न आने और कभी विद्युत मोटर खराब होने के कारण पेयजल के संकट का सामना करती आ रही है। दो दिन से तो माताटीला से जल आपूर्ति विद्युत के अभाव में पूरी तरह से ठप है। जिसके चलते जनता बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान है। पानी की विकराल समस्या होने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि कोई समस्या के निदान के प्रति ध्यान तक देना उचित नहीं समझ रहे है। नलों से पानी न आने और नगर पंचायत द्वारा इस बार पानी की आपूर्ति के लिए टैंकरों का कोई खास प्रबंध न किए जाने के कारण अधिकांश हैंडपंपों पर लोगों की लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। वहीं, जलस्तर कम होने के कारण अधिकांश हैंडपंप पर्याप्त पानी देने में असफल साबित हो रहे है।