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विश्व साइकिल दिवस पर विशेषः किसी को सेहत की फिक्र तो किसी को शौक ने बनाया साइकिलिंग का दीवाना
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साइकिल चलाते युवा।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
खीरी जनपद के युवा भी किसी से पीछे नहीं, 50 से 100 किलोमीटर तक करते हैं राइडिंग
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लखीमपुर खीरी। रोजमर्रा की जिंदगी में मशीन के बढ़ते चलन के बावजूद जनपद वासियों का साइकिल से मोह कम नहीं हुआ है। ग्रामीण पृष्ठभूमि होने के नाते यहां अधिकतर लोग अपनी रोजमर्रा की जरूरतों को साइकिल के जरिये पूरा करते हैं, वहीं लखीमपुर के युवाओं में भी साइकिल के प्रति खासा क्रेज है। साइकिल को संपूर्ण कसरत मानते हुए नौकरी पेशा लोग भी साइकिलिंग के जरिये अपनी सेहत सुधारने में लगे हैं।
साइकिलिंग का शौक रखने वाले शहर के युवाओं ने लखीमपुर साइकिलिंग क्लब बनाया है। इस बैनर तले वह 100-100 किलोमीटर तक की राइडिंग कर चुके हैं। लखीमपुर साइकिलिंग क्लब की शुरुआत करने वाले नवनीत सिंह अजमानी और अजय मिश्रा बताते हैं कि कुछ साल पहले शौक और फिटनेस के मद्देनजर उन्होंने साइकिलिंग की शुरुआत की, लेकिन पिछले साल के लॉकडाउन में उन्होंने अपने शौक को और धार देते हुए दोस्तों को भी इसमें शामिल कर लिया। इसका बाकायदा एक फेसबुक पेज भी है, जिससे करीब 200 लोग जुड़े हुए हैं।
पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट नवनीत बताते हैं कि उनके क्लब में सरकारी कर्मचारी अजय मिश्रा, कारोबारी पीयूष अग्रवाल, शुभम गुप्ता और कपिल श्रीवास्तव समेत फार्मर विक्रम भल्ला और रिटायर्ड ऑफिसर जंग बहादुर सिंह जैसे वरिष्ठ नागरिक भी शामिल हैं।
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लखीमपुर साइकिलिंग क्लब पेज का जिम्मा संभाल रहे सरकारी कर्मचारी अजय मिश्रा बताते हैं कि वह पिछले एक साल से शहर को लोगों को साइकिलिंग और सेहत के प्रति जागरुक करने के लिए यह पेज चला रहे हैं। वह बताते हैं कि फेसबुक पेज से ही साइकिलिस्ट नवनीत सिंह अजमानी, पीयूष अग्रवाल, शुभम गुप्ता जो पहले से ही साइकिलिंग कर रहे थे, इससे जुड़े हैं। बताया कि इस पेज से जुड़ कर वह लखीमपुर के लगभग सभी हिस्सों जैसे ओयल बेहजम, शारदानगर, दाउदपुर में साइकिलिंग कर चुके हैं। पेज से जुड़कर कोई भी हमारे व्हाट्सएप ग्रुप का हिस्सा बन सकता है, जहां पर हम साइकलिंग की गतिविधि का समय और अन्य जानकारियां साझा करते रहते हैं।
साइकिलिंग का शौक रखने वाले शहर के युवाओं ने लखीमपुर साइकिलिंग क्लब बनाया है। इस बैनर तले वह 100-100 किलोमीटर तक की राइडिंग कर चुके हैं। लखीमपुर साइकिलिंग क्लब की शुरुआत करने वाले नवनीत सिंह अजमानी और अजय मिश्रा बताते हैं कि कुछ साल पहले शौक और फिटनेस के मद्देनजर उन्होंने साइकिलिंग की शुरुआत की, लेकिन पिछले साल के लॉकडाउन में उन्होंने अपने शौक को और धार देते हुए दोस्तों को भी इसमें शामिल कर लिया। इसका बाकायदा एक फेसबुक पेज भी है, जिससे करीब 200 लोग जुड़े हुए हैं।
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पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट नवनीत बताते हैं कि उनके क्लब में सरकारी कर्मचारी अजय मिश्रा, कारोबारी पीयूष अग्रवाल, शुभम गुप्ता और कपिल श्रीवास्तव समेत फार्मर विक्रम भल्ला और रिटायर्ड ऑफिसर जंग बहादुर सिंह जैसे वरिष्ठ नागरिक भी शामिल हैं।
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एक दिन में 150 और 10 महीने में किया 3100 किमी का सफर
नवनीत बताते हैं कि सितंबर 2020 में उन्होंने लखनऊ से अटरिया तक कुकरैल व चंद्रिका देवी मंदिर होते हुए 150 किलोमीटर की साइकिल राइडिंग की थी और पिछले 10 महीनों में वह कुल 3100 किलोमीटर की साइकिल राइडिंग कर चुके हैं। वह बताते हैं कि फेसबुक पेज के जरिये साइकिलिंग का शौक रखने वालों को ज्यादा से ज्यादा जोड़ने की कोशिश है।लखीमपुर साइकिलिंग क्लब पेज का जिम्मा संभाल रहे सरकारी कर्मचारी अजय मिश्रा बताते हैं कि वह पिछले एक साल से शहर को लोगों को साइकिलिंग और सेहत के प्रति जागरुक करने के लिए यह पेज चला रहे हैं। वह बताते हैं कि फेसबुक पेज से ही साइकिलिस्ट नवनीत सिंह अजमानी, पीयूष अग्रवाल, शुभम गुप्ता जो पहले से ही साइकिलिंग कर रहे थे, इससे जुड़े हैं। बताया कि इस पेज से जुड़ कर वह लखीमपुर के लगभग सभी हिस्सों जैसे ओयल बेहजम, शारदानगर, दाउदपुर में साइकिलिंग कर चुके हैं। पेज से जुड़कर कोई भी हमारे व्हाट्सएप ग्रुप का हिस्सा बन सकता है, जहां पर हम साइकलिंग की गतिविधि का समय और अन्य जानकारियां साझा करते रहते हैं।
शरीर को फिट रखने के लिए चलाता हूं साइकिल
साइकिल चलाना शरीर के लिए बेहद फायदेमंद है। इससे पूरे शरीर की कसरत हो जाती है, जिससे बीमारियां होने का खतरा कम रहता है। इसलिए दिन में कम से कम दो तीन किलोमीटर साइकिलिंग अवश्य करनी चाहिए।करीब 40 साल से साइकिल चला रहा हूं। घर से करीब एक किलोमीटर अस्पताल रोड पर मेडिकल स्टोर है। साइकिल चलाने की दो वजह है। एक तो इससे पूरे शरीर का व्यायाम हो जाता है, जिससे शरीर फिट रहता है। दूसरे जाम से निजात मिलती है। जहां से साइकिल निकल जाएगी वहां से बाइक आदि का निकलना मुश्किल होता है। - श्याम सुंदर अग्रवाल, मेडिकल स्टोर मालिक
- डॉ. आरएस मधौरिया, फिजीशियन, जिला अस्पताल