फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   धन की कमी से जूझ रही ग्रामीण पेयजल योजनाएं

धन की कमी से जूझ रही ग्रामीण पेयजल योजनाएं

Sun, 26 May 2019 01:12 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Sun, 26 May 2019 01:12 AM IST
विज्ञापन
धन की कमी से जूझ रही ग्रामीण पेयजल योजनाएं
धन की कमी से ‘सूख’ रहीं ग्रामीण पेयजल योजनाएं
विज्ञापन

ललितपुर। जिले की दो दर्जन से अधिक ग्रामीण पेयजल योजनाएं इन दिनों धन की कमी से जूझ रही हैं। आठ परियोजनाएं बंद पड़ी हैं। इसके अलावा दस परियोजनाओं से थोड़ी बहुत जलापूर्ति की जा रही है। इनकी मरम्मत के लिए नौ करोड़ नवासी लाख रुपये मांगे गए हैं, लेकिन धनराशि अब तक उपलब्ध नहीं हो सकी है।
ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को शुद्ध पेयजल मुहैया कराने के लिए 27 पेयजल परियोजनाएं संचालित की हैं। इन परियोजनाओं की लंबे समय से मरम्मत नहीं की गई है। किसी की मोटर खराब है तो किसी की बोरिंग सूख गई है या फिर बोर खिसक गया है। इस कारण आठ परियोजनाएं पूरी तरह बंद हो गई हैं। इनमें ग्राम टीला, रीछपुरा, पटउवा, पड़ना, कोरवास, बम्हौरीखड़ेत, लागौन और सतरवांस शामिल हैं। ग्राम बरौदिया राईन, ककोरिया, बिरारी, कारीटोरन, गिरार, समोगर, सिलावन, रजौरा, पड़ोरिया और सौजना परियोजनाएं पूर्ण क्षमता के साथ जलापूर्ति नहीं कर पा रही हैं। इन परियोजनाओं की या तो पाइप लाइन खराब, क्षतिग्रस्त हैं या फिर टंकी में खराबी आ गई है। इससे पूरे गांव में पानी नहीं पहुंच पा रहा है। इस स्थिति में ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल संकट गहरा रहा है।
विज्ञापन

कई गांवों में हैंडपंप खराब हो गए हैं। कइयों के बोर ड्राई हो गए हैं। ऐसे में ग्राम प्रधानों ने टैंकर से जलापूर्ति आरंभ की है। इस तरह पेयजल संकट को नियंत्रित करने का प्रयास किया जा रहा है। उधर, जिला पंचायत राज अधिकारी श्रवण कुमार सिंह ने खराब परियोजनाओं की मरम्मत का एस्टीमेट तैयार कराया है। उन्होंने पेयजल स्वच्छता मिशन राष्ट्रीय पेयजल कार्यक्रम ग्राम्य विकास विभाग को नौ करोड़ नवासी लाख रुपये उपलब्ध कराने के लिए पत्र लिखा है। ऐसा ही एक पत्र मुख्य विकास अधिकारी वीपी पांडेय ने शासन को लिखा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये हैं ग्रामीण पेयजल परियोजनाएं
जिले के ग्राम बछलापुर, बरौदिया, बिरारी, चंदौरा, गिदवाहा, ककोरिया, कारीटोरन, खितवांस, कोरवास, लागौन, मिर्चवारा, नयागांव, पड़ना, पड़ौरिया, पटउवा, पटसेमरा, रजौरा, रीछपुरा, समोगर, सतरवांस, सौजना, पूराकलां, टीला और बम्होरीखड़ैत परियोजनाएं स्थापित की गई हैं। इन परियोजनाओं को चलाने के लिए ग्राम पंचायतों के पास तकनीकी रूप से दक्ष व्यक्ति उपलब्ध नहीं हैं। इसका विपरीत असर परियोजनाओं के संचालन पर पड़ रहा है। सही तरीके से इनकी देखरेख नहीं हो पा रही है।


सोमवार को खुलेगा टेंडर
शहर के मोहल्ला नेहरू नगर को पेयजल आपूर्ति करने के लिस 46.02 लाख रुपये की नेहरू नगर पेयजल योजना की टेंडर प्रक्रिया चल रही है। डाले गए टेंडर सोमवार को खोले जाएंगे। इसके बाद ही नेहरू नगर पेयजल योजना धरातल पर उतर सकेगी। इस योजना से मोहल्ला चांदमारी, वसुंधरा कालोनी, सदनशाह व नेहरू नगर के लिए जलापूर्ति की जानी है।

शासन से मरम्मत के लिए धनराशि अभी प्राप्त नहीं हुई है। नेहरू नगर पेयजल योजना की टेंडर प्रक्रिया ऑनलाइन चल रही है।
प्रवीण कुट्टी, परियोजना प्रबंधक, जल निगम निर्माण इकाई


ग्राम पंचायतों की पेयजल योजनाओं की मरम्मत के लिए पैसा मांगा गया है। इस संबंध में सीडीओ ने शासन को पत्र लिखा है।
श्रवण कुमार सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed