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बच्चों के निवाले में भी घालमेल, दो प्रधानाध्यपकों को किया निलंबित

Sat, 07 Oct 2017 01:15 AM IST
Updated Sat, 07 Oct 2017 01:15 AM IST
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बच्चों के निवाले में भी घालमेल, दो प्रधानाध्यपकों को किया निलंबित
मिड-डे मील के नाम पर हो रहा खेल
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ललितपुर।
परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों को एक वक्त का पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने के लिए सरकार द्वारा चलाई जा रही मध्याह्न भोजन योजना को नियमित रूप से संचालित करने की जिम्मेदारी अध्यापकों को सौंपी गई है, लेकिन जनपद के कुछ विद्यालयों में अध्यापकों द्वारा बच्चों के भोजन के नाम पर गोलमाल किया जा रहा है। विगत रोज निरीक्षण के दौरान दो विद्यालयों में यह खेल उजागर भी हुआ है, बीएसए द्वारा दोनों विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को निलंबित कर दिया है।

जनपद के परिषदीय विद्यालयों में बच्चों के लिए संचालित की जा रही मध्याह्न भोजन के संचालन के संबंध में मध्याह्न भोजन योजना के जिला समन्वयक कपिल दुबे द्वारा विगत रोज विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान दो विद्यालयों में काफी अनियमितताएं पाई गई, जिसके चलते जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा दोनों की विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को निलंबित कर दिया गया है। जिला समन्वयक दुबे द्वारा विगत 15 सितंबर को विकासखंड मड़ावरा क्षेत्र के उच्च प्राथमिक विद्यालय गिरार का निरीक्षण किया था। इस दौरान विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक जमील अहमद अवकाश पर पाए गए और यहां तैनात सहायक अध्यापक मो. शाहिद खा भी अनुपस्थित पाए गए, लेकिन जानकारी करने पर पता चलता कि उनकी अस्थाई ड्यूटी अन्य विद्यालय में लगी हुई है। यहां कुल छात्रांकन 234 के सापेक्ष मात्र 50 बच्चे ही उपस्थित पाए गए। जब मध्याह्न भोजन का रजिस्टर देखा गया तो इसके पूर्व दिवसों में 14 सितंबर को 114 बच्चे, 13 सितंबर को 109 बच्चे, 12 सितंबर को 103 बच्चे और 11 सितंबर को 104 बच्चे मध्याह्न भोजन पंजिका में दर्शाए गए थे, जो फर्जी पाया गया। हर रोज एक सैकड़ों से अधिक बच्चे दर्शाए जा रहे थे, तो वास्तविक स्थिति से दो गुना से भी अधिक पाए गए। इसके अलावा नियमानुसार मध्याह्न भोजन का सैंपल भी नहीं पाया गया। बच्चों ने बताया कि मध्याह्न भोजन में केवल आलू व टमाटर का ही प्रयोग किया जा रहा है और उन्होंने बताया कि उन्हें विद्यालय में दूध का वितरण भी नहीं किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान अधिकारी ने पाया कि विद्यालय में बच्चों को दिए जाने वाले भोजन के नाम पर खाद्यान्न और परिवर्तन लागत का दोहन किया जा रहा है और बच्चों के सेहत के साथ ही खिलवाड़ किया जा रहा है। उन्होंने अपनी जांच आख्या जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अंबरीष कुमार के समक्ष रखी, जिसपर गंभीरता दिखाते हुए बीएसए ने प्रभारी प्रधानाध्यापक जमील अहमद को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। वहीं विकासखंड महरौनी क्षेत्र के उच्च प्राथमिक विद्यालय क्योलारी का भी निरीक्षण किया गया। इस दौरान विद्यालय का कुल छात्रांकन 22 के सापेक्ष 13 बच्चे उपस्थित पाए गए। जानकारी करने पर बच्चों ने बताया कि उनके के लिए दूध नहीं दिया जा रहा है और फलों का भी वितरण नहीं होता है। जबकि रजिस्टर में दूध का वितरण किया जाना अंकित था। इसके अलावा भोजन की गुणवत्ता भी मानक के अनुसार नहीं पाई गई। इसके अलावा तहरी में सब्जी नहीं डाली गई थी। निरीक्षण के दौरान प्रधानाध्यापक द्वारा धनराशि का दोहन करना और बच्चों के सेहत के साथ खिलवाड़ करना पाया। जांच आख्या के आधार पर बीएसए ने प्रधानाध्यापक साहब सिंह निरंजन को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
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