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Lalitpur News: कृषि करो या ऋषि बनो भारतीय संस्कृति के लिए आदर्श
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अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। मुनि अविचल सागर महाराज ने कहा कि कृषि करो या ऋषि बनो, आज भी भारतीय संस्कृति के लिए आदर्श है। भगवान ऋषभनाथ ने हजारों वर्षों तक सुखपूर्वक राज किया फिर राज को अपने पुत्रों में विभाजित कर तपस्वी बन गए। सैकड़ों लोगों ने उनका अनुसरण किया। वह आदिनाथ जैन बड़ा मंदिर में धर्मसभा को संबोधित कर रहे थे।
जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर भगवान आदिनाथ का मोक्ष कल्याणक जैन मंदिरों में प्रभावना पूर्वक मनाया गया। श्रावकों ने भगवान आदिनाथ का अभिषेक शांतिधारा के उपरांत विधान किया और निर्वाण लाडू समर्पित किए। मुख्य आयोजन आदिनाथ जैन बड़ा मंदिर में हुआ, जहां मुनि अविचल सागर महाराज ने मूलनायक भगवान के अभिषेक के बाद शांतिधारा की।
बाल ब्रह्मचारी मनोज भैया के मार्गदर्शन में भगवान आदिनाथ विधान कैलाश चंद, कुलदीप जैन ने किया। प्रभु अभिषेक राकेश मोदी डोगरा, सोमचंद ,संजीव जैन, कमलेश चौधरी, प्रवीण जैन, हुकुमचंद जैन, अजय जैन, अखिलेश जैन, सीमित सिंघई ,कुशलचंद जैन परिवार ने किया। आचार्य विद्यासागर पशु अस्पताल एवं मुनि सुधासागर पक्षी अस्पताल के लिए प्रियंका जैन, मीना जैन, साधना जैन, मंजू जैन ने आर्थिक सहयोग किया।
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आदिनाथ जैन मंदिर गांधीनगर में भगवान का मोक्षकल्याणक मनाया गया। सौधर्म इंद्र सुंदर लाल, राजीव कुमार, ईशान इंद्र सनत कुमार अरविंद जैन, महेंद्र प्रकाश चंद्र, सानत इंद्र शिखरचंद, सुवेन्दु जैन ने प्रभु का अभिषेक किया। अभिनंदनोदय तीर्थ क्षेत्रपाल मंदिर सहित अन्य मंदिरों में आदिनाथ भगवान का अभिषेक पूजन के साथ मोक्षकल्याणक हुआ। इस दौरान जैन पंचायत अध्यक्ष डॉ. अक्षय टडैया, महामंत्री आकाश जैन, कोषाध्यक्ष सौरभ जैन, मंदिर प्रबंधक शुवेंदु जैन, जितेंद्र जैन, अक्षय अलया आदि मौजूद रहे।
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ललितपुर। मुनि अविचल सागर महाराज ने कहा कि कृषि करो या ऋषि बनो, आज भी भारतीय संस्कृति के लिए आदर्श है। भगवान ऋषभनाथ ने हजारों वर्षों तक सुखपूर्वक राज किया फिर राज को अपने पुत्रों में विभाजित कर तपस्वी बन गए। सैकड़ों लोगों ने उनका अनुसरण किया। वह आदिनाथ जैन बड़ा मंदिर में धर्मसभा को संबोधित कर रहे थे।
जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर भगवान आदिनाथ का मोक्ष कल्याणक जैन मंदिरों में प्रभावना पूर्वक मनाया गया। श्रावकों ने भगवान आदिनाथ का अभिषेक शांतिधारा के उपरांत विधान किया और निर्वाण लाडू समर्पित किए। मुख्य आयोजन आदिनाथ जैन बड़ा मंदिर में हुआ, जहां मुनि अविचल सागर महाराज ने मूलनायक भगवान के अभिषेक के बाद शांतिधारा की।
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बाल ब्रह्मचारी मनोज भैया के मार्गदर्शन में भगवान आदिनाथ विधान कैलाश चंद, कुलदीप जैन ने किया। प्रभु अभिषेक राकेश मोदी डोगरा, सोमचंद ,संजीव जैन, कमलेश चौधरी, प्रवीण जैन, हुकुमचंद जैन, अजय जैन, अखिलेश जैन, सीमित सिंघई ,कुशलचंद जैन परिवार ने किया। आचार्य विद्यासागर पशु अस्पताल एवं मुनि सुधासागर पक्षी अस्पताल के लिए प्रियंका जैन, मीना जैन, साधना जैन, मंजू जैन ने आर्थिक सहयोग किया।
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आदिनाथ जैन मंदिर गांधीनगर में भगवान का मोक्षकल्याणक मनाया गया। सौधर्म इंद्र सुंदर लाल, राजीव कुमार, ईशान इंद्र सनत कुमार अरविंद जैन, महेंद्र प्रकाश चंद्र, सानत इंद्र शिखरचंद, सुवेन्दु जैन ने प्रभु का अभिषेक किया। अभिनंदनोदय तीर्थ क्षेत्रपाल मंदिर सहित अन्य मंदिरों में आदिनाथ भगवान का अभिषेक पूजन के साथ मोक्षकल्याणक हुआ। इस दौरान जैन पंचायत अध्यक्ष डॉ. अक्षय टडैया, महामंत्री आकाश जैन, कोषाध्यक्ष सौरभ जैन, मंदिर प्रबंधक शुवेंदु जैन, जितेंद्र जैन, अक्षय अलया आदि मौजूद रहे।