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तिकुनिया हिंसा कांड : इंस्पेक्टर अनिल सिंह ने दर्ज कराए बयान, जिरह भी पूरी
Wed, 20 May 2026 11:01 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Wed, 20 May 2026 11:01 PM IST
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लखीमपुर। तिकुनिया हिंसा कांड मामले की सुनवाई के दौरान बुधवार को जिला जज शिवकुमार सिंह की अदालत में इंस्पेक्टर अनिल सिंह ने अपने बयान दर्ज कराए। उनसे बचाव पक्ष के लोगों ने जिरह पूरी कर ली। इसके बाद अगले गवाह के रूप में तत्कालीन एसडीएम अखिलेश यादव के बयान दर्ज कराए जाने के लिए अदालत ने 21 मई की तारीख मुकर्रर की है।
तिकुनिया हिंसा कांड मामले में बुधवार को आशीष मिश्र मोनू सहित कई आरोपी अदालत में व्यक्तिगत रूप से हाजिर हुए। अभियोजन पक्ष और वादी के व्यक्तिगत अधिवक्ता ने तलब किए गए गवाहों में से तत्कालीन धौरहरा थाने के इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह को पेश किया। उनकी मुख्य परीक्षा पूरी होने के बाद बचाव पक्ष की ओर से जिरह के दौरान कई बार ध्यान नहीं और याद नहीं रहने की बात भी कही गई, लेकिन वह एसआईटी को दिए गए अपने बयान पर डटे रहे।
तब बचाव पक्ष की ओर से अपनी ओर से सुझाव देकर गवाह की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। घटना नहीं देख पाने की दलील भी दी गई। आरोपियों की ओर से पेश होने वाले वकीलों ने इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह से एक एक कर सभी मसलों पर लंबी जिरह की। इसमें कई महत्वपूर्ण बातें भी सामने आई हैं।
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बयान पूरे होने के बाद अदालत ने अभियोजन सूची के अगले गवाह तत्कालीन एसडीएम अखिलेश यादव के बयान दर्ज कराने के लिए 21 मई की तारीख मुकर्रर की है।
सीतापुर में तैनात इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह ने अवकाश न मिलने की बात कही थी लिहाजा अदालत ने 20 मई तारीख मुकर्रर की थी, साथ ही हिदायत दी कि गवाहों की उपस्थिति शीर्ष प्राथमिकता पर होनी चाहिए।
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तिकुनिया हिंसा कांड मामले में बुधवार को आशीष मिश्र मोनू सहित कई आरोपी अदालत में व्यक्तिगत रूप से हाजिर हुए। अभियोजन पक्ष और वादी के व्यक्तिगत अधिवक्ता ने तलब किए गए गवाहों में से तत्कालीन धौरहरा थाने के इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह को पेश किया। उनकी मुख्य परीक्षा पूरी होने के बाद बचाव पक्ष की ओर से जिरह के दौरान कई बार ध्यान नहीं और याद नहीं रहने की बात भी कही गई, लेकिन वह एसआईटी को दिए गए अपने बयान पर डटे रहे।
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तब बचाव पक्ष की ओर से अपनी ओर से सुझाव देकर गवाह की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। घटना नहीं देख पाने की दलील भी दी गई। आरोपियों की ओर से पेश होने वाले वकीलों ने इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह से एक एक कर सभी मसलों पर लंबी जिरह की। इसमें कई महत्वपूर्ण बातें भी सामने आई हैं।
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बयान पूरे होने के बाद अदालत ने अभियोजन सूची के अगले गवाह तत्कालीन एसडीएम अखिलेश यादव के बयान दर्ज कराने के लिए 21 मई की तारीख मुकर्रर की है।
सीतापुर में तैनात इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह ने अवकाश न मिलने की बात कही थी लिहाजा अदालत ने 20 मई तारीख मुकर्रर की थी, साथ ही हिदायत दी कि गवाहों की उपस्थिति शीर्ष प्राथमिकता पर होनी चाहिए।