फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lakhimpur Kheri News ›   Pratipada Sriramanvmi celebration begins

प्रतिपदा से शुरू होता है श्रीरामनवमी उत्सव

Fri, 20 Mar 2015 07:35 PM IST
गोला गोकर्णनाथ
गोला गोकर्णनाथ Updated Fri, 20 Mar 2015 07:35 PM IST
विज्ञापन
भगवान श्रीरामचंद्र का प्राकट्य अयोध्या में शुक्लपक्ष की नवमी को पुनर्वसु नक्षत्र में पांच ग्रहों के उच्च स्थान में आसीन होने पर हुआ था, किंतु भगवान का प्राकट्य महोत्सव प्रतिपदा से नवमी तक करने का विधान किया गया है।
विज्ञापन

श्रीआनंद रामायण में वर्णन है कि प्रतिपदा से नवमी तक नौ दिन का उपवास कर श्रीरामचंद्र्र जी का पूजन करना परम कल्याणकारी है। नव संवत्सर की प्रतिपदा को घर में सबसे ऊपर वस्त्र पुष्पमाला से सजी ध्वजाएं लगाकर श्रीरामचंद्र जी का पूजन शुरू करना चाहिए। इस दिन घर, देवालय, गोशाला, तुलसी वाटिका आदि में चंदन मिश्रित जल छिड़ककर लाल, नीले, पीले रंग से पत्थर चूर्ण बालू को रंगकर सूखने के बाद सुंदर चौक, कमल, रंगोली बनाएं। उसके ऊपर रंग-बिरंगा, चार दरवाजों वाला मंडप बनाएं, जिसे केले के पेड़ और गन्ने से सजाकर शीशे, घंटे, घंटियां लटका दें। मंडप के ऊपर सुंदर चांदनी लगाकर मोतियों की मालाएं लगाकर साज सज्जाकर सुंदर सिंहासन रखकर श्री रघुनाथजी और माता कौशल्या जी की प्रतिमा स्थापित करें। प्रतिपदा से नवमी तक नित्य दोनों समय श्रीराम और माता कौशल्याजी का पूजन, भोग, आरती, अपनी सामर्थ्य के अनुसार करें और भगवान श्रीराम के सुंदर चरित्र का नित्य पाठ कर वाद्ययंत्रों पर भजन-कीर्तन और नृत्य करें। नवमी के दिन माता कौशल्या सहित श्रीराम का विशेष षोडसोपचार या पंचोपचार पूजन कर पुत्रवान ब्राह्मण और पुत्रवती स्त्रियों का पूजन कर उन्हें वस्त्र अलंकार प्रदान कर भोजन कराएं।
विज्ञापन

चैत्र स्नान, दान, हवन पूजन से मिलता है पुण्य
भगवान श्रीराम के प्राकट्य के समय विश्व में आनंद छा गया था। देवी-देवताओं ने दुन्दुभी बजाकर पुष्प वर्षा की थी। उनकी स्तुतियाें से प्रसन्न होकर श्रीराम ने देवताओं से कहा कि बैशाख से कार्तिक श्रेष्ठ, कार्तिक से माघ, माघ से भी चैत्र मास श्रेष्ठ होगा। चैत्र में किया गया स्नान, दान, हवन करोड़ गुना फल देगा और अयोध्या में तो उससे भी अधिक फल प्रदान करेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

28 को होगा श्रीराम प्राकट्य उत्सव
चीनी मिल स्थित श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर में श्रीराम जन्मोत्सव 28 मार्च को दोपहर 12 बजे होगा। मंदिर के पुजारी पं दयानंद पांडे ने बताया कि भगवान का पूजन, आरती के बाद भंडारे में भक्तों को प्रसाद वितरण किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed